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विकास के विश्वास पर विरोध: कोरबा में नेता प्रतिपक्ष बोले- महापौर की चुनौती स्वीकार, जहां चाहें बहस को तैयार
Sat, 25 Mar 2023 07:35 PM IST
मोहनीश श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोरबा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोरबा
Published by: मोहनीश श्रीवास्तव
Updated Sat, 25 Mar 2023 07:35 PM IST
सार
नेता प्रतिपक्ष हितानंद अग्रवाल ने कहा कि मैं और हमारे भाजपा के 30 पार्षद महापौर की चुनौती स्वीकार करते हैं। विकास कार्यों को लेकर महापौर जहां बहस करने चाहे हम उनसे बहस करने को तैयार हैं।
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हितानंद अग्रवाल, नेता प्रतिपक्ष कोरबा नगर निगम।
- फोटो : संवाद
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विस्तार
छत्तीसगढ़ के कोरबा नगर निगम में विकास के विश्वास को लेकर आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। शहर में विकास कार्य नहीं होने की बात को लेकर भाजपा पार्षदों ने विरोध किया था। इस पर महापौर राजकिशोर प्रसाद ने विपक्षी पार्षदों को चुनौती देते हुए कहा था कि वे बताएं कहां विकास नहीं हुआ है। इस पर नेता प्रतिपक्ष हितानंद अग्रवाल ने मेयर की चुनौती स्वीकार करते हुए कहा है कि वे जहां भी बहस के लिए कहेंगे भाजपा के पार्षद तैयार हैं। महापौर जी को शर्म आनी चाहिए और नैतिकता के आधार पर इस्तीफा देना चाहिए।
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दरअसल, भाजपा पार्षदों ने शुक्रवार को हजारों कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में नगर निगम के मुख्य प्रवेश द्वार पर ताला लगा दिया था। विकास कार्य नहीं होने की बात कहते हुए जमकर प्रदर्शन किया। इसके बाद मेयर ने उनके विरोध को नकार कर विपक्ष के प्रदर्शन पर सवाल खड़े किए थे। अब नेता प्रतिपक्ष हितानंद अग्रवाल ने कहा कि मैं और हमारे भाजपा के 30 पार्षद महापौर की चुनौती स्वीकार करते हैं। विकास कार्यों को लेकर महापौर जहां बहस करने चाहे हम उनसे बहस करने को तैयार हैं।
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अग्रवाल ने कहा कि बहस से ही बचने के लिए पिछले एक साल से महापौर ने सामान्य सभा नहीं होने दी। जबकि नगरीय निकाय अधिनियम के तहत प्रत्येक तीन माह में सामान्य सभा होने का प्रावधान है। कहा कि, महापौर सदन में चर्चा कर नहीं पा रहें है और हमें बहस करने की चुनौती दे रहें हैं जो कि हास्यास्पद है। महापौर कभी निगम में अपने कार्यालय में नहीं बैठेते हैं, जिसके कारण अफसरशाही हावी है। आरोप लगाया कि, विकास कार्यो के नाम पर पैसों का बंदरबांट की जा रही है। ऐसी सड़के बनती है जो हाथों से उखड़ जाती हैं।
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