फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chhattisgarh ›   the husband was sentenced to life imprisonment after killing his wife and setting her room on fire

Korba: फिल्म देखने को लेकर हुआ विवाद बना मौत की वजह, पत्नी की हत्या कर कमरे में लगाई आग; पति को उम्रकैद

Tue, 04 Aug 2026 08:59 PM IST
कोरबा ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा
अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा Published by: कोरबा ब्यूरो Updated Tue, 04 Aug 2026 08:59 PM IST
सार

कोरबा में पत्नी की हत्या कर सबूत मिटाने के लिए कमरे में आग लगाने वाले आरोपी पति को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। जांच में सामने आया कि फिल्म देखने को लेकर हुए विवाद के बाद आरोपी ने वारदात को अंजाम दिया था।
 

विज्ञापन
the husband was sentenced to life imprisonment after killing his wife and setting her room on fire
मृतिका की तस्वीर

विस्तार

कोरबा में पत्नी की हत्या कर सबूत मिटाने के लिए कमरे में आग लगाने वाले आरोपी पति को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। फिल्म देखने जाने की बात पर शुरू हुए विवाद के बाद आरोपी ने पत्नी की दम घोंटकर हत्या की थी और घटना को हादसा दिखाने की कोशिश की थी।
विज्ञापन


जिले में पत्नी की हत्या कर उसे हादसा साबित करने की कोशिश करने वाले आरोपी पति को अदालत ने कड़ी सजा सुनाई है। करीब एक वर्ष तक चली सुनवाई के बाद तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश सुनील कुमार नन्दे की अदालत ने आरोपी अभिनेक कुमार लदेर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही साक्ष्य नष्ट करने के अपराध में भी अलग से कारावास और अर्थदंड लगाया गया है।
विज्ञापन


अभियोजन के अनुसार, आरोपी अभिनेक कुमार लदेर और सुषमा खुसरो के बीच वर्ष 2023 में परिचय हुआ था, जो बाद में प्रेम संबंध में बदल गया। दोनों ने 5 मई 2024 को बिलासपुर के आर्य समाज मंदिर में विवाह किया और कोरबा के गोकुल नगर स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में किराए के मकान में रहने लगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


22 जुलाई 2025 को सुषमा ने पति से निहारिका टॉकीज में फिल्म देखने चलने की बात कही। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ। जांच में सामने आया कि दोपहर के समय आरोपी ने पत्नी के मुंह और नाक को तकिए से दबाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद घटना को आग लगने से हुई मौत का रूप देने के लिए कमरे में कागज और कपड़े इकट्ठा कर आग लगा दी।

वारदात के बाद आरोपी ने स्वयं पुलिस को पत्नी की आकस्मिक मौत की सूचना दी। हालांकि जांच के दौरान उसके बयान बार-बार बदलते रहे, जिससे पुलिस को संदेह हुआ। तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या करना स्वीकार कर लिया।


पुलिस ने मामले में अपराध दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया। न्यायालय ने आरोपी को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत आजीवन कारावास और 100 रुपये अर्थदंड, जबकि धारा 238 के तहत 3 वर्ष के कठोर कारावास एवं 100 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अदालत ने आदेश दिया कि दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी। मामले में शासन की ओर से अतिरिक्त शासकीय अभिभाषक एवं लोक अभियोजक कृष्ण कुमार द्विवेदी ने प्रभावी पैरवी की।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed