Income Tax Portal Issue: वित्त मंत्री ने इंफोसिस के सीईओ के समक्ष जताई नाराजगी, 15 सितंबर तक गड़बड़ी दुरुस्त करने का निर्देश
आयकर विभाग के नए ई-फाइलिंग पोर्टल में लगातार आ रही समस्याओं को लेकर वित्त मंत्रालय सख्त है।
विस्तार
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आयकर कर का नया ई-फाइलिंग पोर्टल शुरू होने के ढाई महीने बाद भी गड़बड़ियां होने पर इंफोसिस के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) सलिल पारेख के समक्ष सख्त नाराजगी प्रकट की। पारेख सोमवार को सीतारमण से मिलने वित्त मंत्रालय पहुंचे थे। वित्त मंत्री ने उन्हें इसलिए तलब किया था कि अब तक दिक्कतों का समाधान क्यों नहीं किया गया।
सीतारमण ने सलिल पारेख को निर्देश दिया कि आयकर के इस पोर्टल में आ रही दिक्क्तों को 15 सितंबर तक दूर कर दिया जाए।
The Finance Minister took a meeting with Infosys MD Salil Parekh to convey deep disappointment & concerns of Govt & taxpayers about continuing glitches in the e-filing portal of Income Tax Department even after two & half months since its launch: Finance Ministry https://t.co/6XOt3WSXuC pic.twitter.com/K8XkxtS9NY
— ANI (@ANI) August 23, 2021
इससे पूर्व आयकर विभाग ने ट्वीट कर जानकारी दी थी कि वित्त मंत्रालय ने सलिल पारेख को 23 अगस्त को स्पष्टीकरण देने के लिए बुलाया है। करदाताओं की आसानी के लिए वित्त मंत्रालय ने सात जून को काफी जोरशोर से आयकर विभाग का नया पोर्टल जारी किया था। लेकिन लॉन्च के तुरंत बाद वेबसाइट में तकनीकी समस्या देखने को मिली, जिसकी वजह से करदाता परेशान हैं। हालांकि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा है कि अगले कुछ दिनों में नए आयकर पोर्टल में तकनीकी खामियां काफी हद तक ठीक हो जाएंगी। नई वेबसाइट इंफोसिस ने ही तैयार की है।
वेबसाइट के लिए इंफोसिस को मिले 4242 करोड़
इंफोसिस को 2019 में आयकर विभाग की नई वेबसाइट तैयार करने का कॉन्ट्रैक्ट 4242 करोड़ रुपये में मिला था। इससे पहले 2015 में जीएसटी पोर्टल बनाने का ठेका भी इंफोसिस को 1380 करोड़ रुपये में दिया गया था। 2017 में पोर्टल शुरू होने के बाद कई तकनीकी समस्या आई और इसके बाद सरकार ने कंपनी को इसे दूर करने का निर्देश दिया था।
ये है नई वेबसाइट का उद्देश्य
आयकर विभाग ने https://www.incometax.gov.in नाम से करदाताओं के लिए नई वेब साइट पेश की है। इसके पीछे उद्देश्य रिटर्न के जांच के समय को 63 दिन से घटाकर एक दिन करना और रिफंड की प्रक्रिया को तेज करना था। बिना किसी समस्या के आयकर रिटर्न दाखिल करने के लिए लॉन्च हुई नई वेबसाइट में दिक्कतें आने पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने उपभोक्ताओं की ओर से मोर्चा संभाला। आयकर विभाग ने उपभोक्ताओं को जल्द समाधान का भरोसा दिलाया।