Biz Updates: इन्फोसिस का लाभ सात फीसदी बढ़कर 6,368 करोड़ रुपये; 2029 तक 420 अरब डॉलर का होगा फिनटेक उद्योग
आईटी कंपनी इन्फोसिस का चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में समेकित शुद्ध लाभ सात फीसदी बढ़कर 6,368 करोड़ रुपये पहुंच गया। इसके साथ ही, कंपनी ने चालू वित्त वर्ष के लिए अपना वृद्धि अनुमान बढ़ा दिया है। हालांकि, तिमाही आधार पर शुद्ध लाभ में 20 फीसदी की गिरावट रही। इन्फोसिस के सीईओ-एमडी सलिल पारेख ने कहा, वृद्धि के आधार पर कंपनी इस साल 15,000-20,000 फ्रेशर्स की भर्ती कर सकती है।
2029 तक 420 अरब डॉलर का होगा फिनटेक उद्योग: एनपीसीआई
भारतीय वित्तीय प्रौद्योगिकी (फिनटेक) उद्योग का आकार 2029 तक 31 फीसदी की सालाना वृद्धि के साथ करीब 420 अरब डॉलर का हो जाएगा। 2024 में इसका आकार 110 अरब डॉलर होने का अनुमान है।
भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) के गैर-कार्यकारी चेयरमैन एवं स्वतंत्र निदेशक अजय कुमार चौधरी ने कहा, डिजिटल अर्थव्यवस्था की ओर सरकार का कदम और युवा व प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल करने वाली आबादी की वजह से फिनटेक क्षेत्र नई ऊंचाइयों पर जा रहा है। उद्योग निकाय एसोचैम ने चौधरी के बयान के हवाले से कहा, प्रौद्योगिकी से जुड़े नवाचार से प्रेरित फिनटेक पारिस्थितिकी तंत्र के आगमन ने पारंपरिक वित्तीय सेवाओं में क्रांति ला दी है। इससे वित्तीय उत्पादों और सेवाओं की डिलीवरी की दक्षता में तेजी से सुधार हुआ है।
बजट से उम्मीदें: एमएसएमई के लिए मुद्रा योजना के तहत कर्ज सीमा दोगुनी करे सरकार
सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों (एमएसएमई) को बढ़ावा देने के लिए 23 जुलाई को पेश होने वाले बजट में मुद्रा योजना के तहत कर्ज सीमा को दोगुना बढ़ाकर 20 लाख करने के साथ कर प्रोत्साहन देने की जरूरत है। बजट सुझाव में अरका फिनकैप के मुख्य कारोबार अधिकारी (खुदरा और एमएसएमई) नवीन सैनी ने कहा, एमएसएमई के लिए असुरक्षित माने जाने वाले ऋण के लिए क्रेडिट गारंटी कवर को दो करोड़ से बढ़ाकर पांच करोड़ रुपये करने पर विचार करना चाहिए। भारतीय युवा शक्ति ट्रस्ट की संस्थापक लक्ष्मी वेंकटरमन वेंकटेशन ने कहा, एमएसएमई अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। ऐसे में सरकार को उन विनिर्माण इकाइयों के लिए कर प्रोत्साहन देने पर विचार करना चाहिए, जिनका सालाना कारोबार एक करोड़ रुपये से कम हो।
एलएंडटी फाइनेंस का मुनाफा 29 फीसदी बढ़ा
एलएंडटी फाइनेंस लि. का लाभ चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 29 फीसदी बढ़कर रिकॉर्ड 686 करोड़ रुपये पहुंच गया। कंपनी के एमडी-सीईओ सुदीप्तो रॉय ने कहा, पहली तिमाही में रिटेल बुक का आधार पर सालाना आधार पर 31 फीसदी बढ़कर 84,444 करोड़ पहुंच गया।
बड़े अप्लायंसेज के क्षेत्र में उतरा केनस्टार
केनस्टार ने ग्राहकों को जरूरतों को देखते हुए कई बड़े अप्लायंसेज लॉन्च किए हैं। इनमें डेबल डोर फ्रॉस्ट फ्री रेफ्रिजरेटर, एसी और वाशिंग मशीन शामिल हैं। कंपनी के सीईओ सुनील जैन ने कहा, इस लॉन्च के साथ हमारे पास अब होम अप्लायंसेज की पूरी शृंखला मौजूद है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लॉकहीड मार्टिन के सीईओ जिम टेकलेट से मुलाकात की और मेक इन इंडिया, मेक फॉर वर्ल्ड' की उसकी प्रतिबद्धता की सराहना की। यह बैठक गुरुवार को हुई। प्रधानमंत्री कार्यालय ने ट्वीट किया, "लॉकहीड मार्टिन के सीईओ जिम टेकलेट ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। लॉकहीड मार्टिन भारत-अमेरिका एयरोस्पेस और रक्षा औद्योगिक सहयोग में एक प्रमुख भागीदार है। हम मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड' के विजन को साकार करने की कंपनी की प्रतिबद्धता का स्वागत करते हैं।"
975 करोड़ बैंक धोखाधड़ी में मंधाना कंपनी का पूर्व सीएमडी गिरफ्तार
975 करोड़ रुपये से अधिक के बैंक लोन धोखाधड़ी से जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत ईडी ने मंधाना इंडस्ट्रीज लिमिटेड के पूर्व अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक पुरुषोत्तम छगनलाल मंधाना को गिरफ्तार कर लिया। ईडी के एक अधिकारी ने शुक्रवार को कहा कि मुंबई की दिवालिया हो चुकी मंधाना इंडस्ट्रीज लिमिटेड के सीएमडी की गिरफ्तारी बृहस्पतिवार को हुई। मंधाना को शुक्रवार को मुंबई में पीएमएलए अदालत के समक्ष पेश किया गया। अदालत ने उन्हें छह दिन की ईडी हिरासत में भेज दिया।
ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच सीबीआई की ओर से मंधाना इंडस्ट्रीज, पुरुषोत्तम मंधाना, मनीष मंधाना, बिहारीलाल मंधाना के खिलाफ दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की है। मामले में अभी तक सीबीआई ने आरोप पत्र दाखिल नहीं किया है। इन पर बैंक ऑफ बड़ौदा के नेतृत्व में बैंकों के एक संघ की ओर से दिए साथ 975.08 करोड़ रुपये के कर्ज का दुरुपयोग का आरोप है। ईडी को जांच में पता चला है कि कंपनी और उसके निदेशकों ने धोखाधड़ी वाले लेनदेन और सर्कुलर ट्रेडिंग के माध्यम से लोन राशि को विभिन्न खातों में हस्तांतरित किया। एजेंसी ने दावा किया कि पुरुषोत्तम मंधाना ने कंपनी के अन्य निदेशकों के साथ मिलकर आपराधिक साजिश रची और व्यक्तिगत लाभ के लिए बैंकों को नुकसान पहुंचाया।