{"_id":"67cac827291e6b80970d36c6","slug":"sensex-slips-7-51-points-to-settle-at-74-332-58-nifty-up-7-80-points-at-22-552-50-2025-03-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Closing Bell: सपाट पर बंद हुआ शेयर बाजार, सेंसेक्स 7 अंक टूटा; जानें निफ्टी का हाल","category":{"title":"Business","title_hn":"कारोबार","slug":"business"}}
Closing Bell: सपाट पर बंद हुआ शेयर बाजार, सेंसेक्स 7 अंक टूटा; जानें निफ्टी का हाल
Fri, 07 Mar 2025 03:49 PM IST
राहुल कुमार
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: राहुल कुमार
Updated Fri, 07 Mar 2025 03:49 PM IST
सार
बीएसई का 30 शेयरों पर आधारित सूचकांक सेंसेक्स दो दिनों की बढ़त के बाद 7.51 अंक फिसलकर 74,332.58 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 246.34 अंक चढ़कर 74,586.43 पर पहुंच गया था। हा
विज्ञापन
शेयर बाजार (प्रतीकात्मक)
- फोटो : एएनआई
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शेयर बाजार सपाट बंद हुआ। शुक्रवार को उतार-चढ़ाव के बीच बीएसई सेंसेक्स 7.51 अंकों की गिरावट के साथ 74,332.58 स्तर पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 7.80 मामूली बढ़त के साथ 22,552.50 स्तर पर पहुंच गया।
बीएसई का 30 शेयरों पर आधारित सूचकांक सेंसेक्स दो दिनों की बढ़त के बाद 7.51 अंक फिसलकर 74,332.58 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 246.34 अंक चढ़कर 74,586.43 पर पहुंच गया था। हालांकि, नेशनल स्टॉक एक्सचसेंज (एनएसई) का सूचकांक निफ्टी 7.80 अंकों की मामूली बढ़त के साथ 22,552.50 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय निफ्टी 89 अंक बढ़कर 22,633.80 के स्तर पर पहुंच गया था।
हरे निशान पर बंद हुए शेयर
सेंसेक्स के समूह में शामिल कंपनियों में से जोमैटो, इंडसइंड बैंक, एनटीपीसी, इंफोसिस, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, टाइटन, पावर ग्रिड, हिंदुस्तान यूनिलीवर, टेक महिंद्रा और आईटीसी के शेयर चढ़कर बंद हुए।
विज्ञापन
नुकसान में रहे शेयर
दूसरी ओर, रिलायंस इंडस्ट्रीज, नेस्ले इंडिया, टाटा मोटर्स, अदानी पोर्ट्स, टाटा स्टील, अल्ट्राटेक सीमेंट और कोटक महिंद्रा बैंक में नुकसान देखने को मिला।
बाजार के विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक बाजार में अमेरिका के शुल्क लगाने और दूसरे देशों की जवाबी चेतावनियों के कारण अनिश्चितता बढ़ गई है। इस अस्पष्टता के कारण जोखिम से बचने की प्रवृत्ति बढ़ी है और इक्विटी को लेकर आकर्षण घटा है। इसके उलट भारतीय बाजारों ने व्यापार युद्ध की आशंका के बावजूद हाल में मजबूती को दिखाया है।
दुनियाभर के बाजारों का हाल
एशिया के अन्य बाजारों में जापान का निक्की, चीन का शंघाई कंपोजिट, हांगकांग का हैंगसेंग और दक्षिण कोरिया का कॉस्पी गिरावट के साथ बंद हुए। यूरोपीय बाजार दोपहर के सत्र में गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे। अमेरिकी बाजारों में बृहस्पतिवार को गिरावट रही थी।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड की कीमत 1.32 प्रतिशत बढ़कर 70.38 डॉलर प्रति बैरल हो गई।
विज्ञापन
बीएसई का 30 शेयरों पर आधारित सूचकांक सेंसेक्स दो दिनों की बढ़त के बाद 7.51 अंक फिसलकर 74,332.58 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 246.34 अंक चढ़कर 74,586.43 पर पहुंच गया था। हालांकि, नेशनल स्टॉक एक्सचसेंज (एनएसई) का सूचकांक निफ्टी 7.80 अंकों की मामूली बढ़त के साथ 22,552.50 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय निफ्टी 89 अंक बढ़कर 22,633.80 के स्तर पर पहुंच गया था।
विज्ञापन
हरे निशान पर बंद हुए शेयर
सेंसेक्स के समूह में शामिल कंपनियों में से जोमैटो, इंडसइंड बैंक, एनटीपीसी, इंफोसिस, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, टाइटन, पावर ग्रिड, हिंदुस्तान यूनिलीवर, टेक महिंद्रा और आईटीसी के शेयर चढ़कर बंद हुए।
विज्ञापन
नुकसान में रहे शेयर
दूसरी ओर, रिलायंस इंडस्ट्रीज, नेस्ले इंडिया, टाटा मोटर्स, अदानी पोर्ट्स, टाटा स्टील, अल्ट्राटेक सीमेंट और कोटक महिंद्रा बैंक में नुकसान देखने को मिला।
बाजार के विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक बाजार में अमेरिका के शुल्क लगाने और दूसरे देशों की जवाबी चेतावनियों के कारण अनिश्चितता बढ़ गई है। इस अस्पष्टता के कारण जोखिम से बचने की प्रवृत्ति बढ़ी है और इक्विटी को लेकर आकर्षण घटा है। इसके उलट भारतीय बाजारों ने व्यापार युद्ध की आशंका के बावजूद हाल में मजबूती को दिखाया है।
दुनियाभर के बाजारों का हाल
एशिया के अन्य बाजारों में जापान का निक्की, चीन का शंघाई कंपोजिट, हांगकांग का हैंगसेंग और दक्षिण कोरिया का कॉस्पी गिरावट के साथ बंद हुए। यूरोपीय बाजार दोपहर के सत्र में गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे। अमेरिकी बाजारों में बृहस्पतिवार को गिरावट रही थी।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड की कीमत 1.32 प्रतिशत बढ़कर 70.38 डॉलर प्रति बैरल हो गई।