फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chhattisgarh ›   Active women of Bihan warned of agitation if honorarium is not increased

CG: बिहान की सक्रिय महिलाओं ने ज्ञापन सौंपकर दी चेतावनी, बोलीं- मिले सम्मानजनक मानदेय, नहीं तो करेंगे आंदोलन

Thu, 30 Oct 2025 06:54 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला नेटवर्क, कोंडागांव
अमर उजाला नेटवर्क, कोंडागांव Published by: आकाश दुबे Updated Thu, 30 Oct 2025 06:54 PM IST
सार

महिलाओं ने आरोप लगाया कि कई जिलों में मानदेय महीनों तक नहीं दिया जाता और कई बार बिना कारण पैसा काट लिया जाता है। वहीं महाराष्ट्र जैसे राज्यों में सक्रिय महिलाओं को 6000 रुपये मासिक मानदेय दिया जाता है।

विज्ञापन
Active women of Bihan warned of agitation if honorarium is not increased
प्रदर्शन करतीं महिलाएं - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

छत्तीसगढ़ में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत कार्यरत एनआरएलएम (बिहान) सीआरपी/सक्रिय महिला संघ ने गुरुवार को अपनी मांगों को लेकर मुख्यमंत्री और पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री के नाम प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। संगठन ने कहा कि राज्य भर की सक्रिय महिलाएं ग्रामीण विकास योजनाओं की रीढ़ हैं, लेकिन उन्हें मात्र 1910 रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जा रहा है, जो अत्यंत कम और अपमानजनक है।

विज्ञापन


संघ की संरक्षक बिंदु यादव, अध्यक्ष पदमा पाटिल और सलाहकार विश्वजीत हारोडे ने बताया कि सक्रिय महिलाएं गांव-गांव जाकर स्वयं सहायता समूह बनाना, खाते खुलवाना, लोन दिलवाना, ऑडिट, सर्वे, बीमा समेत कई विभागीय कार्य करती हैं। इसके अलावा लोकोस, वीपीआरपी और लखपति दीदी जैसे ऑनलाइन कार्यों की जिम्मेदारी भी उन्हीं पर होती है। साथ ही उन्हें स्वच्छता अभियान, जल जीवन मिशन, आयुष्मान कार्ड, पौधरोपण और मन के गोठ जैसे गैरविभागीय कार्यों में भी लगाया जाता है, जिनका कोई मेहनताना नहीं मिलता।
विज्ञापन


महिलाओं ने आरोप लगाया कि कई जिलों में मानदेय महीनों तक नहीं दिया जाता और कई बार बिना कारण पैसा काट लिया जाता है। वहीं महाराष्ट्र जैसे राज्यों में सक्रिय महिलाओं को 6000 रुपये मासिक मानदेय दिया जाता है। सक्रिय महिलाओं ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो वह राज्यव्यापी आंदोलन के लिए बाध्य होंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


संघ ने शासन से यह सात सूत्रीय मांगें रखीं 
संघ ने शासन ने मांग की है कि मानदेय में वृद्धि हो। न्यूनतम वेतन अधिनियम के अनुरूप भुगतान, ऑनलाइन कार्य की राशि का शीघ्र वितरण, मोबाइल व नेट भत्ता, यात्रा भत्ता, नियमित मानदेय बैंक खाते में हस्तांतरण, नियुक्ति पत्र एवं नियमितीकरण हो।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed