फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Biz Updates Business News Share Market News Banking News Gov Policy News

Biz Updates: एचएसबीसी पर 32 लाख जुर्माना; कतर पर मिसाइल हमले से वैश्विक ऊर्जा संकट गहराया

Fri, 20 Mar 2026 09:11 AM IST
Riya Dubey बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Riya Dubey Updated Fri, 20 Mar 2026 09:11 AM IST
विज्ञापन
Biz Updates Business News Share Market News Banking News Gov Policy News
बिजनेस अपडेट - फोटो : अमर उजाला

उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि भारत नॉर्वे के साथ अपनी साझेदारी को अहम मानता है और दोनों देश द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने, बदलते भू-राजनीतिक हालात का सामना करने और विश्व व्यापार संगठन (WTO) में सार्थक सुधारों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

विज्ञापन


गोयल ने गुरुवार को नॉर्वे के विदेश मंत्री एस्पेन बार्थ आइडे के साथ वर्चुअल बातचीत की। बातचीत के बाद उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि यह चर्चा रचनात्मक रही और वह WTO की आगामी मंत्रीस्तरीय बैठक को सफल बनाने के लिए साथ मिलकर काम करने को लेकर उत्साहित हैं।
विज्ञापन


उन्होंने लिखा कि भारत नॉर्वे के साथ अपनी साझेदारी को महत्व देता है। हम द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने, बदलते भू-राजनीतिक परिदृश्य से निपटने और WTO में सार्थक सुधारों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। वहीं, नॉर्वे के विदेश मंत्री एस्पेन बार्थ आइडे ने भी बातचीत को सकारात्मक बताया। उन्होंने कहा कि WTO सुधारों के लिए बतौर फसिलिटेटर वह प्रमुख सदस्य देशों से लगातार चर्चा कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि अगले सप्ताह कैमरून में होने वाले 14वें मंत्रीस्तरीय सम्मेलन से पहले यह संवाद अहम है।

विज्ञापन
विज्ञापन

कतर पर मिसाइल हमलों से वैश्विक ऊर्जा सप्लाई प्रभावित

कतर के रास लाफान इंडस्ट्रियल सिटी पर हुए मिसाइल हमलों ने वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को बड़ा झटका दिया है। इन हमलों के कारण कतर की तरलीकृत प्राकृतिक गैस (LNG) निर्यात क्षमता में 17 प्रतिशत की कमी आई है, जिससे भारत जैसे आयात-निर्भर देशों की चिंता बढ़ गई है।

कतरएनर्जी ने एक आधिकारिक बयान में कहा कि 18 मार्च और 19 मार्च 2026 की शुरुआती घंटों में हुए हमलों से प्रमुख उत्पादन सुविधाओं को भारी नुकसान पहुंचा है। कंपनी के अनुसार, इस घटना से सालाना करीब 20 अरब डॉलर के राजस्व का नुकसान होने का अनुमान है।

ऊर्जा मामलों के राज्यमंत्री और कतरएनर्जी के अध्यक्ष व सीईओ साद शेरिदा अल-काबी ने कहा कि मिसाइल हमलों के चलते कतर की LNG निर्यात क्षमता में 17 प्रतिशत की कमी आई है और लगभग 20 अरब डॉलर के वार्षिक राजस्व का नुकसान हुआ है। उत्पादन सुविधाओं को हुए व्यापक नुकसान की मरम्मत में पांच साल तक का समय लग सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि इस स्थिति के चलते कंपनी को कुछ LNG अनुबंधों पर दीर्घकालिक फोर्स मेज्योर घोषित करना पड़ेगा।

एस्सार समूह की कंपनी मेसाबी मेटालिक्स को 10 अरब डॉलर तक का समर्थन

अमेरिका ने मिनेसोटा में एक बड़े खनिज और मैन्युफैक्चरिंग प्रोजेक्ट के लिए एस्सार समूह की कंपनी मेसाबी मेटालिक्स को 10 अरब डॉलर तक की वित्तीय सहायता देने की घोषणा की है। यह ऐलान यूएस एक्सपोर्ट-इम्पोर्ट बैंक (EXIM) ने टोक्यो में आयोजित इंडो-पैसिफिक एनर्जी सिक्योरिटी मिनिस्ट्रियल और बिजनेस फोरम के दौरान किया। EXIM के मुताबिक, यह फंडिंग करीब 30 अरब डॉलर के रणनीतिक सौदों का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य इंडो-पैसिफिक सहयोगियों के साथ मिलकर अमेरिका की सप्लाई चेन को मजबूत करना है।

फोरम में EXIM के प्रेसिडेंट और चेयरमैन जॉन जोवानोविक के साथ इंटीरियर सेक्रेटरी डग बर्गम और पर्यावरण संरक्षण एजेंसी (EPA) के एडमिनिस्ट्रेटर ली जेल्डिन समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मेसाबी मेटालिक्स मिनेसोटा में एक इंटीग्रेटेड आयरन ओर माइनिंग और प्रोसेसिंग सुविधा विकसित कर रही है, जो सालाना करीब 70 लाख टन हाई-ग्रेड डायरेक्ट-रिडक्शन आयरन ओर पेलेट्स का उत्पादन करेगी। ये आधुनिक स्टील निर्माण के लिए अहम कच्चा माल हैं। इस परियोजना से अमेरिका में सैकड़ों रोजगार भी सृजित होने की उम्मीद है।

CMPDI IPO खुला: मामूली 2% लिस्टिंग संकेत, ₹1,842 करोड़ का OFS इश्यू
कोल इंडिया की सहायक कंपनी सेंट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजाइन इंस्टीट्यूट लिमिटेड (CMPDI) का आईपीओ आज यानी 20 मार्च से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) के आधार पर इस इश्यू की लिस्टिंग में करीब 2% का हल्का प्रीमियम मिलने की उम्मीद जताई जा रही है, जो बाजार में स्थिर लेकिन उत्साहहीन शुरुआत का संकेत देता है।

कंपनी ने इस आईपीओ के लिए प्राइस बैंड ₹163 से ₹172 प्रति शेयर तय किया है। यह इश्यू पूरी तरह ₹1,842 करोड़ का ऑफर फॉर सेल (OFS) है, जिसका मतलब है कि इस आईपीओ से मिलने वाली राशि कंपनी को नहीं मिलेगी, बल्कि मौजूदा शेयरधारकों को जाएगी।

बाजार जानकारों के मुताबिक, CMPDI का आईपीओ निवेशकों को एक स्थिर लेकिन सीमित लिस्टिंग गेन का अवसर दे सकता है, जबकि लंबी अवधि के निवेश के लिए कंपनी के फंडामेंटल्स और कोल सेक्टर की मांग पर नजर रखना अहम होगा।

भारतीय रिजर्व बैंक ने एचएसबीसी पर 31.8 लाख रुपये का जुर्माना लगाया
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने हांगकांग एंड शंघाई बैंकिंग कॉर्पोरेशन (एचएसबीसी) पर 31.8 लाख रुपये का मौद्रिक जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई निष्क्रिय खातों और लावारिस जमा से संबंधित कुछ निर्देशों का पालन न करने के कारण की गई है। आरबीआई ने शुक्रवार को एक बयान में यह जानकारी दी।

आरबीआई ने बताया कि बैंक की वित्तीय स्थिति के संदर्भ में 31 मार्च, 2025 तक एक वैधानिक निरीक्षण किया गया था। पर्यवेक्षी निष्कर्षों के आधार पर, जिसमें आरबीआई के निर्देशों के प्रावधानों का पालन न करना पाया गया, बैंक को एक नोटिस जारी किया गया था। बैंक के जवाब, अतिरिक्त प्रस्तुतियों और व्यक्तिगत सुनवाई के दौरान दिए गए मौखिक बयानों पर विचार करने के बाद, आरबीआई ने पाया कि बैंक के खिलाफ आरोप सही थे। इसके बाद मौद्रिक जुर्माना लगाना उचित समझा गया। केंद्रीय बैंक ने स्पष्ट किया कि यह जुर्माना वैधानिक और नियामक अनुपालन में पाई गई कमियों पर आधारित है।

आरबीआई ने कहा कि बैंक ने अपनी वेबसाइट पर लावारिस जमा का एक खोज योग्य डेटाबेस उपलब्ध नहीं कराया था। यह केंद्रीय बैंक के निर्देशों का सीधा उल्लंघन है। इसके अतिरिक्त, 'जमाकर्ता शिक्षा और जागरूकता' (डीईए) कोष में स्थानांतरित कुछ लावारिस जमाओं के लिए बैंक ने 'अनक्लेम्ड डिपॉजिट्स रेफरेंस नंबर' (यूडीआरएन) भी उत्पन्न और आवंटित नहीं किया था। इन कमियों के कारण ही बैंक पर यह कार्रवाई की गई है।

आरबीआई ने जोर देकर कहा कि यह जुर्माना केवल नियामक अनुपालन में पाई गई कमियों के लिए है। इसका उद्देश्य हांगकांग एंड शंघाई बैंकिंग कॉर्पोरेशन द्वारा अपने ग्राहकों के साथ किए गए किसी भी लेनदेन या समझौते की वैधता पर कोई राय देना नहीं है। केंद्रीय बैंक ने यह भी स्पष्ट किया कि इस मौद्रिक जुर्माने के बावजूद, आरबीआई बैंक के खिलाफ कोई अन्य कार्रवाई शुरू करने का अधिकार सुरक्षित रखता है। यह कार्रवाई भविष्य में भी की जा सकती है।

चुनौतियों के बीच भारत और रूस के बीच बड़े आर्थिक बदलाव की जरूरत
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) की ओर से आयोजित फ्रॉम वोल्गा टू गंगेस कार्यक्रम में रूस और भारत के बीच बढ़ते आर्थिक सहयोग पर जोर दिया गया। गैस मशीन ग्रुप के चेयरमैन और बाइरेक्स इन्वेस्टमेंट कंपनी के प्रेसिडेंट एडवर्ड ग्रेकोव ने कहा कि रूस और भारत के बीच एक मजबूत रणनीतिक साझेदारी बन रही है। व्यापार का प्रवाह भारत की ओर लौट रहा है, लेकिन बाजार अभी आपस में जुड़े नहीं हैं। उन्होंने कहा, रूस के बहुत से निवेशक भारत में निवेश करने के लिए तैयार हैं और कई कंपनियां भी भारतीय निवेशकों का स्वागत करना चाहती हैं।

भारत-मॉस्को के बाजारों को सीधे जोड़ा जाए : ग्लाजयेव
रूस-बेलारूस संघ के राज्य सचिव सर्गेई ग्लाजयेव ने कहा कि अभी ग्लोबल वित्तीय प्रणाली अमेरिकी डॉलर पर निर्भर है। इससे भारत और रूस के बाजार पूरी तरह से एकीकृत नहीं हो पाए हैं। ग्लाजयेव ने सुझाया कि भारत के शेयर बाजार और मॉस्को के बाजारों को सीधे जोड़ा जाए। इससे रुपये-रूबल में व्यापार आसान होगा, खर्च कम होगा और दोनों देशों के बीच व्यापार संतुलन बेहतर बनेगा। ग्लाजयेव ने कहा कि अमेरिका के प्रतिबंधों के कारण रूस और बेलारूस अब डॉलर की जगह अपनी राष्ट्रीय मुद्राओं का इस्तेमाल कर रहे हैं।

संघर्ष से महंगे होंगे कीटनाशक किसानों की आय पर पड़ेगा असर
पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष का असर अब भारत के कृषि क्षेत्र पर भी पड़ने लगा है। उद्योग संगठन क्रॉपलाइफ इंडिया ने चेतावनी दी है कि संकट के कारण कीटनाशक (पेस्टिसाइड) बनाने की लागत 20 से 25 फीसद तक बढ़ सकती है। प्रमुख शिपिंग रूट्स में रुकावट आने से कच्चे माल की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इससे देश में जरूरी कीटनाशकों की कमी हो सकती है। क्रॉपलाइफ इंडिया के चेयरमैन अंकुर अग्रवाल ने कहा कि उद्योग पहले से ही उत्पादन में कमी की स्थिति का सामना कर रहा है। फैक्ट्रियों की क्षमता का पूरा उपयोग नहीं हो पा रहा। इससे कमाई और रोजगार पर असर पड़ सकता है। साथ ही, किसानों की आय भी प्रभावित हो सकती है।

यूरिया-डीएपी के आयात में 63 फीसदी बढ़ोतरी
यूरिया और डीएपी उर्वरकों के आयात में चालू वित्त वर्ष के अप्रैल-जनवरी अवधि में 63 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के बीच वैश्विक आपूर्ति को लेकर चिंताएं बढ़ी हैं, लेकिन सरकार का कहना है कि भारत ने पहले से ही पर्याप्त मात्रा में आयात कर लिया है, जिससे फिलहाल उर्वरकों की कोई कमी नहीं होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed