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Bijapur: कोत्तुर में अज्ञात बीमारी से 2 की मौत, इलाज के लिए तेलंगाना जा रहे ग्रामीण, अस्पताल में भर्ती 20 मरीज

Sun, 21 Apr 2024 06:31 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला नेटवर्क, बीजापुर
अमर उजाला नेटवर्क, बीजापुर Published by: Digvijay Singh Updated Sun, 21 Apr 2024 06:31 PM IST
सार

बीजापुर जिला मुख्यालय से करीब 85 किमी दूर नेशनल हाइवे पर बसे तारलागुडा के कोत्तूर गांव में इन दिनों बुखार हाथ पैर में दर्द की शिकायत से पूरा गांव ग्रस्त है। यहां इस शिकायत के मरीजों की संख्या काफी बढ़ गई है।

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2 died due to unknown disease in Kottur villagers going to Telangana for treatment in Bijapur
अस्पताल में भर्ती मरीज - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बीजापुर जिला मुख्यालय से करीब 85 किमी दूर नेशनल हाइवे पर बसे तारलागुडा के कोत्तूर गांव में इन दिनों बुखार हाथ पैर में दर्द की शिकायत से पूरा गांव ग्रस्त है। यहां इस शिकायत के मरीजों की संख्या काफी बढ़ गई है। बुखार हाथ पैर दर्द से पीड़ित मरीज नहीं उठ पा रहे हैं। लगातार यह तकलीफ बढ़ती जा रही है।गांव के कई ग्रामीण इस समस्या से घिरे हुए हैं। इस बीमारी के चलते एक हफ्ते में दो ग्रामीणों की मौत हो चुकी हैं। ग्रामीणों की मौत के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि एक के बाद एक को यह समस्या आ रही है।पहले हाथ पैर दर्द उसके बाद तेजी से बुखार जकड़ ले रहा है। पीड़ित ग्रामीणों का कहना है कि वे इलाज के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जा रहे है लेकिन कोई खास उपचार नही मिल पा रहा है। 

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पिछले पंद्रह दिनों से यह शिकायत है, धीरे-धीरे पूरा गांव इसकी चपेट में है। इस अज्ञात बीमारी के चलते गांव में दहशत का माहौल बना हुआ हैं। वही ग्रामीणों का आरोप है कि अस्पताल में स्टॉप भी मरीजों को सहयोग नही कर रहा है। वही स्टॉप का मरीजो के प्रति रवैया भी ठीक नही है। बीमारी से ग्रषित ग्रामीण रोजाना अस्पातल पहुँच रहे है।

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अज्ञात बीमारी से एक हफ्ते में दो ग्रामीणों ने तोड़ा दम

एक हफ्ते में अज्ञात बीमारी से दो ग्रामीणों की मौत हो चुकी है। जिनमें  20 वर्ष की छात्रा रजनी यालम को दो दिन पहले बुखार आया था। उसका इलाज तारलागुडा के उपस्वस्थ्य केंद्र में चला था उसके बाद भोपालपटनम लाया गया। यह से बीजापुर फिर तेलंगाना एमजीएम वारंगल ले जाया गया। उपचार के दौरान मंगलवार को उसने दम तोड़ दिया। वही गांव के अधेड़ उम्र के मुत्तेराव देवर चार दिन से बुखार व हाथ पैर में दर्द से जूझ रहे थे रविवार को उनकी मौत हो गई।कोत्तूर में एक सप्ताह में दो मौत के बाद मातम पसरा हुआ है।

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औपचारिकता निभाकर लौटी स्वास्थ्य विभाग की टीम

ग्रामीण बुखार हाथ पैर में दर्द की शिकायत से जूझ रहे है। इसकी जानकारी तीन दिन पहले स्वास्थ्य विभाग को मिली। सूचना मिलते ही बीएमओ द्वारा ब्लाक मुख्यालय से टीम तैयार कर भेजा गया था। विभाग की टीम ने ग्रामीणों के ब्लड सेम्पल कि जांच की है। उसमे उन्हें कुछ पता नही चला स्वास्थ्य विभाग ने बुखार और दर्द की गोलियां बाटकर वापस लौटी है। 


इलाज के लिए तेलंगाना जा रहे मरीज

मरीजों की तबीयत बिगड़ने से वे तेलंगना का रुख कर रहे है। तारलागुडा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पूर्ण सुविधाएं उपलब्ध नही है। फिर भी वह रोजाना 8-10 मरीज एडमिड हो रहे है। रोजाना इस बीमारी  25 से 30 मरीज ओपीडी में आ रहे है। जिनका इलाज किया जा रहा है। ज्यादा तकलीफ वाले ग्रामीण तेलंगाना जाकर इलाज करवा रहे है।


तारलागुडा अस्पताल में अज्ञात बीमारी के लक्षण वाले एडमिट हैं मरीज

तारलागुड़ा अस्पताल में अज्ञात बीमारी के लक्षण वाले मरीज रोजाना पहुँच रहे हैं। शनिवार को किष्ठाबाई दुर्गम, मेघना यालम, यमुना, अंकुश वासम, जरना यालम, रोहणी यालम, बीआर पाठक, इकनेश एक्का, एडमिड रहे है। वही मतदान के दिन शुक्रवार को अमसा वासम, सुप्रिया यालम, समीरा यालम, पदमा यालम, रामबाबू देवर, नम्रता जव्वा, रवना टिंग्गे, विश्वजीत यालम, आरगेल तिपली, आरगेल सतीश एडमिड रहे है।


डेंगू का एक व टाइफाइड के दो मरीज मिले

कोत्तूर गांव का एक ग्रामीण डेंगू पॉजिटिव आया है, उसका इलाज तेलंगाना के किसी निजी अस्पताल में चल रहा था,वही इस गांव में कुरसम अमर, विश्वजीत यालम, टाइफाइड पॉजिटिव आए है। इनका इलाज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में चल रहा है।


क्या कहते हैं अधिकारी
भोपालपटनम के खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. चलपति राव ने बताया कि  कोत्तूर गांव का डोर-टू-डोर सर्वे करवाया गया है। 125 घरों का सर्वे कर 477 लोगो की जांच की गई है। वही 34 लोगो का सेंपल डेंगू टेस्ट के लिए मेडिकल कालेज जगदलपुर भेजा गया है। बीएमओ ने वाइरल फीवर या चिकन गुनिया होने की आशंका व्यक्त कर जांच के बाद ही स्पष्ट होने की बात कही हैं। 


सैम्पल भेजा गया है - डॉक्टर पुजारी

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी बीआर पुजारी ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीम कोत्तुर में घर घर पहुंचकर सेम्पल ले रही है। उन्होंने बताया कि पानी का सेम्पल भी जांच के लिए गया हैं। सोमवार को फिर से टीम कोत्तुर जाकर सर्वे करेगी।


 
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