बिहार: औरंगाबाद हिंसा के आरोपी बीजेपी नेता अनिल सिंह पुलिस कस्टडी से भागा
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बिहार के औरंगाबाद में रामनवमी के बाद सांप्रदायिक तनाव बढ़ाने की कई जिलों में काफी कोशिशें की गईं, मगर लोगों की सूझबूझ और प्रशासन की सख्ती से यह नाकामयाब रही। तनावग्रस्त समस्तीपुर, औरंगाबाद, मुंगेर और नालंदा में अब हालात सामान्य हो गए हैं। समस्तीपुर में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए भाजपा के तीन नेताओं समेत लगभग एक दर्जन लोगों को गिरफ्तार किया था। यह गिरफ्तारी सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद की गई थी। मामले में पुलिस ने भाजपा नेता अनिल सिंह को भी गिरफ्तार किया था जोकि कल ही हिरासत से भाग गए हैं।
बता दें कि रामनवमी के बाद भड़की हिंसा में कहीं कोई अप्रिय घटना नहीं घटी, लेकिन भागलपुर में भड़की आग औरंगाबाद, समस्तीपुर, नालंदा होते हुए मुंगेर तक पहुंची थी। औरंगाबाद में फायरिंग हुई, जबकि नालंदा में पुलिस पर ही पथराव हुआ था। हर जगह प्रशासन ने तनाव पर काबू पाया।
वहीं गुरुवार को समस्तीपुर के एसपी दीपक रंजन ने बताया था कि सांप्रदायिक तनाव मामले में कई लोगों की तलाश जारी है। उन्होंने कहा था कि गिरफ्तार किए गए दिनेश कुमार झा वर्तमान में भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य हैं, जबकि दूसरे आरोपी मोहन पटवा फिलहाल भाजपा बुनकर प्रकोष्ठ के प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य हैं। वहीं तीसरे अनिल सिंह का ताल्लुक भी भाजपा से है। इधर, भाजपा नेताओं की गिरफ्तारी के विरोध में रोसड़ा बाजार बंद किया गया था।
Aurangabad clashes: BJP worker Anil Singh, who was arrested by Police, fled from custody, yesterday. #Bihar
— ANI (@ANI) March 30, 2018