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जशपुर के 79 हजार से ज्यादा श्रमिकों को सीधा लाभ: सीएम साय ने खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर किए 27.15 करोड़
Sat, 28 Mar 2026 10:56 PM IST
Lalit Kumar Singh
अमर उजाला नेटवर्क, जशपुर
अमर उजाला नेटवर्क, जशपुर
Published by: Lalit Kumar Singh
Updated Sat, 28 Mar 2026 10:56 PM IST
सार
CG News: छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णुदेव साय ने आज जशपुर में आयोजित जिला स्तरीय श्रमिक सम्मेलन में 79,340 निर्माण श्रमिकों एवं उनके परिजनों को 27.15 करोड़ रुपए की राशि प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) के माध्यम से सीधे उनके बैंक खातों में अंतरित की।
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सीएम साय ने श्रमिकों के खाते में ट्रांसफर किए 27.15 करोड़
- फोटो : Amar ujala digital
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विस्तार
CG News: छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णुदेव साय ने आज जशपुर में आयोजित जिला स्तरीय श्रमिक सम्मेलन में 79,340 निर्माण श्रमिकों एवं उनके परिजनों को 27.15 करोड़ रुपए की राशि प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) के माध्यम से सीधे उनके बैंक खातों में अंतरित की।
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मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के बावजूद छत्तीसगढ़ में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी गैस की उपलब्धता को लेकर किसी भी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत अपनी ईंधन आवश्यकताओं के लिए आयात पर निर्भर है, लेकिन केंद्र सरकार की प्रभावी विदेश नीति और विभिन्न देशों के साथ मजबूत संबंधों के कारण आपूर्ति पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ेगा।
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कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री साय ने श्रमिकों के कल्याण के लिए राज्य और केंद्र सरकार द्वारा संचालित 12 विभिन्न योजनाओं का विस्तार से उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पंजीकृत श्रमिकों को बच्चे के जन्म पर 20 हजार रुपए की सहायता राशि दी जाती है। इसके अलावा मकान निर्माण के लिए 1.5 लाख रुपए तक की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है। श्रमिकों को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए ई-रिक्शा खरीदने में भी सहायता दी जा रही है, जिसे पहले 1 लाख रुपए से बढ़ाकर 1.5 लाख रुपए कर दिया गया है।
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श्रमिक के बच्चों को मिल रहा लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में भी सरकार ने महत्वपूर्ण पहल की है। यदि किसी श्रमिक का बच्चा 10वीं या 12वीं बोर्ड परीक्षा में टॉप-10 में स्थान प्राप्त करता है, तो उसे 2 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाती है। इसके साथ ही मेधावी बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए पहले 100 बच्चों को निजी स्कूलों में पढ़ाया जाता था, जिसे अब बढ़ाकर 200 सीट कर दिया गया है।
दीनदयाल भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना
सीएम ने बताया कि भूमिहीन कृषि मजदूरों के लिए “दीनदयाल भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना” संचालित की जा रही है, जिसके तहत ऐसे मजदूरों को सालाना 10 हजार रुपए की सहायता राशि प्रदान की जाती है। उन्होंने जानकारी दी कि हाल ही में लाखों भूमिहीन मजदूरों के खातों में लगभग 495 करोड़ रुपए से अधिक की राशि सीधे हस्तांतरित की गई है।
जन-धन खातों के माध्यम से ट्रांसफर
जनधन खातों के माध्यम से अब योजनाओं का लाभ सीधे हितग्राहियों तक पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि पहले भेजी गई राशि का बड़ा हिस्सा बीच में ही खत्म हो जाता था, लेकिन अब पूरी राशि सीधे लाभार्थियों तक पहुंच रही है, जिससे पारदर्शिता और विश्वास दोनों मजबूत हुए हैं।
न्यूनतम पेंशन राशि को बढ़ाकर 1000 रुपए किया
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रोविडेंट फंड (PF) प्रणाली को यूनिवर्सल बनाया गया है, जिससे श्रमिक देश के किसी भी हिस्से में काम करने पर अपना पीएफ लाभ जारी रख सकते हैं। इसके अलावा न्यूनतम पेंशन राशि को बढ़ाकर 1000 रुपए किया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि ईएसआईसी अस्पतालों के माध्यम से पंजीकृत श्रमिकों को बेहतर और निःशुल्क इलाज की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
श्रमिकों को मिल रहा ये लाभ
श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर पूरे प्रदेश में श्रमिक सम्मेलनों का आयोजन किया जा रहा है, ताकि श्रमिकों तक योजनाओं की जानकारी पहुंचे और उन्हें अधिकतम लाभ मिल सके। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार की ओर से श्रमिकों को प्रसूति सहायता के रूप में 20 हजार रुपए, मकान निर्माण के लिए आर्थिक सहायता, छात्रवृत्ति सहित कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इसके साथ ही 10वीं और 12वीं में टॉप-10 में आने वाले श्रमिकों के बच्चों को 2 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। उन्होंने कहा कि पिछले सवा दो वर्षों में 800 करोड़ रुपए से अधिक की राशि श्रमिकों के खातों में डीबीटी के माध्यम से सीधे ट्रांसफर की गई है।
“अटल शिक्षा योजना” के तहत मिल रहा ये लाभ
इसके अलावा “अटल शिक्षा योजना” के तहत श्रमिकों के बच्चों को निजी स्कूलों में पढ़ाई की सुविधा दी जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि श्रमिकों को योजनाओं का पूरा लाभ मिले और उनके जीवन स्तर में सुधार हो। छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अध्यक्ष डॉ. रामप्रताप सिंह ने भी राज्य सरकार द्वारा श्रमिकों के हित में संचालित योजनाओं की जानकारी देते हुए श्रमिकों से इनका अधिकाधिक लाभ उठाने की अपील की।