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Bihar News : सीएम नीतीश के एक और पुराने साथी ने भाजपा का दरवाजा खटखटाया; प्रदेश उपाध्यक्ष ने ललन पर क्या कहा
Fri, 13 Oct 2023 06:08 PM IST
कृष्ण बल्लभ नारायण
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: कृष्ण बल्लभ नारायण
Updated Fri, 13 Oct 2023 06:08 PM IST
सार
Bihar : पूर्व विधान पार्षद रणवीर नंदन के बाद अब जदयू के प्रदेश उपाध्यक्ष और पूर्व विधायक ललन पासवान ने पार्टी को अलविदा कह भाजपा का दामन थामन लिया है। उन्होंने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं।
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जदयू के प्रदेश उपाध्यक्ष और पूर्व विधायक ललन पासवान
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
पूर्व विधान पार्षद रणवीर नंदन के बाद अब जदयू के प्रदेश उपाध्यक्ष और पूर्व विधायक ललन पासवान ने जदयू को अलविदा कह भाजपा के साथ हो गये हैं। ललन पासवान ने कहा कि सरकार कहती है हम दलित और दबे कुचले लोगों के साथ हैं लेकिन अब भी दलितों पर लगातार अत्याचार हो रहे हैं और प्रशासन खामोश है। दलितों और मदलितों पर लगातार हमले हो रहे हैं जिसे देखकर भी सरकार कुछ नहीं कर रही है। उन्होंने जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं।
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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ ललन सिंह पर साधा निशाना
ललन पासवान ने कहा कि जॉर्ज साहब ने लालू यादव के गुंडाराज और आतंक राज के खिलाफ 2094 में बिहार को मुक्ति दिलाने के लिए पार्टी की स्थापना की थी। लोहिया, जयप्रकाश और कर्पूरी ठाकुर के सपनों को साकार करने के लिए इस पार्टी का निर्माण हुआ था। लेकिन पार्टी अपने मूल सिद्धांतों से अब भटक गई है और भटकते भटकते यहां आ गई कि माननीय नीतीश कुमार जी ललन सिंह को राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाकर पार्टी को उनके पास गिरवी रख दिया। आज पार्टी को ललन सिंह ने लालू प्रसाद जी के चरणों में लाकर सौंप दिया।
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1990 का समय पुनः लौट आया है
ललन पासवान ने कहा कि दो बार घटनाएं घटी। लालू यादव को छोड़ना और लालू यादव की सरकार में पुनः जाना, शंकर बीघा, बाथे बथानी और नारायणपुर जैसे नरसंहार में सैकड़ो दलितों के खून बहे हैं। इतनी गोलियां चलीं, बिहार लथपथ रहा, बिहार कलंकित रहा, बिहार बदनाम रहा और पुनः दो-दो बार नीतीश कुमार लालू यादव के साथ मिलकर सरकार बनाई। आमजनों ने जिसके विरोध में नीतीश कुमार को जनमत दिया, नीतीश कुमार उसी के साथ मिलकर सरकार सरकार बना लिए। राजद के साथ मिलकर नीतीश कुमार जिस सरकार में हैं वह सरकार हम लोगों के दलितों पर लगातार जुल्म कर रही है। कल ही मेरे विधानसभा क्षेत्र में दो पासवान जाति के लोगों की गर्दन काटकर हत्या कर दी गई। औरंगाबाद में पासवान की हत्या हुई। दलित महिला को नंगा कर घुमाया गया। इस तरह ऐसी परिस्थितियां बनी हुई है कि बिहार में पुनः वही राज 1990 के काल का आचरण दिख रहा है।
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