{"_id":"6ab8f240fc69c6c8aa05c853","slug":"korowai-tribe-papua-indonesia-people-living-in-tree-houses-2026-09-27","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"क्यों यहां जमीन पर नहीं रहते हैं लोग? पेड़ों पर घन बनाकर रहते हैं, जानिए इनकी हैरान करने वाली बातें","category":{"title":"Bizarre News","title_hn":"हटके खबर","slug":"bizarre-news"}}
क्यों यहां जमीन पर नहीं रहते हैं लोग? पेड़ों पर घन बनाकर रहते हैं, जानिए इनकी हैरान करने वाली बातें
Sun, 27 Sep 2026 04:09 PM IST
धर्मेंद्र कुमार सिंह
फीचर डेस्क, अमर उजाला
फीचर डेस्क, अमर उजाला
Published by: धर्मेंद्र कुमार सिंह
Updated Sun, 27 Sep 2026 04:09 PM IST
सार
इंडोनेशिया के पापुआ के घने जंगलों में रहने वाली कोरोवाई जनजाति के लोग जमीन रहते हैं। ये लोग 15-20 फीट ऊंचे पेडों पर घर बनाकर रहते हैं। आइए जानते हैं इनसी जुड़ी कुछ रोचक बातें।
विज्ञापन
क्यों यहां जमीन पर नहीं रहते हैं लोग? 20 फीट ऊंचे पेड़ों पर घन बनाकर रहते हैं
- फोटो : AI
विस्तार
दुनिया में कई ऐसी जनजातियां और आदिवासी समुदाय हैं, तो हजारों साल पुरानी परंपराओं का अभी भी पालन करते हैं। यह जनजातियां आधुनिक दुनिया से दूर रहती हैं। एक इसी तरह की जनजाति एक समुदाय इंडोनेशिया के पापुआ के घने जंगलों में रहती है। यह लोग जमीन पर घर नहीं बनाते और पूरी जिंदगी पेड़ पर ही रहते हैं। इस जनजाति का नाम कोरोवाई जनजाति है।
विज्ञापन
एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, इस आदिवासी समुदाय में अभी भी कुछ कुछ नरभक्षी परंपराओं का पालन किया जाता है। इनकी सबसे अनोखी खासियत है कि यह जमीन पर घर बनाकर नहीं रहते हैं। 15 से 20 मीटर ऊंचे पेड़ों पर फूस के घर बनाते हैं और पूरा परिवार उसी घर में रहता है। यह लोग हजारों वर्षों से ऐसा ही करते आ रहे हैं।
विज्ञापन
कोरोवाई जनजाति को अक्सर वृक्षवासी या पेड़ों पर रहने वाला समुदाय कहा जाता है। यह पापुआ की स्वदेशी जनजातियों में से एक हैं, जिनकी अनोखी जीवनशैली है। यह जनजाति पूरी दुनिया का ध्यान अपनी तरफ खींचती है। यह समुदाय आधुनिक इंसानों की पहुंच से दूर रहता है और पेड़ों पर सुंदर घर बनाता है। कोरोवाई जनजाति अभी भी बाकी दुनिया से दूर घने जंगलों में वैसे ही रहती है, जिस तरह कभी पाषाण काल में रहते थे। ये लोग अभी भी शिकार पर निर्भर हैं। जानवरों का शिकार, फंल कंद और जंगलों सें मिलने वाले दूसरे प्राकृतिक संसाधनों पर इनका जीवन आश्रित है।
विज्ञापन
नई नवेली दुल्हन के डांस ने नम कर दीं सबकी आंखें, दिल छू लेगा वायरल वीडियो
कोरोवाई लोगों के बीच आज भी हजारों साल पुरानी परंपराओं और आदिवासी रिवाजों का पालन किया जाता है। इसकी कारण लोग पेड़ों पर घर बनाकर रहते हैं। पेड़ों पर रहने की उनकी अलग-अलग वजहे हैं। इनमें सांप और अन्य जंगली जानवरों के हमलों से बचने का उपाय जैसी मान्यता शामिल है। वे लोग यह भी मानते हैं कि बुरी आत्माएं जमीन पर निवास करती है। यह जनजाति बुरी आत्माओं को लेकर काफी सतर्ग रहती है। इसके कारण ही इनके भीतर आज भी कुछ मामलों में नरभक्षण के लक्षण देखे गए हैं।
धागे से उंगली में फंसी अंगूठी निकालने का अनोखा तरीका हुआ वायरल, सोशल मीडिया पर छाया जुगाड़ का ये वीडियो
कोरोवाई जनजाति के लोग जंगल में आसानी से मिलने वाली प्राकृतिक सामग्रियों, जैसे लकड़ी, बेंत और साबूदाना के पत्तों का इस्तेमाल करके घर बनाते हैं। वो लोग पेड़ों पर मजबूत और टिकाऊ संरचनाएं बनाने में कुशल हैं। खतरे और बुरी आत्माओं से बचने से नहीं बल्कि पेड़ों पर घर बनाने से उन्हें फल और छोटे जानवरों जैसे भोजन को ढूंढना भी आसान होता है।