नीतीश का अपहरण करके ले गई थी भाजपा, मैंने छुड़ायाः लालू
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बिहार चुनाव से पहले एक छतरी तले आए लालू यादव और नीतीश कुमार पहली बार एकसाथ एक मंच पर आए। एक कार्यक्रम के दौरान लालू-नीतीश ने अपनी पुरानी दोस्ती से लेकर नए गठबंधन और भाजपा की नीतियों पर खुलकर बात की।
पूरी रौ में दिखे लालू यादव ने भाजपा पर जमकर हमला बोला। नीतीश के साथ अपने गठबंधन पर कहा कि भाजपा नीतीश कुमार का अपहरण करके ले गई थी हमने इन्हें उनसे छुड़ाया। लालू ने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा कि हम उनकी साम्प्रदायिकता का रथ बिहार में रोककर दिखाएंगे।
वहीं नीतीश कुमार ने भी भाजपा पर हमला करते हुए कहा कि भाजपा अल्पसंख्यकों को कट्टर हिंदुओं का डर दिखाकर सत्ता में आन का प्रयास करती है। भाजपा ने हिंदुओं को भी कट्टर हिंदू और उदारवादी हिंदुओं में बांट दिया है।
लालू का दावा बिहार में रोकेंगे भाजपा का साम्प्रदायिक रथ
लालू ने नीतीश कुमार को अपना स्वभाविक मित्र बताते हुए कहा कि हम दोनों जेपी के आंदोलन से एक साथ हैं। बीच में भाजपा इनका अपहरण करके ले गई थी जिन्हें अब हमने छुड़वा लिया। नीतीश कुमार ने बिहार में अच्छा काम किया है इसलिए वो दोबारा भी सरकार बनाएंगे।
पहले पत्रकार बिहार का विकास देखने के लिए झुंड के झुंड में आते थे, अब इसकी जरूरत नहीं पड़ती। इस सवाल पर कि बिहार के विकास के दौरान तो भाजपा जेडीयू के साथ गठबंधन में थी लालू बोले भाजपा तो नीतीश कुमार की स्टपनी थी सारा काम तो नीतीश ने ही किया।
उन्होंने सुशील मोदी को चुनौती देते हुए कहा कि उनकी हैसियत नहीं थी कि कभी जेपी के सामने बोलने की, जेपी ने भरी सभा में से सुशील मोदी को बाहर कर दिया था, और आज वो हमसे सवाल पूछते हैं। भाजपा को आज बिहार में चुनाव दिखाई दे रहे हैं तो वो विशेष पैकेज की बात करती है।
बिहार में भाजपा का कोई कार्ड नहीं चलेगा। लालू ने दावा किया कि आड़वाणी के रथ को भी हमने ही रोका था और आगे भी भाजपा के साम्प्रदायिक रथ को हम ही रोकेंगे। बिहार में अपने शासन के दौरान जंगलराज पर भी लालू खुलकर बोले कहा हम गरीब आदमी और पिछडों की बात करते थे तो जातिवादी कहलाते थे।
नीतीश ने कहा बिहार में मंडल कार्ड खेलना चाहती है भाजपा
हमने बिहार में सदियों से चली आ रही सामंतवादी व्यवस्था को खत्म किया तो इसे जंगलराज कहा गया। कहा भाजपा बिहार में मंडल कार्ड खेल रही है जिसे हम सफल नहीं होने देंगे। पीएम मोदी के खुद को चाय वाला कहने पर लालू ने कहा कि मैं भी एक किसान का बेटा हूं। मैं भी दूध बेचा करता था, मैने भी पटना कालेज के बाहर चाय बनाई लेकिन कभी इस चीज का फायदा उठाने की कोशिश नहीं की।
वहीं नीतीश कुमार ने भी दावा किया कि बिहार की जनता उनके काम के आधार पर उन्हें दोबारा मौका देगी। केन्द्र में भाजपा की सरकार होने पर किस प्रकार विकास करा पाएंगे इस पर नीतीश ने कहा कि पूर्व में जब केन्द्र में यूपीए की सरकार थी तब हमने बिहार में खूब विकास कराया, इसलिए आगे भी कोई दिक्कत नहीं होगी।
कहा भाजपा का एक सूत्रीय एजेंडा है लोगों को साम्प्रदायिक आधार पर बांटना। भाजपा हिंदुओं को अल्पसंख्यकों का और अल्पसंख्यकों को कट्टर हिंदुओं का डर दिखाकर सत्ता में आना चाहती है यह मंसूबा हम सफल नहीं होने देंगे।