यूपी के गोंडा में जिला कारागार में निरुद्ध बंदी की शनिवार को लखनऊ मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान मौत हो गई। रविवार देर शाम शव गांव पहुंचने के बाद सोमवार को परिजनों ने जेल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने दुबहा बाजार-नरायनपुर कला संपर्क मार्ग पर शव रखकर प्रदर्शन किया। जेल में बंदी रामगणेश पाल की मौत हुई है। वह कटरा बाजार के भगहरिया पूरे मितई के रहने वाला था। परिजनों के मुताबिक, जेल में तबीयत खराब होने पर रामगणेश को पहले जिला अस्पताल लाया गया था। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उन्हें लखनऊ मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। वहां उपचार के दौरान मौत हो गई। मौत के कारणों और जेल में इलाज के दौरान हुई प्रक्रिया की जांच की मांग को लेकर परिजनों ने प्रदर्शन किया। सूचना पर कौड़िया थानाध्यक्ष शशि कुमार राणा और कटरा बाजार थानाध्यक्ष अजय कुमार तिवारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने परिजनों को समझाने का प्रयास किया। थानाध्यक्ष कौड़िया ने बताया कि रामगणेश के खिलाफ वर्ष 2019 में रिपोर्ट दर्ज हुई थी। वह करीब तीन महीने पहले जेल गया था। वहीं, कटरा बाजार के पूर्व सपा विधायक बैजनाथ दुबे ने भी मौके पर पहुंचकर जानकारी ली।