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Bihar: भागलपुर में 5 जनवरी को टाउन हॉल में जनकल्याण संवाद, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा करेंगे अध्यक्षता
Sat, 03 Jan 2026 02:17 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: आशुतोष प्रताप सिंह
Updated Sat, 03 Jan 2026 02:17 PM IST
सार
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की सेवाओं को समय सीमा में आम लोगों तक पहुंचाने के उद्देश्य से 5 जनवरी 2026 को भागलपुर के टाउन हॉल में भूमि सुधार जनकल्याण संवाद का आयोजन किया जाएगा।
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उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग से जुड़ी सेवाओं को आम लोगों तक तय समय सीमा में पहुंचाने के उद्देश्य से 5 जनवरी 2026 को भागलपुर में भूमि सुधार जनकल्याण संवाद का आयोजन किया जाएगा। यह कार्यक्रम टाउन हॉल, भागलपुर में आयोजित होगा। कार्यक्रम की अध्यक्षता उप मुख्यमंत्री सह मंत्री, राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग विजय कुमार सिन्हा करेंगे।
इस जनकल्याण संवाद में राजस्व विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। इनमें प्रधान सचिव सीके अनिल, सचिव गोपाल मीणा, विशेष सचिव अरुण कुमार सिंह, अपर सचिव आजीव वत्सराज, उप निदेशक मोना झा, सहायक निदेशक सुधांशु शेखर, सुमित कुमार आनंद, विशेष कार्य पदाधिकारी अनुपम प्रकाश, सहायक निदेशक सह जनसंपर्क पदाधिकारी जूही कुमारी, आईटी मैनेजर आनंद शंकर समेत राजस्व मुख्यालय के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।
भूमि सुधार जनकल्याण संवाद की पहली पाली सुबह 11:00 बजे से दोपहर 2:30 बजे तक होगी। इस दौरान आम लोगों की समस्याएं सुनी जाएंगी। जनसंवाद में ऑनलाइन सेवाओं, भूमि से जुड़ी समस्याओं और उनके समाधान से संबंधित शिकायतों पर चर्चा की जाएगी। कुछ आवेदनों का अंचलवार चयन कर मौके पर ही अंचलाधिकारी और राजस्व कर्मचारी को आवेदक के सामने बैठाकर समस्या पर चर्चा और समाधान किया जाएगा। इस सत्र में सभी भूमि सुधार उप समाहर्ता, अंचल अधिकारी, राजस्व अधिकारी और संबंधित कर्मचारी भी मौजूद रहेंगे। 5 जनवरी 2026 को होने वाली मंत्री की समीक्षा बैठक में सभी अंचल अधिकारी, सभी अमीन और सभी राजस्व कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य होगी। इसके लिए चिकित्सा अवकाश और उपार्जित अवकाश को छोड़कर पहले से स्वीकृत सभी अवकाश रद्द माने जाएंगे।
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आवेदनकर्ताओं का रजिस्ट्रेशन सुबह 9:00 बजे से 10:30 बजे तक टाउन हॉल में अंचलवार लगाए गए काउंटरों पर किया जाएगा। आवेदन में अंचल का नाम, आवेदक का नाम, पूरा पता और मोबाइल नंबर लिखना अनिवार्य होगा, ताकि आवेदन पर की गई कार्रवाई की जानकारी मैसेज के जरिए मिल सके। यदि किसी समस्या को लेकर पहले भी संबंधित अधिकारियों के पास आवेदन दिया गया है, तो उसकी प्रति भी साथ लाने की अपील की गई है। महत्वपूर्ण बात यह है कि यहां प्राप्त सभी आवेदन पोर्टल पर अपलोड किए जाएंगे और उन पर नियमानुसार कार्रवाई होगी।
उप मुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि इस जनकल्याण संवाद का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि दाखिल–खारिज, परिमार्जन प्लस और ई-मापी जैसी सेवाएं समय सीमा में आम लोगों को मिलें। इससे भूमि अभिलेख अपडेट होंगे, राज्य में चल रहे भूमि सर्वेक्षण कार्य को भी गति मिलेगी और भूमि विवादों में बड़ी कमी आएगी। उन्होंने आम जनता को आश्वस्त किया कि भविष्य में भूमि सुधार से जुड़े कार्यों के लिए किसी को परेशान नहीं होना पड़ेगा। राज्य के सभी जिलों में राजस्व ग्रामवार कार्यों की समीक्षा की जा रही है और अधिकारियों को समय पर मामलों के निष्पादन के निर्देश दिए गए हैं। यह समीक्षा कार्य प्रधान सचिव सीके अनिल के नेतृत्व में लगातार जारी रहेगा। सरकार का स्पष्ट उद्देश्य है कि प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक संवेदनशील, पारदर्शी और जवाबदेह बनाया जाए, ताकि आम लोगों को समय पर उनका हक मिल सके।
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इस जनकल्याण संवाद में राजस्व विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। इनमें प्रधान सचिव सीके अनिल, सचिव गोपाल मीणा, विशेष सचिव अरुण कुमार सिंह, अपर सचिव आजीव वत्सराज, उप निदेशक मोना झा, सहायक निदेशक सुधांशु शेखर, सुमित कुमार आनंद, विशेष कार्य पदाधिकारी अनुपम प्रकाश, सहायक निदेशक सह जनसंपर्क पदाधिकारी जूही कुमारी, आईटी मैनेजर आनंद शंकर समेत राजस्व मुख्यालय के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।
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भूमि सुधार जनकल्याण संवाद की पहली पाली सुबह 11:00 बजे से दोपहर 2:30 बजे तक होगी। इस दौरान आम लोगों की समस्याएं सुनी जाएंगी। जनसंवाद में ऑनलाइन सेवाओं, भूमि से जुड़ी समस्याओं और उनके समाधान से संबंधित शिकायतों पर चर्चा की जाएगी। कुछ आवेदनों का अंचलवार चयन कर मौके पर ही अंचलाधिकारी और राजस्व कर्मचारी को आवेदक के सामने बैठाकर समस्या पर चर्चा और समाधान किया जाएगा। इस सत्र में सभी भूमि सुधार उप समाहर्ता, अंचल अधिकारी, राजस्व अधिकारी और संबंधित कर्मचारी भी मौजूद रहेंगे। 5 जनवरी 2026 को होने वाली मंत्री की समीक्षा बैठक में सभी अंचल अधिकारी, सभी अमीन और सभी राजस्व कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य होगी। इसके लिए चिकित्सा अवकाश और उपार्जित अवकाश को छोड़कर पहले से स्वीकृत सभी अवकाश रद्द माने जाएंगे।
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आवेदनकर्ताओं का रजिस्ट्रेशन सुबह 9:00 बजे से 10:30 बजे तक टाउन हॉल में अंचलवार लगाए गए काउंटरों पर किया जाएगा। आवेदन में अंचल का नाम, आवेदक का नाम, पूरा पता और मोबाइल नंबर लिखना अनिवार्य होगा, ताकि आवेदन पर की गई कार्रवाई की जानकारी मैसेज के जरिए मिल सके। यदि किसी समस्या को लेकर पहले भी संबंधित अधिकारियों के पास आवेदन दिया गया है, तो उसकी प्रति भी साथ लाने की अपील की गई है। महत्वपूर्ण बात यह है कि यहां प्राप्त सभी आवेदन पोर्टल पर अपलोड किए जाएंगे और उन पर नियमानुसार कार्रवाई होगी।
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दूसरी पाली दोपहर 3:30 बजे से शाम 5:00 बजे तक टाउन हॉल में ही समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक में प्रमंडलीय आयुक्त, जिला समाहर्ता, अपर समाहर्ता, सभी भूमि सुधार उप समाहर्ता, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, बंदोबस्त पदाधिकारी, सभी अंचलाधिकारी, राजस्व अधिकारी और राजस्व कर्मचारी शामिल होंगे। बैठक में दाखिल–खारिज, परिमार्जन प्लस, ई-मापी सहित सभी ऑनलाइन सेवाओं की स्थिति की आंकड़ों के साथ समीक्षा होगी। इसके साथ ही अभियान बसेरा-2 की प्रगति की भी विशेष समीक्षा की जाएगी।उप मुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि इस जनकल्याण संवाद का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि दाखिल–खारिज, परिमार्जन प्लस और ई-मापी जैसी सेवाएं समय सीमा में आम लोगों को मिलें। इससे भूमि अभिलेख अपडेट होंगे, राज्य में चल रहे भूमि सर्वेक्षण कार्य को भी गति मिलेगी और भूमि विवादों में बड़ी कमी आएगी। उन्होंने आम जनता को आश्वस्त किया कि भविष्य में भूमि सुधार से जुड़े कार्यों के लिए किसी को परेशान नहीं होना पड़ेगा। राज्य के सभी जिलों में राजस्व ग्रामवार कार्यों की समीक्षा की जा रही है और अधिकारियों को समय पर मामलों के निष्पादन के निर्देश दिए गए हैं। यह समीक्षा कार्य प्रधान सचिव सीके अनिल के नेतृत्व में लगातार जारी रहेगा। सरकार का स्पष्ट उद्देश्य है कि प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक संवेदनशील, पारदर्शी और जवाबदेह बनाया जाए, ताकि आम लोगों को समय पर उनका हक मिल सके।