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Bilaspur: हाथ में रिमोट लेकर मोदी सरकार पर बरसे राहुल गांधी, पुराने वादों को किया याद
Mon, 25 Sep 2023 11:00 PM IST
अनुज कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, बिलासपुर
अमर उजाला नेटवर्क, बिलासपुर
Published by: अनुज कुमार
Updated Mon, 25 Sep 2023 11:00 PM IST
सार
राहुल गांधी ने भाषण में कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी रिमोट कंट्रोल का बटन दबाते हैं तो अडानी को मुंबई एयरपोर्ट, रेलवे का कॉन्ट्रैक्ट मिल जाता है।
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राहुल गांधी
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
बीते दो दिनों से राहुल गांधी के आगमन को लेकर गहमागहमी मची हुई थी। कोई कहे कि राहुल आकाशमार्ग से आ रहे हैं तो किसी ने कहा नहीं-नहीं वो सड़क मार्ग से ही आएंगे। मीडिया जगत में तो और ज्यादा बेचैनी बढ़ी हुई थी। आखिरकार आज राहुल गांधी सड़क मार्ग से बिलासपुर पहुंचे और तखतपुर विधानसभा क्षेत्र के सकरी स्थित परसदा मैदान में एक विशाल सम्मेलन को संबोधित किया।
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एक मंच पर तीन बड़े नेता
अब जब राहुल गांधी खुद रायपुर से सड़क मार्ग के जरिए बिलासपुर पहुंचे तो सीएम भूपेश बघेल भी सड़क मार्ग से ही आए। इसमें आश्चर्य वाली कोई बात भी नहीं है। आवास न्याय योजना सम्मेलन में शिरकत करने पहुंचे राहुल का आतिशी स्वागत हुआ। हमारी पैनी नजर मंच पर विराजे राहुल गांधी पर बनी हुई थी। राहुल के ठीक बगल में कुमारी शैलजा बैठी हुई थीं और दूसरी ओर सूबे के मुखिया यानी सीएम भूपेश बघेल थे।
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एक बात जो बारबार मंच पर बैठे राहुल गांधी में देखने को मिला। वो अपने इर्दगिर्द बैठे नेताओं से कुछ ना कुछ चर्चा कर रहे थे। हम तो दूर से ही उन्हें निहार रहे थे। लेकिन दूर से ही ऐसा लग रहा था कि वो बातचीत के क्रम में या तो कुछ जानने की कोशिश कर रहे थे या फिर बारबार कुछ निर्देश दे रहे थे। मंचासीन विशिष्ट नेताओं के सामान्य हावभाव से राहुल का बॉडी लैंग्वेज कुछ हटके था, जो हमें आकर्षित कर रहा था।
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ऐसा लग रहा था कि वो मंच पर अपनी विशिष्टता को ओढ़कर नहीं बल्कि साधारण जिज्ञासु बनकर पहुंचे हुए हैं। अब आई भाषण की बारी। राहुल गांधी का भाषण भी शॉर्ट एंड स्वीट था। राहुल के भाषण में जय और जिंदाबाद की औपचारिकता ना के बराबर थी। अपने भाषण में राहुल ने सबसे पहले अपने पुराने किये गए वादे और उसको पूरा करने की बात दोहराई।
मोदी सरकार पर राहुल का तंज
फिर राहुल ने आवास न्याय योजना के तहत हितग्राहियों तक मनी ट्रांसफर के मर्म को भी समझाया। राहुल ने चुटीले अंदाज में मोदी सरकार के रिमोट कंट्रोल को भी बताया। राहुल गांधी ने भाषण में कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी रिमोट कंट्रोल का बटन दबाते हैं तो अडानी को मुंबई एयरपोर्ट, रेलवे का कॉन्ट्रैक्ट मिल जाता है। आगे कहा कि हम बटन दबाते हैं तो किसान को खाते में पैसा मिलता है। अंग्रेजी स्कूल खुलते हैं। इस भाषण के दौरान उन्होंने सीधे तौर पर आवाम से वोट नहीं मांग रहे थे। लेकिन आगे उनकी पार्टी का साथ छत्तीसगढ़ की जनता क्यों दे, वो यह समझाते नजर आ रहे थे।
आगे कहा कि जनता को अपनी ओर आकर्षित करने का यह मैच्योर्ड और इनडाइरेक्ट अप्रोच है। राहुल ने अपने संक्षिप्त भाषण में जातिगत जनगणना के जरूरत को भी बखूबी समझाया। इसे करवाने की मंशा को बताते हुए मोदी सरकार के नियत पर भी सवाल उठाया। चुनावी साल में जातिगत जनगणना की बात छेड़ने के पहल को भी दूर की सोच मानी जा सकती है। अब राहुल का भाषण खत्म हो चुका था।
राहुल गांधी के प्रस्थान को लेकर सड़क मार्ग का अनुमान लगाया जा रहा था। लेकिन एकबार फिर राहुल ने लगाए जा रहे अनुमान को ठेंगा दिखा दिया। इस बार वो ट्रेन से स्लीपर क्लास में रायपुर के लिए रवाना हुए। साथ में सीएम भूपेश बघेल भी थे। मैं फिर दोबारा कहूंगा कि इसमें कोई आश्चर्य वाली बात नहीं है। राहुल यहां भी आगे निकल गए। वो प्रदेश में लगातार रद्द हो रही ट्रेनों के तकलीफ को खूब समझ रहे होंगे। सम्भवतः उन्होंने साधारण लोगों के बीच जाकर ट्रेन के सफर को इसलिए चुना ताकि जनता के सेंटिमेंट से वो सीधे कनेक्ट हो सकें।