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World Updates: चीन की कोयला खदान में बड़ा गैस विस्फोट, आठ की मौत; दर्जनों मजदूर अब भी जमीन के नीचे फंसे
Sat, 23 May 2026 03:29 AM IST
हिमांशु सिंह चंदेल
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Published by: हिमांशु सिंह चंदेल
Updated Sat, 23 May 2026 03:29 AM IST
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- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
अमेरिका में डेमोक्रेट और रिपब्लिकन सांसदों के एक समूह ने यूक्रेन और पूर्वी यूरोप के सहयोगी देशों को सुरक्षा सहायता भेजने में हो रही देरी पर ट्रंप प्रशासन को घेरा है। सांसदों ने रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ को पत्र भेजकर 60 करोड़ डॉलर की सहायता राशि जल्द जारी करने की मांग की है। इसमें यूक्रेन के लिए 40 करोड़ डॉलर और एस्टोनिया, लातविया तथा लिथुआनिया के रक्षा कार्यक्रमों के लिए 20 करोड़ डॉलर शामिल हैं। सांसदों ने चेतावनी दी कि और देरी होने पर रूस को रोकने की क्षमता कमजोर हो सकती है। कई रिपब्लिकन सांसद भी ट्रंप प्रशासन की यूक्रेन नीति से नाराज दिखाई दिए। सांसदों ने कहा कि चार साल से रूसी हमलों का सामना कर रहे यूक्रेन को लगातार अमेरिकी समर्थन की जरूरत है।
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कोलंबिया में जमीन विवाद बना खूनी संघर्ष, सात की मौत के बाद सेना तैनात
कोलंबिया के दक्षिण-पश्चिमी इलाके सिल्विया में दो आदिवासी समुदायों के बीच जमीन विवाद हिंसक हो गया। इस संघर्ष में कम से कम सात लोगों की मौत हो गई जबकि 100 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। हालात बिगड़ने के बाद सरकार ने 500 से अधिक सैनिकों और हवाई सहायता को इलाके में तैनात किया है। संघर्ष मिसाक और नासा आदिवासी समूहों के बीच हुआ, जो एक ही जमीन पर अपना दावा करते हैं। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार कार्यालय ने भी मामले पर चिंता जताते हुए शांति बनाए रखने की अपील की है। इलाके में पूर्व फार्क विद्रोही गुटों समेत कई अवैध सशस्त्र संगठन सक्रिय हैं, जिससे तनाव और बढ़ गया है।
कोलंबिया के दक्षिण-पश्चिमी इलाके सिल्विया में दो आदिवासी समुदायों के बीच जमीन विवाद हिंसक हो गया। इस संघर्ष में कम से कम सात लोगों की मौत हो गई जबकि 100 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। हालात बिगड़ने के बाद सरकार ने 500 से अधिक सैनिकों और हवाई सहायता को इलाके में तैनात किया है। संघर्ष मिसाक और नासा आदिवासी समूहों के बीच हुआ, जो एक ही जमीन पर अपना दावा करते हैं। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार कार्यालय ने भी मामले पर चिंता जताते हुए शांति बनाए रखने की अपील की है। इलाके में पूर्व फार्क विद्रोही गुटों समेत कई अवैध सशस्त्र संगठन सक्रिय हैं, जिससे तनाव और बढ़ गया है।
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तुर्किये की विपक्षी पार्टी में बढ़ा सत्ता संघर्ष, अदालत के फैसले से सियासत गरमाई
तुर्किए की मुख्य विपक्षी पार्टी सीएचपी में नेतृत्व संकट गहरा गया है। अंकारा की अपील अदालत ने 2023 में हुए पार्टी सम्मेलन को रद्द कर दिया, जिसमें ओजेल को नया अध्यक्ष चुना गया था। अदालत के फैसले के बाद पूर्व अध्यक्ष कीमेल को अंतरिम रूप से फिर जिम्मेदारी दी गई है। विपक्ष ने इस फैसले को राजनीतिक साजिश बताया है। दूसरी ओर तुर्किये के राष्ट्रपति एर्दोआन की सरकार का कहना है कि अदालत स्वतंत्र रूप से काम कर रही है। यह फैसला ऐसे समय आया है जब इस्तांबुल के मेयर और एर्दोआन के प्रमुख प्रतिद्वंद्वी एक्रेम पहले से भ्रष्टाचार मामले में जेल में हैं।
तुर्किए की मुख्य विपक्षी पार्टी सीएचपी में नेतृत्व संकट गहरा गया है। अंकारा की अपील अदालत ने 2023 में हुए पार्टी सम्मेलन को रद्द कर दिया, जिसमें ओजेल को नया अध्यक्ष चुना गया था। अदालत के फैसले के बाद पूर्व अध्यक्ष कीमेल को अंतरिम रूप से फिर जिम्मेदारी दी गई है। विपक्ष ने इस फैसले को राजनीतिक साजिश बताया है। दूसरी ओर तुर्किये के राष्ट्रपति एर्दोआन की सरकार का कहना है कि अदालत स्वतंत्र रूप से काम कर रही है। यह फैसला ऐसे समय आया है जब इस्तांबुल के मेयर और एर्दोआन के प्रमुख प्रतिद्वंद्वी एक्रेम पहले से भ्रष्टाचार मामले में जेल में हैं।
गलत तरीके से निर्वासित व्यक्ति को कोर्ट से राहत, मानव तस्करी का मामला खारिज
अमेरिका की एक अदालत ने किल्मार अब्रेगो गार्सिया के खिलाफ मानव तस्करी से जुड़े आरोपों को खारिज कर दिया है। गार्सिया का मामला तब चर्चा में आया था जब उन्हें गलती से अल सल्वाडोर निर्वासित कर दिया गया था। अदालत ने माना कि उनके खिलाफ की गई कार्रवाई ‘प्रतिशोधात्मक’ हो सकती है। जज क्रेनशॉ ने कहा कि अगर गार्सिया ने अपने निर्वासन को चुनौती देने वाला मुकदमा नहीं जीता होता तो सरकार उनके खिलाफ यह मामला नहीं लाती। गार्सिया पर आरोप था कि वह अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे लोगों को वाहन से ले जाने के बदले पैसे लेते थे। हालांकि 2022 में ट्रैफिक जांच के दौरान पुलिस ने उन्हें केवल चेतावनी देकर छोड़ दिया था। ट्रंप प्रशासन अब भी उन्हें किसी तीसरे देश भेजने की तैयारी में है।
अमेरिका की एक अदालत ने किल्मार अब्रेगो गार्सिया के खिलाफ मानव तस्करी से जुड़े आरोपों को खारिज कर दिया है। गार्सिया का मामला तब चर्चा में आया था जब उन्हें गलती से अल सल्वाडोर निर्वासित कर दिया गया था। अदालत ने माना कि उनके खिलाफ की गई कार्रवाई ‘प्रतिशोधात्मक’ हो सकती है। जज क्रेनशॉ ने कहा कि अगर गार्सिया ने अपने निर्वासन को चुनौती देने वाला मुकदमा नहीं जीता होता तो सरकार उनके खिलाफ यह मामला नहीं लाती। गार्सिया पर आरोप था कि वह अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे लोगों को वाहन से ले जाने के बदले पैसे लेते थे। हालांकि 2022 में ट्रैफिक जांच के दौरान पुलिस ने उन्हें केवल चेतावनी देकर छोड़ दिया था। ट्रंप प्रशासन अब भी उन्हें किसी तीसरे देश भेजने की तैयारी में है।
चीन की कोयला खदान में धमाका
चीन के उत्तरी शांक्सी प्रांत में एक कोयला खदान में हुए गैस विस्फोट में कम से कम आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि 38 मजदूर अब भी भूमिगत फंसे हुए हैं। सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार यह हादसा शुक्रवार शाम चांगझी शहर स्थित लियूशेनयू कोयला खदान में हुआ।
रिपोर्ट के मुताबिक हादसे के समय खदान में करीब 247 मजदूर मौजूद थे, जिनमें से 201 को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। विस्फोट के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने लापता मजदूरों को बचाने के लिए हरसंभव प्रयास करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही उन्होंने हादसे की जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है। शांक्सी प्रांत चीन का प्रमुख कोयला उत्पादन क्षेत्र माना जाता है। पिछले साल यहां करीब 1.3 अरब टन कोयले का उत्पादन हुआ था, जो चीन के कुल उत्पादन का लगभग एक-तिहाई है।
चीन के उत्तरी शांक्सी प्रांत में एक कोयला खदान में हुए गैस विस्फोट में कम से कम आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि 38 मजदूर अब भी भूमिगत फंसे हुए हैं। सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार यह हादसा शुक्रवार शाम चांगझी शहर स्थित लियूशेनयू कोयला खदान में हुआ।
रिपोर्ट के मुताबिक हादसे के समय खदान में करीब 247 मजदूर मौजूद थे, जिनमें से 201 को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। विस्फोट के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने लापता मजदूरों को बचाने के लिए हरसंभव प्रयास करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही उन्होंने हादसे की जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है। शांक्सी प्रांत चीन का प्रमुख कोयला उत्पादन क्षेत्र माना जाता है। पिछले साल यहां करीब 1.3 अरब टन कोयले का उत्पादन हुआ था, जो चीन के कुल उत्पादन का लगभग एक-तिहाई है।