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दो हजार करोड़ का शराब घोटाला: छत्तीसगढ़ के पूर्व आईएएस टुटेजा को नहीं मिली राहत, कोर्ट ने सुनाया ये फैसला

Fri, 11 Oct 2024 01:33 PM IST
ललित कुमार सिंह अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर
अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर Published by: ललित कुमार सिंह Updated Fri, 11 Oct 2024 01:33 PM IST
सार

Chhattisgarh Liquor Scam: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने छत्तीसगढ़ में हुए दो हजार करोड़ रुपये के शराब घोटाले मामले में प्रदेश के पूर्व आईएएस ऑफिसर अनिल टुटेजा, अनवर ढेबर और अन्य दो आरोपी के खिलाफ यूपी में दर्ज मुकदमे की कार्यवाही को रद्द करने से इंकार कर दिया है।

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CG liquor scam: Chhattisgarh Former IAS officer anil Tuteja get no relief, court gave this decision
इलाहाबाद हाईकोर्ट, पूर्व आईएएस ऑफिसर अनिल टुटेजा - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

Chhattisgarh Liquor Scam: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने छत्तीसगढ़ में हुए दो हजार करोड़ रुपये के शराब घोटाले मामले में प्रदेश के पूर्व आईएएस ऑफिसर अनिल टुटेजा, अनवर ढेबर और अन्य दो आरोपी के खिलाफ यूपी में दर्ज मुकदमे की कार्यवाही को रद्द करने से इंकार कर दिया है। कोर्ट ने टुटेजा और अन्य की याचिका पर अपना फैसला सुनाया है।
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हाईकोर्ट ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने संबंधित मामले में धन शोधन का केस रद्द कर दिया है, तो यूपी में शुरू की गई आपराधिक कार्रवाई जारी रहेगी। टुटेजा और अन्य पर यूपी में दर्ज मुकदमा छत्तीसगढ़ के दो हजार करोड रुपए के शराब सिंडिकेट रैकेट के संचालन के आरोपों से जुड़ा है। ईडी ने 4 जुलाई 2023 को इस मामले में मनी लॉडिंग का केस दर्ज किया था। ईडी को जांच में नोएडा की एक कंपनी के बारे में जानकारी मिली है, जो छत्तीसगढ़ के आबकारी विभाग को होलोग्राम की आपूर्ति के लिए अवैध रूप से निविदायें दे रही थी। 
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जानें क्या था मामला
ईडी की रिपोर्ट के आधार पर यूपी में 30 जुलाई 2023 को अनिल टुटेजा और अन्य पर थाना कासना, ग्रेटर नोयडा में मुकदमा दर्ज किया गया था। 8 अप्रैल 2024 को सुप्रीम कोर्ट ने ईडी की जुलाई 2023 की धन शोधन शिकायत को इस आधार पर खारिज कर दिया कि इसमें कोई पूर्व निर्धारित अपराध नहीं था। इसके बाद मामले में चार आरोपियों यानी अनिल टुटेजा, अनवर ढेबर, अरुणपति त्रिपाठी और निरंजन दास ने यूपी पुलिस की एफआईआर को रद्द करने के लिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। 
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