{"_id":"6558eba916ea67ab3e027255","slug":"two-wheeler-sales-report-november-2023-two-wheeler-sales-in-india-2023-2023-11-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Two-Wheeler Sales: त्योहारी सीजन के दौरान बाइक, स्कूटर की बिक्री में दिखी शानदार बढ़ोतरी","category":{"title":"Automobiles","title_hn":"ऑटो-वर्ल्ड","slug":"automobiles"}}
Two-Wheeler Sales: त्योहारी सीजन के दौरान बाइक, स्कूटर की बिक्री में दिखी शानदार बढ़ोतरी
Sat, 18 Nov 2023 10:32 PM IST
अमर शर्मा
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अमर शर्मा
Updated Sat, 18 Nov 2023 10:32 PM IST
सार
भारतीय दोपहिया बाजार ने 2022 के त्योहारी सीजन में धीमी बिक्री दर्ज की थी। लेकिन बढ़ती अर्थव्यवस्था और निचले स्तर पर बेहतरी के शुरुआती संकेतों के कारण पिछले शिखर के करीब मजबूत दोहरे अंक की बढ़ोतरी पर वापस आ गया है।
विज्ञापन
टू व्हीलर्स की बिक्री
- फोटो : For Reference Only
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारतीय दोपहिया बाजार ने 2022 के त्योहारी सीजन में धीमी बिक्री दर्ज की थी। लेकिन बढ़ती अर्थव्यवस्था और निचले स्तर पर बेहतरी के शुरुआती संकेतों के कारण पिछले शिखर के करीब मजबूत दोहरे अंक की बढ़ोतरी पर वापस आ गया है। अनुमान है कि नवरात्रि और दिवाली सीजन के आखिर के बीच लगभग 25 लाख से 30 लाख यूनिट्स की खुदरा बिक्री हुई है।
शीर्ष चार दोपहिया वाहन निर्माताओं में से तीन का दावा है कि अगस्त में ओणम से लेकर अक्तूबर में नवरात्रि तक इस सीजन की पहली छमाही में दोहरे अंक में बढ़ोतरी हुई है। और अनुमान है कि उन्होंने धनतेरस, नवरात्रि और दशहरा तक मजबूत गति को बनाए रखा है और दिवाली, भाईदूज के साथ सीजन का शानदार समापन हुआ।
पिछले त्योहारी सीजन में, देश के सबसे बड़ी दोपहिया वाहन निर्माता ने नवरात्रि से दिवाली के बीच 12 लाख से ज्यादा वाहन बेचे थे। लेकिन इस बार कंपनी द्वारा निर्देशित 15 प्रतिशत की न्यूनतम बढ़ोतरी मानते हुए, इसकी खुदरा बिक्री लगभग 13 लाख से 14 लाख होने की संभावना है।
विज्ञापन
टू-व्हीलर्स की बिक्री में बढ़ोतरी का श्रेय एंट्री लेवल दोपहिया वाहन खरीदारों के एक प्रमुख वर्ग के वापस आने को दिया जा सकता है। कंपनी का भी मानना है कि ग्रामीण बाजार वापस आ रहा है और इससे ओवरऑल बाजार को मदद मिलेगी।
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोटिव डीलर्स एसोसिएशन (FADA) ने नवरात्रि-दशहरा सीजन की अपनी समीक्षा में कहा था कि त्योहारी उत्साह और मजबूत ग्रामीण मांग से उत्साहित दोपहिया श्रेणी में कई सकारात्मक रुझान देखे गए। बेहतर फाइनेंस स्कीम के साथ-साथ खास तौर पर पिछले वर्ष की उच्च मांग वाले मॉडलों की बढ़ी हुई उपलब्धता ने बाजार की ठोस रफ्तार में योगदान दिया।
FADA ने अपने बयान में कहा, "चुनावी राज्यों ने भी बाजार में आशावाद का संचार किया, जिससे सरकारी खर्च में बढ़ोतरी हुई और लिक्विडिटी में सुधार हुआ।" बयान में कहा गया, "दिवाली के नवंबर में जाने के साथ त्योहार की तारीखों में बदलाव के बावजूद, त्योहारी सीजन की प्रत्याशा बढ़ गई है। खरीदारी के इरादे और डीलरों ने अच्छी स्टॉक तैयारी और मजबूत जमीनी प्रयासों की सूचना दी, जिससे बिक्री के आंकड़ों में बढ़ोतरी हुई, जो एक लचीले और अनुकूली बाजार का प्रदर्शन है।''
दोपहिया वाहन सेगमेंट के लिए औसत इन्वेंट्री 40-45 दिनों में पर्याप्त थी। और वाहन निर्माताओं द्वारा खरीदारों को लुभाने के लिए कई योजनाएं शुरू की गई थीं। खासकर एंट्री सेगमेंट और ग्रामीण और सेमी-अर्बन क्षेत्रों में।
विज्ञापन
शीर्ष चार दोपहिया वाहन निर्माताओं में से तीन का दावा है कि अगस्त में ओणम से लेकर अक्तूबर में नवरात्रि तक इस सीजन की पहली छमाही में दोहरे अंक में बढ़ोतरी हुई है। और अनुमान है कि उन्होंने धनतेरस, नवरात्रि और दशहरा तक मजबूत गति को बनाए रखा है और दिवाली, भाईदूज के साथ सीजन का शानदार समापन हुआ।
विज्ञापन
पिछले त्योहारी सीजन में, देश के सबसे बड़ी दोपहिया वाहन निर्माता ने नवरात्रि से दिवाली के बीच 12 लाख से ज्यादा वाहन बेचे थे। लेकिन इस बार कंपनी द्वारा निर्देशित 15 प्रतिशत की न्यूनतम बढ़ोतरी मानते हुए, इसकी खुदरा बिक्री लगभग 13 लाख से 14 लाख होने की संभावना है।
विज्ञापन
टू-व्हीलर्स की बिक्री में बढ़ोतरी का श्रेय एंट्री लेवल दोपहिया वाहन खरीदारों के एक प्रमुख वर्ग के वापस आने को दिया जा सकता है। कंपनी का भी मानना है कि ग्रामीण बाजार वापस आ रहा है और इससे ओवरऑल बाजार को मदद मिलेगी।
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोटिव डीलर्स एसोसिएशन (FADA) ने नवरात्रि-दशहरा सीजन की अपनी समीक्षा में कहा था कि त्योहारी उत्साह और मजबूत ग्रामीण मांग से उत्साहित दोपहिया श्रेणी में कई सकारात्मक रुझान देखे गए। बेहतर फाइनेंस स्कीम के साथ-साथ खास तौर पर पिछले वर्ष की उच्च मांग वाले मॉडलों की बढ़ी हुई उपलब्धता ने बाजार की ठोस रफ्तार में योगदान दिया।
FADA ने अपने बयान में कहा, "चुनावी राज्यों ने भी बाजार में आशावाद का संचार किया, जिससे सरकारी खर्च में बढ़ोतरी हुई और लिक्विडिटी में सुधार हुआ।" बयान में कहा गया, "दिवाली के नवंबर में जाने के साथ त्योहार की तारीखों में बदलाव के बावजूद, त्योहारी सीजन की प्रत्याशा बढ़ गई है। खरीदारी के इरादे और डीलरों ने अच्छी स्टॉक तैयारी और मजबूत जमीनी प्रयासों की सूचना दी, जिससे बिक्री के आंकड़ों में बढ़ोतरी हुई, जो एक लचीले और अनुकूली बाजार का प्रदर्शन है।''
दोपहिया वाहन सेगमेंट के लिए औसत इन्वेंट्री 40-45 दिनों में पर्याप्त थी। और वाहन निर्माताओं द्वारा खरीदारों को लुभाने के लिए कई योजनाएं शुरू की गई थीं। खासकर एंट्री सेगमेंट और ग्रामीण और सेमी-अर्बन क्षेत्रों में।