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अमेजन-फ्यूचर मामला: दिल्ली हाईकोर्ट में जारी कार्यवाही स्थगित, अब सुप्रीम कोर्ट में चार मई को सुनवाई
Mon, 19 Apr 2021 06:04 PM IST
सुरेंद्र जोशी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: सुरेंद्र जोशी
Updated Mon, 19 Apr 2021 06:04 PM IST
सार
- फ्यूचर रिटेल के रिलायंस रिटेल में विलय का मामला
- अमेजन ने दी हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती
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सुप्रीम कोर्ट
- फोटो : social media
विस्तार
सुप्रीम कोर्ट ने फ्यूचर रिटेल लि. (एफआरएल) के रिलायंस रिटेल के साथ विलय से जुड़े मामले में दिल्ली हाईकोर्ट में चल रही कार्यवाही को स्थगित करने का निर्देश दिया है। अमेजन की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट अब चार मई को आगे सुनवाई करेगी।
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सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश आर एफ नरीमन, न्यायाधीश बी आर गवई और न्यायाधीश हृषिकेश रॉय ने मामले में सभी दलीलें लिखित में पूरी करने का निर्देश दिया। अमेजन ने आठ अप्रैल को शीर्ष अदालत में याचिका दायर कर दिल्ली हाईकोर्ट की खंडपीठ के उस आदेश को चुनौती दी थी जिसमें किशोर बियाणी की अगुवाई वाले फ्यूचर समूह पर रिलायंस इंडस्ट्रीज के साथ किए गए 24,713 करोड़ रुपये के संपत्ति बिक्री के सौदे पर लगाई गई रोक को हटा दिया गया था।
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इससे पहले, एफआरएल ने हाईकोर्ट की एकल पीठ के आदेश को खंडपीठ में चुनौती दी थी। एकल न्यायाधीश की पीठ ने सिंगापुर आपातकालीन मध्यस्थता (ईए) न्यायाधिकरण के आदेश को बरकरार रखा था जिसमें एफआरएल को रिलायंस इंडस्ट्रीज के साथ 24,713 करोड़ रुपये के सौदे को लेकर कदम बढ़ाने से मना किया गया था। खंडपीठ ने फ्यूचर समूह को एकल न्यायाधीश के 18 मार्च के आदेश से राहत प्रदान की थी। आदेश में कंपनी पर रिलायंस इंडस्ट्रीज को संपत्ति बेचे जाने पर रोक लगाई गई थी।
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अमेरिका की ई-कॉमर्स कंपनी अमेजन ने याचिका दायर कर 22 मार्च के दिल्ली हाईकोर्ट की खंडपीठ के आदेश पर रोक लगाने का आग्रह किया है। याचिका में खंडपीठ के आदेश को 'गलत' और 'अनुचित' बताया गया है।
उल्लेखनीय है कि अमेजन और फ्यूचर समूह के बीच कानूनी विवाद चल रहा है। अमेरिकी कंपनी ने फ्यूचर समूह के खिलाफ सिंगापुर के आपातकालीन मध्यस्थता न्यायाधिकरण में मामला दर्ज किया। उसकी दलील है कि भारतीय कंपनी ने प्रतिद्वंद्वी रिलायंस इंडस्ट्रीज के साथ समझौता कर अनुबंध का उल्लंघन किया है।