{"_id":"5c044faabdec22417e300904","slug":"big-fraud-in-teacher-appointment-at-bihar-162-teachers-dismissed","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिहार: शिक्षक नियुक्ति में बड़ा फर्जीवाड़ा, 162 शिक्षक बर्खास्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बिहार: शिक्षक नियुक्ति में बड़ा फर्जीवाड़ा, 162 शिक्षक बर्खास्त
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Updated Mon, 03 Dec 2018 03:04 AM IST
विज्ञापन
teacher
- फोटो : Pexels.com
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बिहार में शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया एक बार फिर से सवालों के घेरे में है। इस बार सूबे के पूर्णिया में शिक्षक नियुक्ति में बड़े स्तर पर फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ है। विभाग ने करीब 162 शिक्षकों को बर्खास्त करने की सूची जारी की है, जबकि सैकड़ों फर्जी शिक्षकों के खिलाफ जांच जारी है।
एक ही टीईटी प्रमाण-पत्र पर दो से तीन शिक्षक नौकरी करते पाए गए
विभागीय जांच में एक ही टीईटी प्रमाण पत्र पर दो से तीन शिक्षकों के नौकरी करने का खुलासा हुआ है। जिला शिक्षा अधिकारी मिथिलेश कुमार ने बताया कि स्थापना डीपीओ चंद्रशेखर प्रसाद शर्मा द्वारा पूर्णिया के बनमनखी और रुपौली प्रखंड में जांच की गई।
जांच में बनमनखी में 107 और रुपौली में अब तक 55 फर्जी शिक्षक पकड़े गए हैं। जांच में पाया गया कि एक ही टीईटी प्रमाण-पत्र पर दो से तीन शिक्षक नौकरी कर रहे हैं। इन्हें बर्खास्त करने के लिए पत्र भेजा गया है। बता दें कि हाईकोर्ट के निर्देश पर 75 फर्जी शिक्षकों ने खुद इस्तीफा दे दिया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
एक ही टीईटी प्रमाण-पत्र पर दो से तीन शिक्षक नौकरी करते पाए गए
विभागीय जांच में एक ही टीईटी प्रमाण पत्र पर दो से तीन शिक्षकों के नौकरी करने का खुलासा हुआ है। जिला शिक्षा अधिकारी मिथिलेश कुमार ने बताया कि स्थापना डीपीओ चंद्रशेखर प्रसाद शर्मा द्वारा पूर्णिया के बनमनखी और रुपौली प्रखंड में जांच की गई।
विज्ञापन
जांच में बनमनखी में 107 और रुपौली में अब तक 55 फर्जी शिक्षक पकड़े गए हैं। जांच में पाया गया कि एक ही टीईटी प्रमाण-पत्र पर दो से तीन शिक्षक नौकरी कर रहे हैं। इन्हें बर्खास्त करने के लिए पत्र भेजा गया है। बता दें कि हाईकोर्ट के निर्देश पर 75 फर्जी शिक्षकों ने खुद इस्तीफा दे दिया था।
विज्ञापन