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Bilaspur: पुलिस के खिलाफ भाजपा ने किया प्रदर्शन, कहा- जिन्होंने चक्कामजाम नहीं किया, उन पर हो रही कार्रवाई
Mon, 20 Mar 2023 08:56 PM IST
मोहनीश श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिलासपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिलासपुर
Published by: मोहनीश श्रीवास्तव
Updated Mon, 20 Mar 2023 08:56 PM IST
सार
भाजपा नेता हर्षिता पांडे ने कहा कि राजनीतिक और निजी द्वेष के कारण कुछ लोगों को बेवजह टारगेट किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस भेदभाव पूर्ण नीति अपना रही है। तखतपुर विधायक और उनके लोगों के खिलाफ मारपीट के बाद आज तक एफआईआर नहीं हुई।
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भाजपा नेता हर्षिता पांडे।
- फोटो : संवाद
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विस्तार
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में सोमवार को भाजपा ने पुलिस पर प्रताड़ना का आरोप लगाकर प्रदर्शन किया। इस दौरान महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष हर्षिता पांडे के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एसपी दफ्तर पहुंचे और विरोध दर्ज कराया। पुलिस पर पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की बात कही। कहा कि जेल में हुई मौत मामले में हुए प्रदर्शन में जो लोग शामिल नहीं थे, पुलिस उन पर भी कार्रवाई कर रही है। उन्होंने एसपी को ज्ञापन भी सौंपा है।
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दरअसल, कोटा के गनियारी में रहने वाले उमेंद वर्मा की सेंट्रल जेल बिलासपुर में तबीयत बिगड़ी, और इलाज के दौरान मौत हो गई थी। इसके बाद 13 फरवरी को सकरी कोटा मुख्य मार्ग पर ग्राम गनियारी पास सड़क पर शव रखकर लोगों ने प्रदर्शन किया था। पुलिस ने इस मामले में सोनू वर्मा, पवन वर्मा, विक्की वर्मा, रंजीत वर्मा, चमरा वर्मा सहित 11 लोगों को नोटिस जारी किया और थाने बुलाया है। आरोप है कि पुलिस इन लोगों को थाने बुलाकर प्रताड़ित कर रही है।
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हर्षिता पांडे ने कहा कि राजनीतिक और निजी द्वेष के कारण कुछ लोगों को बेवजह टारगेट किया जा रहा है। इससे पहले भी भारतीय जनता पार्टी के आंदोलन के बाद पुलिस ने छोटे कार्यकर्ताओं पर मानसिक दबाव बनाने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। अब कोटा पुलिस चक्का जाम करने वालों को भी इसी तरह से प्रताड़ित कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस भेदभाव पूर्ण नीति अपना रही है। तखतपुर विधायक और उनके लोगों के खिलाफ मारपीट के बाद आज तक एफआईआर नहीं हुई।
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