{"_id":"5ad6fc824f1c1b9b098b51f1","slug":"railway-going-to-change-fare-structure-in-premium-trains","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"रेलवे करने जा रहा है प्रीमयम ट्रेनों के किराये में बदलाव, 50 फीसदी सीटों पर नहीं लगेगा फ्लेक्सी फेयर","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी ","slug":"business-diary"}}
रेलवे करने जा रहा है प्रीमयम ट्रेनों के किराये में बदलाव, 50 फीसदी सीटों पर नहीं लगेगा फ्लेक्सी फेयर
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Wed, 18 Apr 2018 01:36 PM IST
विज्ञापन
रेलवे जल्द ही प्रीमियम ट्रेनों के किराये में बड़ा बदलाव करने जा रहा है। इसके संकेत खुद रेलवे बोर्ड के सदस्य ने दिए हैं। बदलाव के अनुसार प्रीमियम ट्रेनों के यात्रियों को जल्द ही एक बड़ी राहत मिल सकती है, जिसके बाद उन्हें ज्यादा किराया नहीं देना होगा। इससे ज्यादा से ज्यादा लोग इन ट्रेनों में सफर कर सकेंगे।
यह हो सकता है बदलाव
रेलवे जल्द ही शताब्दी, राजधानी और दुरंतो में सफर करने वाले यात्रियों को सौगात दे सकता है। इसके अनुसार फ्लेक्सी फेयर वाली ट्रेनों में हमसफर ट्रेनों का किराया मॉडल लागू किया जा सकता है। फ्लेक्सी फेयर और हमसफर ट्रेनों के किराये मॉडल में काफी अंतर है।
हमसफर ट्रेनों में 50 फीसदी सीटों पर किराया सामान्य रहता है। रेलवे बोर्ड के सदस्य (ट्रैफिक) मोहम्मद जमशेद ने संकेत देते हुए कहा कि शेष बची 50 फीसदी बर्थ की बुकिंग के साथ 10-10 फीसदी किराया बढ़ता जाएगा।
विज्ञापन
वहीं फ्लेक्सी फेयर में हवाई जहाज की तरह दिन कम होने के साथ-साथ किराया बढ़ता जाता है। मतलब अगर यात्री एक महीने पहले टिकट बुक कराता है तो फिर सामान्य किराये में टिकट बुक होगा, लेकिन 2 दिन पहले टिकट बुक करने पर ज्यादा पैसा देना ही होगा, चाहे ट्रेन में ज्यादातर सींटे खाली हों।
विज्ञापन
यह हो सकता है बदलाव
रेलवे जल्द ही शताब्दी, राजधानी और दुरंतो में सफर करने वाले यात्रियों को सौगात दे सकता है। इसके अनुसार फ्लेक्सी फेयर वाली ट्रेनों में हमसफर ट्रेनों का किराया मॉडल लागू किया जा सकता है। फ्लेक्सी फेयर और हमसफर ट्रेनों के किराये मॉडल में काफी अंतर है।
विज्ञापन
हमसफर ट्रेनों में 50 फीसदी सीटों पर किराया सामान्य रहता है। रेलवे बोर्ड के सदस्य (ट्रैफिक) मोहम्मद जमशेद ने संकेत देते हुए कहा कि शेष बची 50 फीसदी बर्थ की बुकिंग के साथ 10-10 फीसदी किराया बढ़ता जाएगा।
विज्ञापन
वहीं फ्लेक्सी फेयर में हवाई जहाज की तरह दिन कम होने के साथ-साथ किराया बढ़ता जाता है। मतलब अगर यात्री एक महीने पहले टिकट बुक कराता है तो फिर सामान्य किराये में टिकट बुक होगा, लेकिन 2 दिन पहले टिकट बुक करने पर ज्यादा पैसा देना ही होगा, चाहे ट्रेन में ज्यादातर सींटे खाली हों।
Trending Videos
आय न हो प्रभावित
रेलवे इस तरह का फार्मूला इसलिए लेकर के आना चाहता है, ताकि उसकी आय प्रभावित न हो। अभी फ्लेक्सी फेयर से रेलवे को सबसे ज्यादा आय होती है, लेकिन इससे किराया हवाई किराये के बराबर पहुंच जाता है। जिससे यात्री अब इन ट्रेनों में सफर करने से भी बचने लगे हैं।
खत्म हो जाएगा ट्रेनों में एसी टू कोच
भारतीय रेलवे जल्द ही ट्रेनों में एसी टू कोच को खत्म करने का फैसला लेने जा रहा है। हालांकि अभी मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों में लगे एसी टू कोच को कम नहीं किया जाएगा। रेलवे के प्लान के अनुसार, शुरुआत में राजधानी और दुरंतो में लगे एसी टू कोच को पूरी तरह से हटा देगा।
इसकी जगह पर थर्ड एसी कोच की संख्या को बढ़ाया जाएगा। रेलवे के इस फैसले से 50 राजधानी ट्रेनों में एसी-3 की 14 हजार से अधिक अतिरिक्त बर्थ का इंतजाम होगा जिसका सीधा फायदा यात्रियों को मिलेगा।
एसी थर्ड क्लास में सेकंड क्लास की तुलना में ज्यादा मुसाफिर यात्रा करते हैं और वो रेलवे को मुनाफा भी अधिक देता है। एसी थर्ड क्लास के अलावा अन्य सभी आरक्षित क्लास घाटे में हैं। रेलवे की 2018-19 में 1 हजार नए एसी 3 कोच बनाने की योजना है, जो एक रिकॉर्ड है। पिछले साल रेलवे ने 778 एसी 3 टियर कोच बनाए थे।