फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›    Bihar CM Nitish Kumar sidesteps queries about BJP reservations on caste census

Caste Census: जाति आधारित जनगणना पर भाजपा की आपत्ति से सीएम नीतीश कुमार ने किया किनारा

Sun, 05 Jun 2022 06:26 AM IST
देव कश्यप पीटीआई, पटना।
पीटीआई, पटना। Published by: देव कश्यप Updated Sun, 05 Jun 2022 06:26 AM IST
सार

एक पत्रकार ने मुख्यमंत्री से भाजपा की बिहार इकाई के अध्यक्ष संजय जायसवाल की इस मांग के बारे में पूछा था कि ‘रोहिंग्याओं’ को सर्वेक्षण से बाहर रखा जाना चाहिए। जवाब में नीतीश ने कहा,‘‘पता नहीं।’’

विज्ञापन
 Bihar CM Nitish Kumar sidesteps queries about BJP reservations on caste census
नीतीश कुमार, मुख्यमंत्री, बिहार - फोटो : Social media

विस्तार

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य में प्रस्तावित जाति आधारित जनगणना को लेकर सहयोगी दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की आशंकाओं से जुड़े एक सवाल से शनिवार को किनारा कर लिया।

विज्ञापन


दरअसल, एक पत्रकार ने मुख्यमंत्री से भाजपा की बिहार इकाई के अध्यक्ष संजय जायसवाल की इस मांग के बारे में पूछा था कि ‘रोहिंग्याओं’ को सर्वेक्षण से बाहर रखा जाना चाहिए। जवाब में नीतीश ने कहा,‘‘पता नहीं।’’
विज्ञापन


इस सप्ताह सर्वदलीय बैठक में राज्य में जाति आधारित जनगणना को लेकर आम सहमति बनी थी। जायसवाल ने इसके बाद फेसबुक पर लिखा कि उनकी पार्टी इस कदम का समर्थन करती है, लेकिन वह कुछ बातों को लेकर चिंतित है।
विज्ञापन
विज्ञापन


भाजपा नेता ने दावा किया कि उन्होंने बैठक में भी इन चिंताओं को सामने रखा था। जायसवाल ने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि ‘सर्वेक्षण में बांग्लादेशी और रोहिंग्या मुसलमान जैसे विदेशी घुसपैठियों को शामिल नहीं किया जाए’, वरना उन्हें भी वैधता मिल जाएगी।

उन्होंने यह भी कहा कि सीमांचल क्षेत्र में ऊंची जाति के शेख मुसलमानों द्वारा आरक्षण का लाभ लेने के लिए खुद के कथित तौर पर अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) से जुड़े होने का गलत दावा किया जाता है और इन विसंगति को भी दूर किया जाना चाहिए।


गौरतलब है कि जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के नेता नीतीश कुमार मुसलमानों के बीच काफी लोकप्रिय हैं और भाजपा के इस रुख से उन्हें असहज स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। बिहार मंत्रिपरिषद ने जाति आधारित गणना को बृहस्पतिवार को मंजूरी प्रदान करते हुए इसके लिए 500 करोड़ रुपये का आवंटन किया था। मंत्रिपरिषद ने सर्वेक्षण पूरा करने के लिए 23 फरवरी की समय सीमा निर्धारित की है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed