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Bike Taxi Ban: बंगलूरू में बैन के बावजूद चल रही बाइक टैक्सी, राइडर इस तरह दे रहे चकमा!
Wed, 09 Jul 2025 03:24 PM IST
नीतीश कुमार
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: नीतीश कुमार
Updated Wed, 09 Jul 2025 03:24 PM IST
सार
Bengaluru Bike Taxi Ban: बंगलूरू में बाइक टैक्सी सर्विस पर बैन के बाद राइडर्स व्हाट्सएप के जरिए यात्रियों से सीधे संपर्क कर रहे हैं। वे ग्राहकों के सेव किए गए नंबरों पर मैसेज भेजकर पिकअप सर्विस ऑफर कर रहे हैं।
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बाइक टैक्सी
- फोटो : Adobe Stock
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विस्तार
कर्नाटक सरकार द्वारा बाइक टैक्सी सेवाओं पर प्रतिबंध लगाने के बाद कई राइडर्स ने बाइक चलाने का नया तरीका खोज लिया है। अब कई बाइक टैक्सी चालक यात्रियों से व्हाट्सएप पर सीधे संपर्क कर रहे हैं और पुराने ग्राहकों के नंबरों का इस्तेमाल कर पिकअप की पेशकश कर रहे हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रोजाना यात्रा करने वाले कई लोगों ने बताया कि उन्हें व्हाट्सएप पर पर्सनल मैसेज मिल रहे हैं, जिसमें राइडर्स अपनी लाइव लोकेशन शेयर कर रहे हैं और पहले जैसी ही कीमत पर राइड देने की बात कर रहे हैं। कुछ यात्रियों ने बताया कि राइडर्स पुराने ट्रिप्स या डिजिटल पेमेंट्स के जरिए मिले नंबरों का उपयोग कर रहे हैं।
पार्सल बुकिंग के बहाने राइड ऑफर
राइडर्स अब पार्सल डिलीवरी को भी एक रास्ते के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं। कई यात्रियों ने बताया कि जब वे किसी पार्सल के लिए बुकिंग करते हैं, तो राइडर कॉल करके पूछते हैं कि पार्सल है या कोई जा रहा है। अगर जवाब मिलता है कि कोई ट्रैवल करना चाहता है, तो वे बुकिंग कैंसल कराकर डायरेक्ट पिकअप करने को कहते हैं।
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मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रोजाना यात्रा करने वाले कई लोगों ने बताया कि उन्हें व्हाट्सएप पर पर्सनल मैसेज मिल रहे हैं, जिसमें राइडर्स अपनी लाइव लोकेशन शेयर कर रहे हैं और पहले जैसी ही कीमत पर राइड देने की बात कर रहे हैं। कुछ यात्रियों ने बताया कि राइडर्स पुराने ट्रिप्स या डिजिटल पेमेंट्स के जरिए मिले नंबरों का उपयोग कर रहे हैं।
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पार्सल बुकिंग के बहाने राइड ऑफर
राइडर्स अब पार्सल डिलीवरी को भी एक रास्ते के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं। कई यात्रियों ने बताया कि जब वे किसी पार्सल के लिए बुकिंग करते हैं, तो राइडर कॉल करके पूछते हैं कि पार्सल है या कोई जा रहा है। अगर जवाब मिलता है कि कोई ट्रैवल करना चाहता है, तो वे बुकिंग कैंसल कराकर डायरेक्ट पिकअप करने को कहते हैं।
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बाइक टैक्सी (फाइल)
- फोटो : एएनआई
राइडर्स यात्रियों से यह भी कह रहे हैं कि भविष्य में सीधे उन्हें कॉल करें, खासकर वही लोग जो रोज एक ही रूट पर यात्रा करते हैं। ये गतिविधियां कोरमंगला, इलेक्ट्रॉनिक सिटी, सिल्क बोर्ड, बेलंदूर और आउटर रिंग रोड जैसे इलाकों में ज्यादा देखने को मिल रही हैं।
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डेटा प्राइवेसी पर सवाल
कई यात्रियों को इस बात की चिंता है कि राइडर्स के पास उनका नंबर कैसे पहुंचा और वे इसे कैसे इस्तेमाल कर रहे हैं। कुछ लोग जहां परिचित राइडर्स से संपर्क में सहज महसूस कर रहे हैं, वहीं कुछ को बिना अनुमति के आए कॉल और मैसेज से असहजता हो रही है।
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महंगी ऑटो राइड्स बनीं वजह
यात्रियों का कहना है कि बाइक टैक्सी पर बैन के बाद ऑटो वाले मनमाना किराया वसूल रहे हैं। ऑटो वाले 2 किलोमीटर के लिए 120 से 150 रुपये तक की मांग कर रहे हैं। ऐसे में बाइक टैक्सी राइडर्स अधिक किफायती और भरोसेमंद लगते हैं, भले ही तरीका गैरकानूनी हो।
यात्रियों का मानना है कि सरकार को इसके लिए एक व्यवहारिक विकल्प देना चाहिए, जिससे छोटे दूरी की यात्रा महंगी और असुविधाजनक न बने।
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डेटा प्राइवेसी पर सवाल
कई यात्रियों को इस बात की चिंता है कि राइडर्स के पास उनका नंबर कैसे पहुंचा और वे इसे कैसे इस्तेमाल कर रहे हैं। कुछ लोग जहां परिचित राइडर्स से संपर्क में सहज महसूस कर रहे हैं, वहीं कुछ को बिना अनुमति के आए कॉल और मैसेज से असहजता हो रही है।
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महंगी ऑटो राइड्स बनीं वजह
यात्रियों का कहना है कि बाइक टैक्सी पर बैन के बाद ऑटो वाले मनमाना किराया वसूल रहे हैं। ऑटो वाले 2 किलोमीटर के लिए 120 से 150 रुपये तक की मांग कर रहे हैं। ऐसे में बाइक टैक्सी राइडर्स अधिक किफायती और भरोसेमंद लगते हैं, भले ही तरीका गैरकानूनी हो।
यात्रियों का मानना है कि सरकार को इसके लिए एक व्यवहारिक विकल्प देना चाहिए, जिससे छोटे दूरी की यात्रा महंगी और असुविधाजनक न बने।