{"_id":"62cd5324bee8972ecc76568e","slug":"income-from-scrap-department-of-selling-garbage-of-the-office-deposited-rs-62-crore-in-the-government-treasury-the-minister-gave-information","type":"story","status":"publish","title_hn":"Income from scrap: दफ्तर का कूड़ा बेच विभाग ने सरकारी खजाने में जमा कराए 62 करोड़ रुपये, मंत्री ने दी जानकारी","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
Income from scrap: दफ्तर का कूड़ा बेच विभाग ने सरकारी खजाने में जमा कराए 62 करोड़ रुपये, मंत्री ने दी जानकारी
Tue, 12 Jul 2022 04:25 PM IST
विवेक दास
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: विवेक दास
Updated Tue, 12 Jul 2022 04:25 PM IST
सार
कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन राज्य मंत्री बेंगलुरु में दो दिवसीय क्षेत्रीय सम्मेलन "Bringing Citizens, Entrepreneurs and Government Closer For Good Governance" के समापन सत्र को संबोधित कर रहे थे।
विज्ञापन
Jitendra Singh Palli Panchayat
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने बताया है कि प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग ने सरकारी खजाने में 62 करोड़ रुपये का योगदान दिया है। यह आमदनी विभाग की ओर से दफ्तरों के बेकार सामान जिनमें मुख्य रूप से इलेक्ट्रॉनिक आइटम थे बेचने से हुई थी।
विज्ञापन
आपको बता दें कि कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन राज्य मंत्री बेंगलुरु में दो दिवसीय क्षेत्रीय सम्मेलन "Bringing Citizens, Entrepreneurs and Government Closer For Good Governance" के समापन सत्र को संबोधित कर रहे थे।
विज्ञापन
इस दौरान केंद्रीय मंत्री ने बताया है कि प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग ने केवल स्वच्छता की बात नहीं कि बल्कि इसके लिए सकारात्मक पहल भी की। हमने दफ्तर के बेकार चीजों को बेचकर 62 करोड़ रुपये की आमदनी की है।
विज्ञापन
केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि इस तरह के कार्यक्रम एक नये स्टार्टअप एवेन्यू की तरह हैं, उन्होंने आशा व्यक्त की कि अगली बार जब स्वच्छता अभियान शुरू होगा तो इस तरह के कई उद्यम आगे आएंगे। उन्होंने कहा कि सिर्फ स्क्रैप बेचकर हमने सरकार के खजाने में 62 करोड़ रुपये का योगदान दिया है और ऐसा काम करने में एकीकृत दृष्टिकोण के कारण संभव हो पाया है।
आपको बता दें कि इस कार्यक्रम के दौरान कर्नाटक के स्वास्थ्य मंत्री के. सुधाकर, मुख्य सचिव वंदिता शर्मा समेत कई वरीय अधिकारी भी मौजूद थे।