ED Action: ईडी ने चीन से नियंत्रित नौ कंपनियों के खातों में पड़े 9.82 करोड़ रुपये जब्त किए, ये है मामला
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लोन एप मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने चीन के नियंत्रण वाली 9 ऑनलाइन कंपनियों की बृहस्पतिवार को तलाशी ली और इनके पेमेंट गेट-वे पर मर्चेंट आईडी में रखे 9.82 करोड़ रुपये फ्रीज कर दिए। आरोप है कि इन कंपनियों ने ‘एचपीजेड’ और ऐसे कई अन्य एप बेस्ड टोकन के जरिये नागरिकों को निवेश पर भारी रिटर्न कमाने का लालच देकर ठगा है।
ईडी के अनुसार, चीन के नियंत्रण वाली कोमेन नेटवर्क जैसी कंपनियों ने भारत की नॉन बैंकिंग फाइनेंस कंपनियों (एनबीएफसी) के साथ समझौते किए हुए हैं। वे इनके जरिये कई संदिग्ध लोन एप चला रही हैं। इनमें कैशहोम, कैशमार्ट, ईजीलोन शामिल हैं। इन एप से नागरिकों को लोन देकर बड़ी मात्रा में फंड जमा किया गया। 14 सितंबर को भी ईडी ने छापे मारते हुए कंपनियों के वर्चुअल खातों में 46.67 करोड़ रुपये फ्रीज किए थे।
इन पर कार्रवाई
कोमेन नेटवर्क, मोबिक्रेड, मैजिक डाटा, बायटू, अलीयेये नेटवर्क, वीकैश, लार्टिंग, मैजिक बर्ड और एसपर्ल सर्विसेस।
एचपीजेड टोकन से ठगी
यह एप आधारित टोकन है। ठगों ने बिटकॉइन व अन्य क्रिप्टोकरेंसी की माइनिंग कर रही मशीनों में निवेश कर भारी रिटर्न कमाने का लालच दिया। इसके लिए एचपीजेड व अन्य टोकन खरीदने को कहा गया।
OctaFX एप के खिलाफ भी FEMA के तहत की गई कार्रवाई
ईडी ने फेमा नियमों के उल्लंघन मामले में ऑक्टाफैक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और इससे जुड़ी कंपनियों के बैंक खातों को फ्रीज कर दिया है। इन खातों में 21.14 करोड़ रुपये जमा थे। इससे पहले ऑक्टाफैक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और संबंधित कंपनियों के विभिन्न परिसरों पर छापा मारा था। यह कार्रवाई ऑक्टाफैक्स ट्रेडिंग एप और वेबसाइट www.octafx.com नामक इंटरनेशनल ब्रोकर्स के जरिये गैरकानूनी ऑनलाइन विदेशी मुद्रा कारोबार मामले में की गई।