फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Zohran Mamdani in controversy Now he is being criticized for his old tweets of 2015 News In Hindi

विवादों में जोहरान ममदानी: अब 2015 के पुराने ट्वीट्स को लेकर हो रहे आलोचना का शिकार,समझिए पूरी बात

Mon, 07 Jul 2025 11:41 PM IST
शुभम कुमार वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन Published by: शुभम कुमार Updated Mon, 07 Jul 2025 11:41 PM IST
सार

न्यूयॉर्क के मेयर पद के उम्मीदवार जोहरान ममदानी अपने पुराने पोस्ट के चलते फिर से विवादों में आ गए हैं। उन्होंने आतंकी अनवर अल-अवलाकी की एफबीआई की तरफ से की गई गुप्त निगरानी पर सवाल उठाए थे। अब ऐसे में उनके इन बयानों पर 9/11 हमलों के पीड़ितों के परिवार और अमेरिकी सुरक्षा अधिकारियों ने कड़ी निंदा की है।

विज्ञापन
Zohran Mamdani in controversy Now he is being criticized for his old tweets of 2015 News In Hindi
जोहरान ममदानी - फोटो : एक्स/जोहरान ममदानी

विस्तार

न्यूयॉर्क सिटी में डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट मेयर पद के उम्मीदवार जोहरान ममदानी एक बार फिर विवादों में हैं। कारण है कि उनके 2015 के कुछ पुराने ट्वीट्स अब सोशल मीडिया पर सामने आए हैं, जिनमें उन्होंने अमेरिकी खुफिया एजेंसी (एफबीआई) की तरफ से आतंकवादी अनवर अल-अवलाकी की निगरानी पर सवाल उठाए थे। उन्होंने पूछा था कि क्या अमेरिकी खुफिया एजेंसियों की कार्रवाई ने अवलाकी को चरमपंथ की ओर धकेलने में भूमिका निभाई? 

विज्ञापन


ममदानी ने अपने ट्वीट में उठाए थे सवाल
अपने सोशल मीडिया पर किए गए पोस्ट में ममदानी ने कई सारे सवाल किए थे। जैसे कि एफबीआई ने अवलाकी की निजी जिंदगी की इतनी गहराई से निगरानी क्यों की, इस पर कोई गंभीर चर्चा क्यों नहीं हुई? अगर अवलाकी राज्य की आलोचना करता रहा तो क्या वह एफबीआई पर भरोसा कर सकता था कि वे उसकी निगरानी की जानकारी सार्वजनिक नहीं करेंगे? क्या उसकी निगरानी की जानकारी ने उसे अल-कायदा की ओर नहीं मोड़ा? और इससे निगरानी नीति की प्रभावशीलता पर क्या सवाल उठते हैं?
विज्ञापन


ये भी पढ़ें:- यमन: हूती विद्रोहियों का दावा- जिस मालवाहक जहाज को लाल सागर में बनाया था निशाना, वह पूरी तरह डूब गया

विज्ञापन
विज्ञापन

बता दें कि ममदानी ने उस समय ये भी लिखा था कि अमेरिकी सरकार की निगरानी के कारण ही अल-अवलाकी ने अल-कायदा का रुख किया हो सकता है। ऐसे में अब उनके इन पुराने ट्वीट्स को लेकर 9/11 हमले के पीड़ितों के परिवारों और अमेरिकी अधिकारियों ने तीखी आलोचना की है।


9/11 हमले पीड़ितों और अधिकारियों की आलोचना
ममदानी के पुराने ट्वीट्स पर विवाद सामने आने के बाद 9/11 हमले में पीड़ित और अधिकारियों ने जमकर इसकी आलोचना की। मामले में अमेरिका के पूर्व सांसद और हाउस होमलैंड सिक्योरिटी कमिटी के चेयरमैन पीटर किंग ने कहा कि अमेरिका को अल-अवलाकी के लिए दोष देना वैसा ही है जैसे हिटलर के लिए यहूदियों को दोष देना। पीटर ने कहा कि ममदानी आतंकियों को जायज ठहरा रहे हैं।


वहीं दूसरी ओर FDNY के पूर्व लेफ्टिनेंट जिम मैककैफ्री, जिसने रिश्तेदार इस हमले में मारे गए थे, उन्होंने कहा कि ममदानी का बयान न केवल पीड़ितों बल्कि सभी अमेरिकियों का अपमान है। उन्होंने कहा कि एफबीआई अपना काम कर रही थी, और ममदानी उन्हें ही दोष दे रहे हैं।

ये भी पढ़ें:- पाकिस्तान: आशूरा पर खाना बांटने पर ईशनिंदा के आरोप में अहमदिया गिरफ्तार, 7 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया

कौन था अनवर अल-अवलाकी?
गौरतलब है कि अनवर अल-अवलाकी अमेरिका के न्यू मैक्सिको में जन्मा एक मुस्लिम मौलवी था, जिसके माता-पिता यमनी थे। वह अमेरिका में कई मस्जिदों में इमाम रह चुका था। 9/11 हमले के बाद, उस पर तीन आतंकियों से संबंध होने का शक हुआ, और FBI ने उस पर नजर रखना शुरू किया। जांच के दौरान पता चला कि पारिवारिक मूल्यों की बात करने वाला यह मौलवी गुपचुप तरीके से यौन वर्कर्स से भी मिलता था। इतना ही नहीं एक रिपोर्ट के अनुसार, 2007 से 2011 के बीच अमेरिका में आतंकवाद के जितने भी मामले दर्ज हुए, उनमें लगभग 25% मामलों में अल-अवलाकी के अनुयायियों का हाथ था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed