{"_id":"63c530fd2a92e212105f5840","slug":"political-astrology-predictions-for-2024-kundali-analysis-of-sharad-pawar-2023-01-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"ज्योतिषीय विश्लेषण: क्या तीसरे मोर्चे को एक कर पाएंगे शरद पवार ? क्या नसीब होगी पीएम की कुर्सी ?","category":{"title":"Predictions","title_hn":"बोले तारे","slug":"predictions"}}
ज्योतिषीय विश्लेषण: क्या तीसरे मोर्चे को एक कर पाएंगे शरद पवार ? क्या नसीब होगी पीएम की कुर्सी ?
Mon, 16 Jan 2023 04:42 PM IST
विनोद शुक्ला
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: विनोद शुक्ला
Updated Mon, 16 Jan 2023 04:42 PM IST
सार
शरद पवार की कुंडली में दशम और लाभ स्थान के स्वामी दोनों लग्न में विराजमान होकर उनके सत्ता सुख की ओर संकेत दे रहे हैं।
विज्ञापन
एनसीपी प्रमुख शरद पवार को महाराष्ट्र की राजनीति में चाणक्य की संज्ञा दी जाती है।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
साल 2023 दस्तक दे चुका है और इस साल कई बड़े राज्यों में विधानसभा चुनाव है जोकि अगले साल होने वाले आम चुनाव के सेमीफाइनल की तरह होंगे। इस समय जहां बीजेपी पूरी ताकत से दक्षिण के राज्यों में पैर जमाने की सोच रही है वहीं विपक्ष लगातार इस बात को कह रहा है कि वो मिलकर बीजेपी को रोक देंगे। इस एकता की मशाल इस समय एनसीपी प्रमुख शरद पवार के हाथों में है जिन्हे महाराष्ट्र की राजनीति में चाणक्य की संज्ञा दी जाती है। आज इस लेख में हम शरद पवार की कुंडली से समझने की कोशिश करेंगे कि ग्रह नक्षत्र उनके कितने साथ हैं।
विज्ञापन
- शरद पवार की कुंडली में दशम और लाभ स्थान के स्वामी दोनों लग्न में विराजमान होकर उनके सत्ता सुख की ओर संकेत दे रहे हैं।
- लग्न में सूर्य के द्वारा राजयोग होने से वो निर्भीक है और उन्होंने सीएम पद के साथ 2 केंद्र में भी मंत्री पद का सुख प्राप्त किया है। बुध के सूर्य विराजमान होने से उन्हें जनता का भी भरपूर साथ मिला है।
- इस कुंडली में सिंहासन का कारक गुरु शनि के साथ नीचभंग राजयोग में हैं। शनि नीच राशि में है लेकिन उस पर उस राशि के स्वामी मंगल की दृष्टि होने से वो बेहद ताकतवर हुआ है।
- राजनीति में शनि जनता का कारक होता है और शनि की सप्तम दृष्टि उच्च राशि में होने से उन्हें बाहरी संबंधों का खूब लाभ मिला। मंगल शनि राजयोग में होने के कारण उन्होंने देश के रक्षा मंत्री के रूप में भी काम किया।
- राहु बुध की राशि में बैठकर बलवान हो गया है वही दशम भाव पर गुरु की दृष्टि ने उन्हें राजनीति का चाणक्य बना दिया है। बारहवें भाव में शुक्र मंगल ने बलवान राजयोग बनाकर उन्हें सत्ता के शीर्ष पर विराजमान करवाया।
- शरद पवार की कुंडली में चन्द्रमा भाग्येश होकर छठे भाव में नीच के शनि के साथ होने से इन्हे संघर्ष काफी करना पड़ेगा और पीएम की कुर्सी काफी दूर दिखाई दे रही है।
- हालांकि बुध और राहु पूरी तरह से कुंडली में बलवान है इसलिए इस बात से भी इंकार नहीं किया जा सकता है कि आने वाले समय में विपक्षी दलों के संवाद में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण होगी।
- शरद पवार की कुंडली को गौर से देखे तो इन्हे पाप ग्रह मंगल शनि और राहु की दशाओं में खूब लाभ हुआ है लेकिन वर्तमान में लग्न में ही राहु के गोचर के कारण महाराष्ट्र में उन्हें मात खानी पड़ी है।
- वर्तमान में गुरु का गोचर द्वादश भाव में होने से शरद पवार की राजनीतिक ताकत में थोड़ी कमी दिखाई दे रही है लेकिन 17 जनवरी से लाभ स्थान में शनि का गोचर इनके लिए लाभदायक होगा।
- हालांकि इस समय उनको अपने स्वास्थ्य को लेकर भी सचेत रहना चाहिए क्यूंकि मारक स्थान में केतु का गोचर है और अप्रैल के बाद लग्न में गुरु चांडाल योग पर शनि की दृष्टि हानिकारक साबित होगी।
- Shanidev: कल से कुंभ राशि में शनिदेव, इन राशियों पर शुरू होगी साढ़ेसाती और ढैय्या, ये राशियां होंगी मालामाल
विज्ञापन
विज्ञापन