फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Automobiles News ›   Auto News ›   What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November

बंपर खरीदारी के बाद भी क्यों वाहन कंपनियों को सता रहा है डर, क्या है बाजार का हाल?

Mon, 30 Nov 2020 05:46 PM IST
श्रीधर मिश्रा ऑटो डेस्क, अमर उजाला
ऑटो डेस्क, अमर उजाला Published by: श्रीधर मिश्रा Updated Mon, 30 Nov 2020 05:46 PM IST
विज्ञापन
What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : Amar Ujala

जब 50 दिनों के लॉकडाउन के बाद देश में वापस से शोरूम खुलने शुरू हुए, तो सबसे बड़ा सवाल यही था कि क्या लोग कोरोना काल में वाहनों की खरीदारी करेंगे? लेकिन कहना गलत नहीं होगा कि जो अनुमान ऑटो सेक्टर को लेकर लगाए गए थे, उसके मुकाबले स्थिति काफी बेहतर है। वहीं, फेस्टिव सीजन में कई कंपनियों की बिक्री पिछले साल से भी ज्यादा है। लेकिन इसके बावजूद भी एक डर है, जो वाहन कंपनियों को सता रहा है। तो चलिए आज ह आपको इस डर और कोरोना काल में ऑटो इंडस्ट्री के हाल के बारे में चरण दर चरण में समझाने जा रहे हैं। तो डालते हैं एक नजर,

विज्ञापन

पहला चरण: वाहन कंपनियों की मांग

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : Tata Motors
  • राहत पैकेज: लॉकडाउन की शुरुआत से ही ऑटो इंडस्ट्री लगातार सरकार से राहत पैकेज की मांग कर रही है। हालांकि, जून महीने से बिक्री में लगातार हो रहे सुधार और फेस्टिव सीजन में बंपर बिक्री के बाद यह मांग कम होने लगी है।
  • GST घटाने की मांग- ऑटो इंडस्ट्री की तरफ से लगातार सरकार से जीएसटी की दरों को 10 फीसदी तक घटाने की मांग की जा रही है। सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (सियाम) के पूर्व अध्यक्ष राजन वढेरा के मुताबिक कंपनियों को वाहनों पर 3 से 9 फीसदी तक का मुनाफा होता है। जबकि, सरकार की तरफ से वाहनों पर 28 से 60 फीसदी तक जीएसटी टैक्स लगाए जा रहे हैं। वढेरा का कहना है कि कंपनियों के मार्जिन से ज्यादा तो सरकार को फायदा हो रहा है। 
  • डिस्काउंट देना हो रहा है मुश्किल: इंडस्ट्री का कहना है कि कोरोना काल में हुए नुकसान के कारण ग्राहकों को डिस्काउंट देना मुश्किल हो रहा है। कंपनियों का कहना है कि कोविड-19 को लेकर अपनाए जा रहे सुरक्षा प्रयासों के कारण लागत काफी बढ़ गई है, जिससे डिस्काउंट देना मुश्किल हो रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

दूसरा चरण: लॉकडाउन के बाद बढ़ने लगी नौकरियां

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : PTI

लॉकडाउन में भर्तियों में गिरावट: मार्च महीने के आखिर में जब देश में लॉकडाउन लगा तो भर्तियों में भारी गिरावट आई। Naukri.com की रिपोर्ट के मुताबिक मार्च महीने में भर्तियों की दर घटकर (-26) फीसदी तक पहुंच गई। वहीं, अप्रैल महीने में भर्तियों की दर घटकर (-72) फीसदी पहुंच गई।

लॉकडाउन के बाद भर्तियों में बढ़ोतरी: लॉकडाउन के बाद हालात सुधरने लगे, जिसका असर नौकरियों पर भी दिखा। मई महीने में 28 फीसदी भर्तियां बढ़ीं। वहीं, जून महीने में ऑटो सेक्टर में 72 फीसदी ज्यादा लोगों को नौकरियां मिलीं। जुलाई महीने में भर्तियों की दर में 18 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई। स्टाफिंग फर्म Xpheno की रिपोर्ट के मुताबिक जुलाई महीने में 8000 भर्तियां हुईं। ये भर्तियां ऑटोमोटिव इंजीनियरिंग, प्रोडक्शन, ऑटो कम्पोनेंट्स जैसे सेक्टर्स में हुई हैं।

विज्ञापन

तीसरा चरण: इन सेगमेंट में मना जश्न

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : Mahindra
  • पुरानी कारों की बढ़ी मांग: कोरोना काल में पुरानी गाड़ियों की बिक्री में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई। मार्केटप्लेस OLX की एक सर्वे रिपोर्ट के मुताबिक अप्रैल से जुलाई महीने के दौरान पुरानी कारों की बिक्री में बढ़ोतरी दर्ज की गई। रिपोर्ट की मानें तो फरवरी के मुकाबले जुलाई महीने में पुरानी कारों की बिक्री में 25 फीसदी की बढ़ोतरी आई है।
  • CNG कारों की बिक्री में आया उछाल: कोरोना काल में CNG कारों की बिक्री भी जबरदस्त बढ़ी है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि वित्त वर्ष 2021 में मारुति की सीएनजी कारों की बिक्री में 36 फीसदी की बढ़ोतरी देखी जा सकती है, जहां कंपनी CNG कारों के 144,000 यूनिट्स की बिक्री कर सकती है। 
  • ट्रैक्टरों की बंपर बिक्री: ट्रैक्टरों की बंपर बिक्री लगातार जारी है। कोरोना काल में ट्रैक्टरों की भारी मांग ने ऑटो इंडस्ट्री में तहलका मचा रखा है। अक्टूबर महीने की ही बात करें तो इस महीने 55,146 ट्रैक्टरों का रजिस्ट्रेशन हुआ। जबकि, अक्टूबर 2019 में 35,456 ट्रैक्टरों का रजिस्ट्रेशन हुआ था। यानी अक्टूबर 2019 की तुलना में इस अक्टूबर ट्रैक्टरों के रजिस्ट्रेशन में 55.53 फीसदी की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई। लॉक डाउन से अब तक हर महीने ट्रैक्टरों की बंपर बिक्री हुई है।

चौथा चरण: इन सेगमेंट में पसरा सन्नाटा

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : PTI
कोरोना काल में कॉमर्शियल और तीन पहिया वाहनों की बिक्री में भारी गिरावट आई है।

पांचवां चरण: कोरोना में बढ़ी वाहनों की खरीदारी

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : PTI
कोरोना के कारण लोग पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करने से बच रहे हैं। यही कारण है कि वाहनों की खरीदारी बढ़ी है। जून से अक्टूबर तक में लगातार सभी कंपनियों के वाहनों की बिक्री बढ़ी है। बल्कि, सितंबर और अक्टूबर में तो कई कंपनियों ने पिछले साल से भी ज्यादा बिक्री की है।

छठा चरण: फेस्टिव सीजन बना संजीवनी

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : Unsplash
इस फेस्टिव सीजन सभी वाहनों की बंपर खरादारी हुई है। कहना गलत नहीं होगा कि कोरोना और मंदी की कार झेल रहे इंस्ट्री के लिए त्योहारी सीजन किसी संजीवनी से कम नहीं रहा।

सातवां चरण: वेटिंग पीरियड से बढ़ी ग्राहकों की परेशानी

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : Amar Ujala
इस फेस्टिव सीजन वाहनों की बंपर खरीदारी हुई, लेकिन कोरोना की वजह से वाहनों की डिलीवरी में देरी आ रही है। यही कारण है कि वाहनों पर वेटिंग पीरियड बढ़ गया है। दरअसल कोरोना की वजह से कंपनियां अपनी पूरी क्षमता से काम नहीं कर पा रही हैं। वहीं, सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों के कारण भी प्रोडक्शन में देरी आ रही है। ऐसे में कंपनी के लिए वाहनों के प्रोडक्शन को बढ़ाना और डिलीवरी में तेजी लाना एक बड़ी चुनौती बन गई है।

आचरण: त्योहारों के बाद क्या होगा?

What is the condition of the auto sector in the Corona era? Read the trend from April to November
सांकेतिक - फोटो : Unsplash
बंपर बिक्री के बाद भी एक डर कंपनियों को सता रहा है कि फेस्टिव सीजन के बाद इंडस्ट्री का क्या हाल होगा। कंपनियोंं को डर है कि दिसंबर महीने से बिक्री में गिरावट देखी जा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed