फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Panchkula News ›   Panchkula CBI court sentenced bank manager to four years in bribe case

रिश्वत लेना पड़ा भारी: सीबीआई अदालत ने पीएनबी के प्रबंधक को सुनाई चार साल की सजा, एक लाख रुपये जुर्माना भी लगाया

Wed, 01 Sep 2021 07:23 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पंचकूला (हरियाणा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पंचकूला (हरियाणा) Published by: ajay kumar Updated Wed, 01 Sep 2021 07:23 PM IST
सार

पंचकूला की विशेष सीबीआई अदालत ने पंजाब नेशनल बैंक के प्रबंधक को चार साल की सजा सुनाई है। दोषी पर अदालत ने एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। बैंक प्रबंधक को रिश्वत लेने का दोषी पाया गया। दोषी प्रबंधक ने लोन पास कराने की एवज में 10 हजार रुपये रिश्वत ली थी। सीबीआई की टीम ने दोषी को रंगे हाथ धर दबोचा था। मामला 2016 का है। 

विज्ञापन
Panchkula CBI court sentenced bank manager to four years in bribe case
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

सीबीआई की विशेष अदालत ने पंजाब नेशनल बैंक के प्रबंधक धर्मपाल ढुल को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेने के मामले में दोषी करार देते हुए चार साल की सजा सुनाई। अदालत ने दोषी बैंक प्रंबधक पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया। सीबीआई की टीम ने दोषी को रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़ा था।

विज्ञापन


दायर मामला तीन मार्च 2016 का है। सीबीआई की टीम ने पंजाब नेशनल बैंक फतेहपुर (हिसार) के प्रबंधक धर्मपाल ढुल को लोन पास करने की एवज में रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा था। फतेहपुर निवासी संदीप कुमार पुत्र भगवान सिंह ने प्रधानमंत्री रोजगार योजना के तहत पीएनबी की फतेहपुर शाखा में छह लाख रुपये लोन का आवेदन किया था। 
विज्ञापन


यह लोन 18 दिसंबर 2015 को मंजूर भी हो चुका था। उसे 30 दिसंबर 2015 को बैंक से लोन मंजूर होने की सूचना भी मिल गई थी लेकिन लोन की राशि के लिए वह बैंक के चक्कर लगा रहा था। इस बीच बैंक प्रबंधक धर्मपाल ढुल ने उससे लोन पास करवाने की एवज में तीन प्रतिशत कमीशन यानी 18 हजार रुपये की मांग की थी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


संदीप ने यह राशि दो किस्तों में देने की बात कही। इसके बाद उसने रिश्वत मांगने की शिकायत चंडीगढ़ में सीबीआई की टीम को कर दी। शिकायत का सत्यापन करने के बाद सीबीआई के डीएसपी जगदीश ने प्रबंधक को रंगे हाथ पकड़ने के लिए टीम का गठन किया था। टीम ने प्रबंधक ढुल को पकड़ने के लिए जाल बिछाया लेकिन उसने जगह बदल दी थी। 


संदीप ने प्रबंधक को फोन कर कैथल के सेक्टर-19 स्थित अपने घर पर बुलाया। टीम ने संदीप को अदृश्य रसायन लगे 10 हजार रुपये दिए, जो उसे मैनेजर को देने थे। बैंक प्रबंधक जब संदीप के घर पहुंचा तो रुपये लेते ही सीबीआई की टीम ने छापा मारकर उसे रंगे हाथ दबोच लिया। रिश्वत के 10 हजार रुपये भी बरामद कर लिए। सीबीआई की टीम ने मामले की जांच कर विशेष अदालत में चार्जशीट दायर की थी। अब अदालत ने दोषी प्रबंधक को चार साल की सजा सुनाई है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed