बिहारः SO निलंबित पर हत्यारी भीड़ पर कार्रवाई नहीं
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बिहार के नालंदा ज़िले के मीरपुर गांव में स्कूल के निदेशक को पीट-पीट कर मारने की घटना में इलाके के थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया है। नालंदा के पुलिस अधीक्षक डॉ सिद्धार्थ ने यह जानकारी दी। हालांकि अभी तक निदेशक की पीट पीटकर हत्या करने के आरोपियों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
दरअसल मीरपुर गाँव के ही महेश प्रसाद ने बताया कि सुबह करीब सात-आठ बजे देवेन्द्र प्रसाद सिन्हा पब्लिक स्कूल के दो छात्रों के हॉस्टल से गायब होने की ख़बर मिली।
खोजबीन पर स्कूल के बगल की नहर से दोनों के शव बरामद किए गए. दोनों के मुंह और कान से खून निकल रहा था। भीड़ ने इल्ज़ाम स्कूल के निदेशक पर लगाया। इसके बाद करीब हज़ार-डेढ़ हज़ार की संख्या में गुस्से में बेकाबू भीड़ जमा हो गई। भीड़ ने स्कूल के निदेशक को बेरहमी से पीटा।
घरवालों ने लगाया था निदेशक पर हत्या का आरोप
घायल निदेशक को इलाज के लिए जब पटना के सदर अस्पताल भेजा गया तो उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस को जब घटना की सूचना मिली तो वहां पहुंची। पक्की सड़क न होने की वजह से थोड़ा समय लगा। अतिरिक्त बल भेजने के बाद बच्चों के शव को कब्ज़े में लिया जा सका।
गुस्साई भीड़ ने स्कूल में भी आग लगा दी और फिर दो गाड़ियों को भी जला डाला। वहीं नालंदा के पुलिस अधीक्षक डॉ सिद्धार्थ के अनुसार दोनों मृत बच्चे सागर (लउआर) और रविरंजन (पंचवारा गाँव) के थे।
दोनों देवेन्द्र प्रसाद सिन्हा पब्लिक स्कूल के छात्र थे। यह स्कूल किसी बोर्ड से जुड़ा नहीं है। स्कूल के चार बच्चे सुबह शौच के लिए गये थे लेकिन इनमें से दो वापस नहीं लौटे थे। हालांकि दोनों छात्रों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनकी मौत डूबने से होने का पता चला है। जबकि पूर्व में घर वालों ने बच्चों की पीट पीटकर हत्या का आरोप लगाया था।