बिहार: दरभंगा एमएलसी चुनाव में बढ़ी सियासी हलचल, डब्बू खान और रविंद्र यादव ने निर्दलीय भरा पर्चा
दरभंगा विधान परिषद चुनाव में स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र का मुकाबला दिलचस्प हो गया है। डब्बू खान और जन सुराज से बेटिकट रविंद्र यादव ने निर्दलीय नामांकन किया। कांग्रेस, राजद, माले, भाजपा, जदयू और जन सुराज के उम्मीदवार भी मैदान में हैं।
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बिहार विधान परिषद चुनाव को लेकर दरभंगा स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मुकाबला दिलचस्प होता जा रहा है। महागठबंधन के घटक दलों कांग्रेस, राजद और माले ने अलग-अलग उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं। वहीं एनडीए और जन सुराज ने भी अपने प्रत्याशियों की घोषणा की है।
दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से कांग्रेस ने रजनीकांत पाठक, राजद ने अनिल कुमार झा और माले ने संदीप चौधरी को उम्मीदवार बनाया है। एनडीए की ओर से जदयू ने डॉ. घनश्याम राय को मैदान में उतारा है। जन सुराज ने डॉ. इम्तियाज नूरानी को प्रत्याशी बनाया है।
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में राजद के वचन राउत और कांग्रेस के डॉ. मदन मोहन झा आमने-सामने हैं। भाजपा ने सर्वेश कुमार को उम्मीदवार बनाया है, जबकि जन सुराज ने सुरेश कुमार राय को मैदान में उतारा है।
मंगलवार को दरभंगा नगर निगम की महापौर अंजुम आरा के पति और कांग्रेस नेता सिबगतुल्लाह खान उर्फ डब्बू खान ने स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से निर्दलीय नामांकन दाखिल किया। उनके नामांकन के दौरान सैकड़ों समर्थक बाइक और अन्य वाहनों के साथ पहुंचे। समर्थकों के हाथों में सीजेपी से जुड़े पोस्टर भी दिखाई दिए।
नामांकन के बाद डब्बू खान ने कहा कि वे ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ की विचारधारा को मानते हैं। उन्होंने कहा कि उनका मुख्य फोकस मिथिलांचल के शिक्षित बेरोजगार युवाओं पर रहेगा। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं को पेपर लीक जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है, जिससे उन्हें आर्थिक और मानसिक नुकसान होता है।
डब्बू खान ने कहा कि वह वर्षों से राजनीति में सक्रिय हैं, लेकिन अब स्नातक युवाओं की आवाज सरकार तक पहुंचाने के उद्देश्य से चुनाव मैदान में उतरे हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव जीतने के बाद बिहार के वित्त रहित शिक्षकों की समस्याओं को विधान परिषद में मजबूती से उठाएंगे।
राजद के शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के उम्मीदवार वचन राउत ने भी मंगलवार को नामांकन दाखिल किया। वह सेवानिवृत्त शिक्षक हैं और शिक्षक नेता के रूप में शिक्षकों के सम्मान और अधिकारों के लिए संघर्ष करने का दावा करते हैं। उन्होंने कहा कि राजद ने उन्हें अपना अधिकृत उम्मीदवार बनाया है और वह इसी आधार पर चुनाव मैदान में हैं।
वहीं, सीतामढ़ी के सेवानिवृत्त जिला शिक्षा पदाधिकारी संजय कुमार देव उर्फ कन्हैया ने भी दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से नामांकन दाखिल किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने दरभंगा के शिक्षा विभाग में प्रोग्राम ऑफिसर के रूप में कई वर्षों तक काम किया और सीतामढ़ी में जिला शिक्षा पदाधिकारी के पद पर रहते हुए लोगों की सेवा की। इसी अनुभव के आधार पर वह स्नातक युवाओं की सेवा के लिए चुनाव लड़ रहे हैं।
जन सुराज से टिकट मिलने के बाद बेटिकट किए गए रविंद्र कुमार यादव ने भी निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में नामांकन दाखिल किया। उन्होंने प्रशांत किशोर पर धोखा देने का आरोप लगाया। यादव ने कहा कि मिथिलांचल के स्नातक युवाओं का समर्थन उनके साथ है और उनकी जीत युवाओं के दम पर होगी।
इधर, माले ने दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से संदीप चौधरी को उम्मीदवार बनाया है। मंगलवार को उन्होंने भी नामांकन दाखिल किया। उन्होंने कहा कि वह पूरे साल छात्र-छात्राओं के बीच रहकर उनकी समस्याओं के लिए काम करते रहे हैं। इसी आधार पर उन्होंने स्नातक मतदाताओं से अपने पक्ष में मतदान की अपील की।