अयोध्या: अयोध्या जिले की मिल्कीपुर तहसील क्षेत्र में गेट गिराए जाने की कार्रवाई से नाराज भारतीय किसान यूनियन (भानू गुट) ने सोमवार को बिरौली झाम गांव में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। पीड़िता मंजू देवी के समर्थन में सैकड़ों किसान धरने पर बैठे। किसानों का आरोप है कि बिना पूर्व सूचना के जेसीबी से गेट गिराया गया और पीड़िता के खिलाफ ही शांति भंग की कार्रवाई कर दी गई। शाम तक तहसील प्रशासन और पुलिस का कोई जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। पीड़िता मंजू देवी पत्नी स्व. राम सुमिरन के अनुसार, उन्होंने मकान के सामने पुरानी आबादी की गाटा संख्या 707 की जमीन पर सुरक्षा के लिए लोहे का गेट लगवाया था। आरोप है कि 25 जुलाई को एसडीएम मिल्कीपुर पवन कुमार शर्मा और कुमारगंज पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जेसीबी से गेट गिरा दिया। कार्रवाई के दौरान उप निरीक्षक गौरव पांडेय भी मौजूद थे। मंजू देवी ने आरोप लगाया कि एक प्रभावशाली व्यक्ति के दबाव में एकतरफा कार्रवाई करते हुए उनका ही शांति भंग में चालान कर दिया गया। उन्होंने तहसील दिवस में भी शिकायत की थी, लेकिन कार्रवाई न होने पर भाकियू से मदद मांगी। धरने का नेतृत्व प्रदेश महासचिव रमेश त्रिपाठी और जिलाध्यक्ष ईश्वरदीन यादव कर रहे हैं। भाकियू ने चेतावनी दी कि पीड़िता को न्याय मिलने और जिम्मेदारों पर कार्रवाई होने तक धरना जारी रहेगा। मामले में तहसील प्रशासन का पक्ष सामने नहीं आया है।