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Bihar News: 'जाति आधारित जनगणना पीएम मोदी का ऐतिहासिक निर्णय, एनडीए की पहले से मांग रही'
Fri, 02 May 2025 08:26 PM IST
पटना ब्यूरो
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, बक्सर
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, बक्सर
Published by: पटना ब्यूरो
Updated Fri, 02 May 2025 08:26 PM IST
सार
देश में 30 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जाति आधारित जनगणना की घोषणा कर विपक्षी दलों को मुद्दा विहीन कर दिया है। इसके बाद से राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
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पीसी करते प्रदेश प्रवक्ता
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
देश में 30 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जाति आधारित जनगणना की घोषणा कर विपक्षी दलों को मुद्दा विहीन कर दिया है। इसके बाद से राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। इस को लेकर बक्सर स्थित जिला अतिथी गृह में एनडीए गठबंधन के सभी दलों के जिला अध्यक्षों की उपस्थिति में संवाददाता सम्मेलन आयोजित किया गया, जिसमें भाजपा प्रदेश प्रवक्ता कुंतल कृष्णा और जदयू के प्रदेश प्रवक्ता राम निहोरा प्रसाद यादव शामिल हुए।
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भाजपा प्रदेश प्रवक्ता कुंतल कृष्णा ने बताया कि भारत में पूर्व वर्ष 1931 तक जाति आधारित जनगणना होती रही थी। इसके बाद यह प्रक्रिया रोक दी गई थी। अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इसे पुनः शुरू करने का निर्णय एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने याद दिलाया कि भाजपा की दिवंगत नेत्री सुषमा स्वराज ने अगस्त 2010 में तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को पत्र लिखकर जाति आधारित जनगणना की मांग की थी। उस समय सत्ता में शामिल दलों ने इसका विरोध किया था, लेकिन अब वही दल इसका श्रेय लेने की होड़ में लगे हैं।
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एनडीए की पहले से मांग रही है जातीय जनगणना
वहीं जदयू पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता राम निहोरा प्रसाद यादव ने कांग्रेस और तेजस्वी यादव पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि 2010 में भी जब कांग्रेस सत्ता में थी, तब जाति आधारित सामाजिक शैक्षणिक सर्वेक्षण हुआ था। उस समय एनडीए ने आधारित जनगणना की मांग की थी, लेकिन कांग्रेस ने इसे नहीं करवाया। आज जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह कदम उठाया है, तो कांग्रेस और राजद इसे अपना बताने की कोशिश कर रहे हैं, जो महज पाखंड है। उन्होंने यह भी कहा कि 2020 में बिहार सरकार ने केंद्र सरकार की सहमति से जाति आधारित सर्वेक्षण कराया था, जिसे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लागू किया था। उस समय तेजस्वी यादव सरकार में नहीं थे, फिर भी वे अब उसका भी श्रेय लेने की कोशिश कर रहे हैं।
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प्रेस वार्ता में जदयू जिला अध्यक्ष अशोक कुमार सिंह, भाजपा जिला अध्यक्ष ओमप्रकाश भवन, लोजपा (रामविलास) के जिला अध्यक्ष अखिलेश कुमार समेत एनडीए के सभी घटक दलों के जिला अध्यक्ष उपस्थित रहे। सभी ने इस निर्णय का स्वागत किया और इसे सामाजिक न्याय की दिशा में बड़ा कदम बताया।