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छत्तीसगढ़: एक को बचाने नदी में कूदे दो दोस्त, तेज बहाव में तीनों बह गए; दो दिन बाद मिला शव, पीएम के लिए भेजे गए
Sun, 13 Sep 2026 03:53 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, जांजगीर चाम्पा
अमर उजाला नेटवर्क, जांजगीर चाम्पा
Published by: अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 13 Sep 2026 03:53 PM IST
सार
पिकनिक मनाने पहुंचे चौकसे कॉलेज के तीन छात्रों की हसदेव नदी में डूबने से मौत हो गई। पवन पाल का पैर फिसलने के बाद उसे बचाने नदी में कूदे मुरारी साहू और सचिन सिंह भी तेज बहाव में बह गए। रविवार सुबह एसडीआरएफ ने मुरारी और सचिन के शव भी बरामद कर लिए।
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शव को लेजाते SDRF की टीम।
विस्तार
जांजगीर-चांपा जिले के बलौदा थाना क्षेत्र के देवरी गांव में हसदेव नदी में हुए हादसे में लापता चौकसे कॉलेज के तीनों छात्रों के शव बरामद कर लिए गए हैं। मृतकों की पहचान मुरारी साहू, पवन पाल और सचिन सिंह के रूप में हुई है। तीनों बिलासपुर के चौकसे कॉलेज के छात्र बताए जा रहे हैं। बताया गया कि 11 सितंबर को कॉलेज के 8 छात्र-छात्राएं वाहन बुक कर पिकनिक मनाने देवरी गांव पहुंचे थे। इसी दौरान नदी में यह हादसा हो गया।
पवन नदी में बहा तो बचाने कूदे मुरारी और सचिन
जानकारी के अनुसार, 11 सितंबर की दोपहर करीब 1 बजे सभी छात्र-छात्राएं देवरी पहुंचे थे। पिकनिक के दौरान पवन पाल का पैर अचानक नदी में फिसल गया और वह तेज बहाव में बहने लगा। पवन को बचाने के लिए मुरारी साहू और सचिन सिंह भी नदी में कूद गए। हालांकि तेज बहाव के कारण तीनों संभल नहीं सके और नदी में बह गए।
पुलिस और एसडीआरएफ ने शुरू किया सर्च ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलते ही बलौदा पुलिस और नगर सैनिक गोताखोर मौके पर पहुंचे। इसके बाद लापता छात्रों की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। बाद में बिलासपुर SDRF की टीम ने भी अभियान में मोर्चा संभाल लिया। कई घंटे की तलाश के बाद शनिवार को घटनास्थल से करीब 4 किलोमीटर दूर पवन पाल का शव बरामद किया गया। शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया।
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रविवार सुबह मिले मुरारी और सचिन के शव
पवन के बाद मुरारी और सचिन की तलाश लगातार जारी रही। रविवार सुबह बिलासपुर एसडीआरएफ की टीम ने करीब 6:15 बजे मुरारी साहू और 7 बजे सचिन सिंह का शव बरामद कर लिया। बताया गया कि दोनों के शव नदी में पत्थरों के नीचे बने खोखरानुमा हिस्से में फंसे हुए थे। एसडीआरएफ टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद दोनों शवों को बाहर निकाला।
तीनों परिवारों में पसरा मातम
तीनों छात्रों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे। हसदेव नदी में हुए इस हादसे के बाद तीनों छात्रों के परिवारों में मातम पसरा हुआ है। पिकनिक की खुशी कुछ ही देर में परिवारों के लिए जिंदगी भर का दर्द बन गई।
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पवन नदी में बहा तो बचाने कूदे मुरारी और सचिन
जानकारी के अनुसार, 11 सितंबर की दोपहर करीब 1 बजे सभी छात्र-छात्राएं देवरी पहुंचे थे। पिकनिक के दौरान पवन पाल का पैर अचानक नदी में फिसल गया और वह तेज बहाव में बहने लगा। पवन को बचाने के लिए मुरारी साहू और सचिन सिंह भी नदी में कूद गए। हालांकि तेज बहाव के कारण तीनों संभल नहीं सके और नदी में बह गए।
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पुलिस और एसडीआरएफ ने शुरू किया सर्च ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलते ही बलौदा पुलिस और नगर सैनिक गोताखोर मौके पर पहुंचे। इसके बाद लापता छात्रों की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। बाद में बिलासपुर SDRF की टीम ने भी अभियान में मोर्चा संभाल लिया। कई घंटे की तलाश के बाद शनिवार को घटनास्थल से करीब 4 किलोमीटर दूर पवन पाल का शव बरामद किया गया। शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया।
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रविवार सुबह मिले मुरारी और सचिन के शव
पवन के बाद मुरारी और सचिन की तलाश लगातार जारी रही। रविवार सुबह बिलासपुर एसडीआरएफ की टीम ने करीब 6:15 बजे मुरारी साहू और 7 बजे सचिन सिंह का शव बरामद कर लिया। बताया गया कि दोनों के शव नदी में पत्थरों के नीचे बने खोखरानुमा हिस्से में फंसे हुए थे। एसडीआरएफ टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद दोनों शवों को बाहर निकाला।
तीनों परिवारों में पसरा मातम
तीनों छात्रों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे। हसदेव नदी में हुए इस हादसे के बाद तीनों छात्रों के परिवारों में मातम पसरा हुआ है। पिकनिक की खुशी कुछ ही देर में परिवारों के लिए जिंदगी भर का दर्द बन गई।