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Jagdalpur: जनजाति वर्ग के लोग कहते कम, करते अधिक हैं... पूर्व मंत्री बोले- उम्मीद है अच्छे काम करेंगे नए सीएम
Tue, 12 Dec 2023 03:04 PM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, जगदलपुर
अमर उजाला नेटवर्क, जगदलपुर
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 12 Dec 2023 03:04 PM IST
सार
पूर्व केंद्रीय मंत्री अरविंद नेताम ने कहा कि जनजाति वर्ग के लोग कम कहते हैं और करते अधिक हैं। इसी तरह नए मुख्यमंत्री साय भी काम करेंगे। वे जनजाति समाज से होने के कारण समाज के मनोभाव को समझेंगे। नेताम ने बताया कि उन्हें छत्तीसगढ़ के नए मुख्यमंत्री और मंत्रिमंडल के सदस्यों के शपथ ग्रहण समारोह का आमंत्रण मिला है, जिसमें वे शामिल होंगे।
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पूर्व केंद्रीय मंत्री अरविंद नेताम
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ आदिवासी नेता पूर्व केंद्रीय मंत्री और सर्व आदिवासी समाज के प्रदेश अध्यक्ष अरविंद नेताम ने विष्णुदेव साय को छत्तीसगढ़ का मुख्यमंत्री चुने जाने पर बधाई दी है। उन्होंने खास तौर पर देश के केंद्रीय नेतृत्व को बधाई देते हुए कहा है कि जनजाति क्षेत्र से मुख्यमंत्री चुने जाने से वह आदिवासी इलाके की चुनौतियों, परिस्थितियों और मनोभाव को समझेंगे।
उन्होंने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री के रूप में साय जनजाति समाजों से बातचीत कर आदिवासी क्षेत्रों के विकास को नई गति देंगे। नेताम ने कहा कि जनजाति समाज से द्रौपदी मुर्मू का राष्ट्रपति बनना और छत्तीसगढ़ में जनजाति समाज से विष्णुदेव साय को मुख्यमंत्री बनने का अवसर मिलना समाज के लिए बड़ी बात है।
उन्होंने कहा कि जनजाति वर्ग के लोग कम कहते हैं और करते अधिक हैं। इसी तरह नए मुख्यमंत्री साय भी काम करेंगे। वे जनजाति समाज से होने के कारण समाज के मनोभाव को समझेंगे। नेताम ने बताया कि उन्हें छत्तीसगढ़ के नए मुख्यमंत्री और मंत्रिमंडल के सदस्यों के शपथ ग्रहण समारोह का आमंत्रण मिला है, जिसमें वे शामिल होंगे।
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नेताम ने कहा कि आदिवासी इलाके के विकास के लिए उन्हें अन्य क्षेत्रों से अलग देखना आवश्यक है। सामान्य तौर पर विकास को औद्योगीकरण से मापा जाता है। अवधारणा है कि औद्योगीकरण होगा तो विकास होगा। उन्होंने कहा कि औद्योगीकरण आवश्यक है, लेकिन प्राकृतिक संसाधनों का विनाश नहीं किया जाना चाहिए।
उन्होंने उम्मीद जताई कि नए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जनजाति समाज की भावना को गहराई से समझेंगे और उनसे बातचीत कर आदिवासी क्षेत्रों के लिए विकास की नई राह गढे़ंगे। नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ़ में पिछले वर्षों में जनजाति समाज के विकास को लेकर उनका अनुभव अच्छा नहीं रहा। सरकार और जनजाति समाज के बीच संवादहीनता रही है। विष्णुदेव साय के मुख्यमंत्री बनने से उम्मीद है कि यह संवादहीनता खत्म होगी।
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उन्होंने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री के रूप में साय जनजाति समाजों से बातचीत कर आदिवासी क्षेत्रों के विकास को नई गति देंगे। नेताम ने कहा कि जनजाति समाज से द्रौपदी मुर्मू का राष्ट्रपति बनना और छत्तीसगढ़ में जनजाति समाज से विष्णुदेव साय को मुख्यमंत्री बनने का अवसर मिलना समाज के लिए बड़ी बात है।
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उन्होंने कहा कि जनजाति वर्ग के लोग कम कहते हैं और करते अधिक हैं। इसी तरह नए मुख्यमंत्री साय भी काम करेंगे। वे जनजाति समाज से होने के कारण समाज के मनोभाव को समझेंगे। नेताम ने बताया कि उन्हें छत्तीसगढ़ के नए मुख्यमंत्री और मंत्रिमंडल के सदस्यों के शपथ ग्रहण समारोह का आमंत्रण मिला है, जिसमें वे शामिल होंगे।
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नेताम ने कहा कि आदिवासी इलाके के विकास के लिए उन्हें अन्य क्षेत्रों से अलग देखना आवश्यक है। सामान्य तौर पर विकास को औद्योगीकरण से मापा जाता है। अवधारणा है कि औद्योगीकरण होगा तो विकास होगा। उन्होंने कहा कि औद्योगीकरण आवश्यक है, लेकिन प्राकृतिक संसाधनों का विनाश नहीं किया जाना चाहिए।
उन्होंने उम्मीद जताई कि नए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जनजाति समाज की भावना को गहराई से समझेंगे और उनसे बातचीत कर आदिवासी क्षेत्रों के लिए विकास की नई राह गढे़ंगे। नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ़ में पिछले वर्षों में जनजाति समाज के विकास को लेकर उनका अनुभव अच्छा नहीं रहा। सरकार और जनजाति समाज के बीच संवादहीनता रही है। विष्णुदेव साय के मुख्यमंत्री बनने से उम्मीद है कि यह संवादहीनता खत्म होगी।