बिहारः चीनी साझेदार होने के चलते दो ठेकेदारों का सरकार ने रद्द किया टेंडर
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राजधानी पटना से बिहार के उत्तरी छोर को जोड़ने वाले महात्मा गांधी सेतु के समानांतर नए पुल के निर्माण के लिए दो ठेकेदारों का टेंडर राज्य सरकार ने रद्द कर दिया है। प्रदेश की सरकार ने यह कदम इसलिए उठाए हैं, क्योंकि दोनों के साझेदार चीनी थे। सरकार ने इसके लिए फिर से आवेदन मांगे हैं।
राज्य के पथ निर्माण मंत्री नंद किशोर यादव ने कहा कि चार में से दो ठेकेदार. जिन्हें महात्मा गांधी सेतु के समानांतर एक नए पुल के निर्माण के लिए चुना गया था, उनके चीनी साझेदार थे। हमने उन्हें अपने साथी बदलने के लिए कहा, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया, इसलिए हमने उनका टेंडर रद्द कर दिया। हमने फिर से आवेदन मांगे हैं।
2 of 4 contractors who were selected for construction of a new bridge parallel to Mahatma Gandhi Setu, had Chinese partners. We asked them to change their partners but they didn't, so we cancelled their tender. We have called for applications again: Bihar Min Nand Kishore Yadav pic.twitter.com/JK5mz7a8lS
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) June 28, 2020
दरअसल, कागजों के अनुसार गांधी सेतु के नवनिर्मित पश्चिमी लेन को 30 जून तक चालू करने का लक्ष्य था, लेकिन यह तय समय पर चालू होता नहीं दिख रहा है। स्टील से निर्मित सुपरस्ट्रक्चर के 45 में से अब तक केवल 20 स्पैन की ही पिचिंग हुई है।