ED Action: दक्षिण में ईडी की दबिश, डीसीएचएल के प्रमोटर टी वेंकटराम रेड्डी धन शोधन के आरोपों के तहत गिरफ्तार
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प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कथित बैंक धोखाधड़ी मामले से जुड़े धन शोधन मामले की जांच के तहत डेक्कन क्रॉनिकल होल्डिंग्स लिमिटेड (डीसीएचएल) के पूर्व प्रमोटर टी वेंकटराम रेड्डी को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने बताया कि संघीय एजेंसी के हैदराबाद कार्यालय ने रेड्डी को धन शोधन रोकथाम (पीएमएलए) के तहत हिरासत में लिया।
2020 में एजेंसी ने जांच में हेरफेर का पता चलने की बात कही थी
एजेंसी ने 2020 में कहा था कि उसकी जांच में पाया गया कि डीसीएचएल के तीन प्रमोटरों पीके अय्यर, टी वेंकटराम रेड्डी और टी विनायकरावी रेड्डी ने एक सुनियोजित साजिश रची और कंपनी की बैलेंस शीट में हेरफेर किया, जिससे विज्ञापन राजस्व मुनाफा को बढ़ा-चढ़ाकर दिखाया गया और बैंकों और उसके शेयरधारकों को धोखा देने के लिए वर्षों तक बढ़िया तस्वीर पेश करने के लिए कंपनी की वित्तीय देनदारियों को बहुत कम बताया गया। उस समय कंपनी कॉरपोरेट दिवाला समाधान प्रक्रिया के अंतर्गत थी।
2015 में कंपनी और प्रमोटर्स के खिलाफ दर्ज किया था मामला
एनसीएलटी ने केवल 400 करोड़ रुपये की समाधान योजना को मंजूरी दी है। एजेंसी ने कहा था कि डीसीएचएल और उसके प्रवर्तकों द्वारा की गई कुल ऋण धोखाधड़ी 8,180 करोड़ रुपये होने का अनुमान है। ईडी ने कथित बैंक ऋण चूक की जांच के लिए दर्ज सीबीआई की प्राथमिकी का अध्ययन करने के बाद 2015 में कंपनी और उसके प्रवर्तकों के खिलाफ पीएमएलए के तहत मामला दर्ज किया था।