{"_id":"66b21a158c0da4003703e943","slug":"dcdrc-orders-ola-electric-mobility-to-pay-rs-1-9-lakh-to-hyderabad-customer-who-purchased-defective-e-scooter-2024-08-06","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Ola Electric Scooter: ओला इलेक्ट्रिक पर खराब स्कूटर बेचने के लिए 1.92 लाख रुपये का जुर्माना, जानें डिटेल्स","category":{"title":"Automobiles","title_hn":"ऑटो-वर्ल्ड","slug":"automobiles"}}
Ola Electric Scooter: ओला इलेक्ट्रिक पर खराब स्कूटर बेचने के लिए 1.92 लाख रुपये का जुर्माना, जानें डिटेल्स
Tue, 06 Aug 2024 06:12 PM IST
अमर शर्मा
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अमर शर्मा
Updated Tue, 06 Aug 2024 06:12 PM IST
सार
जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग, संगारेड्डी ने ओला इलेक्ट्रिक मोबिलिटी प्राइवेट लिमिटेड को एक खराब इलेक्ट्रिक-स्कूटर खरीदने वाले ग्राहक को 1,92,205 रुपये का भुगतान करने का आदेश दिया है।
विज्ञापन
Ola Electric Scooter
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग (डीसीडीआरसी), संगारेड्डी ने ओला इलेक्ट्रिक मोबिलिटी प्राइवेट लिमिटेड को एक खराब इलेक्ट्रिक-स्कूटर खरीदने वाले ग्राहक को 1,92,205 रुपये का भुगतान करने का आदेश दिया है।
इस राशि में खरीद की तारीख (3 जुलाई, 2023) से वसूली तक नौ प्रतिशत ब्याज दर के साथ 1,67,205 रुपये का रिफंड और 30,000 रुपये का मुआवजा शामिल है।
विज्ञापन
इस राशि में खरीद की तारीख (3 जुलाई, 2023) से वसूली तक नौ प्रतिशत ब्याज दर के साथ 1,67,205 रुपये का रिफंड और 30,000 रुपये का मुआवजा शामिल है।
ओला को ग्राहकों को दोषपूर्ण उत्पाद आपूर्ति करके भ्रामक व्यवहार करने के लिए जुर्माने के रूप में अपने बैंक खाते 'उपभोक्ता कानूनी सहायता' में 5,000 रुपये जमा करने का भी निर्देश दिया गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, जहीराबाद निवासी शिकायतकर्ता मैडी डेविड के कहा कि, डिलीवरी के कुछ दिनों के भीतर ही स्कूटर अचानक बंद हो जाने से वह बीच सड़क पर फंस गए।
उपभोक्ता ने इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन खरीदने के लिए बैंक से लोन लिया था।
उपभोक्ता ने इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन खरीदने के लिए बैंक से लोन लिया था।
डेविड ने कहा कि कंपनी के प्रतिनिधियों द्वारा समस्या का समाधान करने और कुछ दिनों के भीतर स्कूटर वापस करने के आश्वासन के बावजूद, उन्होंने कुछ नहीं किया।
जबकि फोरम ने ओला इलेक्ट्रिक के बंगलूरू स्थित कार्यालय को कई नोटिस जारी किए। लेकिन वह आयोग के सामने पेश नहीं हुआ और न ही अपना जवाब दाखिल किया। जो शिकायत में लगाए गए आरोपों को स्वीकार करने के समान है।
यह देखते हुए कि कंपनी ने शिकायतकर्ता को एक दोषपूर्ण वाहन बेचा, पीठ ने निर्माता को 23 जुलाई से 30 दिनों के भीतर आदेश का पालन करने का निर्देश दिया।