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छत्तीसगढ़: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय बोले- हिड़मा जैसे कुख्यात नक्सली को आदर्श मानने वाले ही दिमागी नक्सली

Tue, 01 Sep 2026 12:46 PM IST
अमन कोशले अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर Published by: अमन कोशले Updated Tue, 01 Sep 2026 12:46 PM IST
सार

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि नक्सलवाद के समर्थन में बात करने वाले और कुख्यात नक्सली हिड़मा, जिसने सैकड़ों निर्दोषों की हत्या की उसे आदर्श मानने वाले ही दिमागी नक्सली हैं।

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CM Sai said – only those who consider notorious Naxalites like Hidma as their ideal are mentally Naxalites
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि नक्सलवाद के समर्थन में बात करने वाले और कुख्यात नक्सली हिड़मा, जिसने सैकड़ों निर्दोषों की हत्या की उसे आदर्श मानने वाले ही दिमागी नक्सली हैं। उन्होंने कहा कि बंदूक और हिंसा के जरिए निर्दोष लोगों की जान लेने वाला व्यक्ति किसी भी समाज का नायक नहीं हो सकता।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ लंबे समय तक नक्सली हिंसा का दंश झेलता रहा है। इस दौरान बस्तर के हजारों परिवारों ने अपनों को खोया और विकास की रफ्तार भी प्रभावित हुई। ऐसे में हिंसा के लिए जिम्मेदार लोगों का गुणगान करना उन परिवारों के दर्द और शहीद जवानों के बलिदान को नजरअंदाज करने जैसा है।
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उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी बात रखने और असहमति व्यक्त करने का अधिकार है, लेकिन हिंसा को सही ठहराना या निर्दोष लोगों की हत्या करने वालों को नायक के तौर पर पेश करना स्वीकार नहीं किया जा सकता। मुख्यमंत्री के मुताबिक नक्सलवाद की चुनौती सिर्फ जंगलों और हथियारों तक सीमित नहीं है, बल्कि हिंसक विचारधारा को बढ़ावा देने वाली मानसिकता भी उतनी ही गंभीर समस्या है।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई केवल सुरक्षा बलों की लड़ाई नहीं रही, बल्कि यह बस्तर के भविष्य और वहां के लोगों के अधिकारों की रक्षा की लड़ाई भी रही है। जवानों के बलिदान और स्थानीय नागरिकों के सहयोग से हालात बदल रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब समाज की जिम्मेदारी है कि हिंसा और आतंक को किसी भी रूप में महिमामंडित न किया जाए। बस्तर की पहचान अब नक्सली हिंसा से नहीं, बल्कि शांति, शिक्षा, विकास, पर्यटन और रोजगार के अवसरों से होनी चाहिए।
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