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विशेष दर्जे की मांग: सड़क से संसद तक मुद्दा उठाएगी जदयू, नीतीश की पार्टी ने बनाई खास रणनीति
Sun, 23 Jan 2022 09:53 PM IST
अभिषेक दीक्षित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: अभिषेक दीक्षित
Updated Sun, 23 Jan 2022 09:53 PM IST
सार
ललन ने अपने ट्वीट के साथ एक पोस्टर और एक वीडियो भी साझा किया है, जिसमें उन लाभों का वर्णन किया गया है जो विशेष दर्जा मिलने पर मिल सकते हैं।
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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
जदयू ने बिहार को विशेष दर्जे की मांग को लेकर नई रणनीति तैयार कर ली है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन ने बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने की रविवार को फिर से वकालत की। उन्होंने कहा कि हम इस मांग को सड़क से सदन तक उठाते रहेंगे। ललन ने ट्वीट कर कहा कि केंद्र सरकार से बिहार के लिए विशेष राज्य के दर्जे की मांग कर बिहार के लोग कोई भीख नहीं मांग रहे हैं। यह हमारा हक है। बिहारवासियों के हक की आवाज हमलोग सड़क से सदन तक उठाते रहेंगे।
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उन्होंने कहा कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा मिलने से विकासोन्मुख योजनाओं में वित्तीय सहायता मिलेगी और तभी राष्ट्रीय औसत के विकास दर को छू पाएगा बिहार। ललन ने कहा कि बिहार में संसाधन का अभाव है फिर भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की कार्यकुशलता के बदौलत बिहार की विकास दर कई वर्षों से दो अंकों में बनी हुई है।
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ललन ने अपने ट्वीट के साथ एक पोस्टर और एक वीडियो भी साझा किया है, जिसमें उन लाभों का वर्णन किया गया है जो विशेष दर्जा मिलने पर मिल सकते हैं। उन्होंने लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा नहीं किए जाने पर दुख व्यक्त किया। इससे पहले बिहार भाजपा अध्यक्ष संजय जायसवाल ने पिछले हफ्ते विशेष राज्य का दर्जा देने की मांग को यह दावा करते हुए खारिज कर दिया था कि बिहार को मिलने वाली केंद्रीय सहायता महाराष्ट्र जैसे अधिक आबादी वाले प्रांत से अधिक है।
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