सीजी: दही हांडी कार्यक्रम पर टिप्पणी से विवाद, सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर करन साहू के खिलाफ केस दर्ज; जेल भेजा
कवर्धा में दही हांडी कार्यक्रम को लेकर सोशल मीडिया पर कथित भ्रामक टिप्पणी करने के आरोप में इंफ्लुएंसर करन साहू के खिलाफ केस दर्ज हुआ। जांच के दौरान शिकायतकर्ता को धमकाने और हंगामा करने के आरोप में उसे जेल भेज दिया गया।
विस्तार
सोशल मीडिया पर दही हांडी कार्यक्रम को लेकर की गई टिप्पणी से कवर्धा में विवाद खड़ा हो गया। सर्व यादव समाज के खिलाफ कथित भ्रामक टिप्पणी प्रसारित करने के मामले में सिटी कोतवाली पुलिस ने सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर करन साहू (24) के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। वहीं, जांच के दौरान शिकायतकर्ता को कथित तौर पर धमकाने, हंगामा करने और मारपीट पर आमादा होने के आरोप में पुलिस ने उसके खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की। न्यायालय में पेश किए जाने के बाद उसे जेल भेज दिया गया।
पुलिस के मुताबिक, 10 अक्टूबर को सर्व यादव समाज के पदाधिकारी और सदस्य सिटी कोतवाली पहुंचे थे। उन्होंने लिखित शिकायत में बताया कि समाज ने 5 सितंबर 2026 को कवर्धा में दही हांडी कार्यक्रम आयोजित किया था। आरोप है कि करन साहू ने सोशल मीडिया पर कार्यक्रम में शामिल दही हांडी टोली के युवाओं और समाज के अन्य लोगों को लेकर उनके शराब के नशे में कार्यक्रम आयोजित करने संबंधी टिप्पणी प्रसारित की थी। समाज के पदाधिकारियों ने इसे भ्रामक बताते हुए कहा कि इससे समाज की छवि धूमिल हुई है।
गवाहों के सामने भड़का, शिकायतकर्ता को धमकी देने का आरोप
शिकायत के आधार पर पुलिस ने करन साहू के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 299 के तहत जांच शुरू की। पुलिस का कहना है कि 11 अक्टूबर को विवेचना के दौरान आरोपी गवाहों के सामने आक्रोशित हो गया। वह जोर-जोर से चिल्लाने लगा और थाने में शिकायत करने वाले व्यक्ति को देख लेने की धमकी देने लगा। पुलिस ने उसे समझाने का प्रयास किया, लेकिन आरोप है कि उसने दोबारा हंगामा किया और मारपीट पर आमादा हो गया।
शांति व्यवस्था बिगड़ने की आशंका पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, स्थिति बिगड़ने की आशंका को देखते हुए करन साहू के खिलाफ भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 170 के तहत कार्रवाई की गई। इसके बाद धारा 126 और 135(3) के तहत प्रतिबंधात्मक इस्तगाशा तैयार कर उसे न्यायालय में पेश किया गया। न्यायालय ने रविवार देर शाम उसे जेल भेजने का आदेश दिया।
पुलिस ने सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं से अपील की है कि वे किसी भी समाज या समुदाय के संबंध में भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित करने से बचें तथा सामाजिक सौहार्द बनाए रखें।