फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›   Patna News ›   Bihar: 'Safe Saturday' will be celebrated every Saturday in secondary and higher secondary schools

Bihar: माध्यमिक-उच्च माध्यमिक स्कूलों में हर शनिवार मनाया जाएगा ‘सुरक्षित शनिवार’, बच्चे सीखेंगे बचाव के गुर

Sun, 29 Jun 2025 07:58 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना Published by: शबाहत हुसैन Updated Sun, 29 Jun 2025 07:58 PM IST
सार

Bihar: प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत 30 जून से पटना स्थित चंद्रगुप्त प्रबंधन संस्थान में की जा रही है। राज्य स्तर पर आयोजित इस दो दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण में प्रत्येक जिले से 150-150 शिक्षकों के बैच बनाए जाएंगे।

विज्ञापन
Bihar: 'Safe Saturday' will be celebrated every Saturday in secondary and higher secondary schools
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

राज्य के सभी सरकारी माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में अब बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ आपदाओं से बचाव के तरीके भी सिखाए जाएंगे। इसके लिए मुख्यमंत्री विद्यालय सुरक्षा कार्यक्रम के तहत प्रत्येक शनिवार को ‘सुरक्षित शनिवार’ के नाम से विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जाएंगे।

विज्ञापन

इस संबंध में बिहार शिक्षा परियोजना परिषद के राज्य योजना निदेशक मयंक बड़बड़े ने जिला शिक्षा पदाधिकारियों और जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं। योजना के तहत प्रत्येक स्कूल से एक-एक शिक्षक को आपदा प्रबंधन का विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिन्हें ‘फोकल शिक्षक’ कहा जाएगा। ये शिक्षक अपने स्कूलों में बच्चों को आपदा से सुरक्षा संबंधी जानकारी देंगे।

विज्ञापन

प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत 30 जून से पटना स्थित चंद्रगुप्त प्रबंधन संस्थान में की जा रही है। राज्य स्तर पर आयोजित इस दो दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण में प्रत्येक जिले से 150-150 शिक्षकों के बैच बनाए जाएंगे। यह प्रशिक्षण 26 सितंबर 2025 तक चरणबद्ध तरीके से चलेगा। इसके बाद बचे हुए स्कूलों के शिक्षकों को प्रशिक्षित किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन


पढ़ें:  'निषाद समाज का DNA कश्यप ऋषि से जुड़ा, जातिवाद की राजनीति का समय खत्म'; सभा में बोले नित्यानंद राय

यह है उद्देश्य
कार्यक्रम का उद्देश्य है कि हर स्कूल में कम से कम एक प्रशिक्षित शिक्षक हो, जो छात्रों को भूकंप, आगजनी, बाढ़ समेत सभी आपदाओं के दौरान बचाव के तरीके सिखा सके। इसके माध्यम से न केवल बच्चे जागरूक होंगे बल्कि वे अपने परिवार और गांव के अन्य लोगों को भी आपदा से बचाव के प्रति जागरूक कर सकेंगे।

योजना की पृष्ठभूमि
मुख्यमंत्री विद्यालय सुरक्षा कार्यक्रम की शुरुआत वर्ष 2018-19 में हुई थी, लेकिन कोविड-19 महामारी के कारण इसे कुछ समय के लिए रोकना पड़ा। अब इसे माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में नए स्वरूप में लागू किया जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed