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अर्थ जगत: छत्तीसगढ़ के हसदेव-अरण्य में तारा कोयला ब्लॉक की नीलामी पर विवाद, सीएमडीसी ने दी सफाई
Sun, 13 Sep 2026 09:51 AM IST
ज्योति भास्कर
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला।
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला।
Published by: ज्योति भास्कर
Updated Sun, 13 Sep 2026 09:51 AM IST
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बिजनेस अपडेट्स
- फोटो : amarujala.com
छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम (CMDC) ने शनिवार को बताया कि हसदेव-अरण्य में तारा कोयला ब्लॉक की प्रतिस्पर्धी नीलामी पूरी हुई है। वास्तविक खनन सभी वैधानिक स्वीकृतियां मिलने के बाद ही शुरू हो पाएगा। यह ब्लॉक सीजी सिन एंड गैस एंड केमिकल्स लिमिटेड को मिला। कांग्रेस ने नीलामी को "पर्यावरण का विनाश" बताते हुए आलोचना की है। विपक्षी दल ने इसे अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड से जोड़ा है। CMDC ने स्पष्ट किया कि खनन शुरू करने से पहले सभी आवश्यक स्वीकृतियां लेनी होंगी। इनमें खनन योजना, पट्टा और पर्यावरण-वन मंजूरी शामिल हैं।
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पेड़ नहीं काटे जाने का आश्वासन
निगम ने कहा कि स्वीकृतियां मिलने से पहले कोई पेड़ नहीं काटा जाएगा। कोई वास्तविक खनन गतिविधि भी नहीं होगी। प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) ने बताया कि छत्तीसगढ़ सरकार ने 11 दिसंबर, 2025 को अनुरोध किया था। इस अनुरोध पर तारा ब्लॉक को 15वें दौर की नीलामी में शामिल किया गया। राज्य सरकार ने इसे लेमरू हाथी गलियारे से बाहर बताया था। इसके बाद यह सफलतापूर्वक नीलाम हुआ।
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पीएम किसान मानधन योजना से 24 लाख लाभार्थी जुड़े
प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना के 7 साल पूरे हो गए हैं। इसमें अब तक 24.89 लाख किसान जुड़ चुके हैं। इस योजना का लक्ष्य देश के 5 करोड़ छोटे और मझोले किसानों को वृद्धावस्था में आर्थिक संबल प्रदान करना है। इसमें किसान और सरकार के अंशदान से 60 वर्ष पूरे करने पर पेंशन का लाभ मिलता है।
प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना के 7 साल पूरे हो गए हैं। इसमें अब तक 24.89 लाख किसान जुड़ चुके हैं। इस योजना का लक्ष्य देश के 5 करोड़ छोटे और मझोले किसानों को वृद्धावस्था में आर्थिक संबल प्रदान करना है। इसमें किसान और सरकार के अंशदान से 60 वर्ष पूरे करने पर पेंशन का लाभ मिलता है।