World: ईरान-अमेरिका के बीच अगली परमाणु वार्ता स्थगित; पाकिस्तानी एफएम स्टेशनों ने भारतीय गानों का प्रसारण बंद
ईरान और अमेरिका के बीच इस सप्ताह के अंत में होने वाली परमाणु वार्ता स्थगित हो गई है। ओमान ने गुरुवार को यह जानकारी दी। ओमानी विदेश मंत्री बदर अल-बुसैदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा, लॉजिस्टिक कारणों से शनिवार 3 मई को होने वाली अमेरिका-ईरान बैठक स्थगित हो रही है। नयी तिथियों की घोषणा आपसी सहमति से जल्द की जाएगी। बता दें कि अल-बुसैदी अब तक तीन दौर की हो चुकी वार्ता में मध्यस्थता की भूमिका निभा रहे हैं। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाघई ने कहा, ओमान के विदेश मंत्री के अनुरोध पर वार्ता स्थगित हो गई है। उन्होंने कहा कि ईरान एक निष्पक्ष और स्थायी समझौते पर पहुंचने के लिए प्रतिबद्ध है।
बेलारूस ने अमेरिकी नागरिक को किया रिहा
बेलारूस ने बुधवार को अमेरिकी नागरिक वकील युरास जियानकोविच को रिहा कर दिया। उसके पास बेलारूस और अमेरिका की दोहरी नागरिकता थी। युरास को बेलारूस के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर लुकाशेंको के खिलाफ तख्तापलट की साजिश रचने सहित कई आरोपों में दोषी ठहराया गया था। सितंबर 2022 में उसे 11 साल की सजा सुनाई गई। जिसके बाद से वह जेल में बंद था।
डोमिनिकन गणराज्य के दौरे पर रूसी विदेश मंत्री लावरोव
रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव बुधवार (स्थानीय समयानुसार) को आधिकारिक दौरे पर डोमिनिकन गणराज्य पहुंचे। लावरोव के दौरे से रूस को डोमिनिकन गणराज्य में अपना पहला दूतावास खोलने की उम्मीद है। लावरोव ने डोमिनिकन विदेश मंत्री रॉबर्टो अल्वारेज के साथ बंद कमरे में मुलाकात की। उन्होंने कहा कि रूस डोमिनिकन गणराज्य के साथ अपने व्यापारिक और आर्थिक संबंधों को और मजबूत करने की योजना बना रहा है। लावरोव ने बताया कि उन्होंने संयुक्त राष्ट्र में सुधार और दुनिया में बढ़ते बहुध्रुवीय व्यवस्था के निर्माण पर भी चर्चा की। हालांकि, उन्होंने इस बारे में ज्यादा जानकारी नहीं दी। इस बीच, अल्वारेज ने कहा कि बातचीत का मुख्य विषय हैती में चल रहा गंभीर राजनीतिक, सुरक्षा और मानवीय संकट और उसका डोमिनिकन गणराज्य पर असर था। हैती और डोमिनिकन गणराज्य हिस्पानियोला द्वीप साझा करते हैं।
बुर्किना फासो में कथित तख्तापलट की कोशिश के बाद जुंटा के समर्थन में रैली
बुर्किना फासो की राजधानी औगाडौगू में बुधवार को हजारों लोगों ने सड़कों पर निकलकर सैन्य जुंटा और उसके नेता कैप्टन इब्राहिम ट्रोरे के समर्थन में रैली निकाली। यह रैली उस समय हुई जब कुछ दिन पहले तख्तापलट की कोशिश की खबरें सामने आई थीं और एक अमेरिकी अधिकारी ने ट्रोरे की आलोचना की थी। पिछले हफ्ते पश्चिमी अफ्रीकी देश की सैन्य सरकार ने कहा था कि उसने जुंटा नेता ट्रोरे को सत्ता से हटाने की एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया है। सेना का दावा है कि यह साजिश पड़ोसी देश आइवरी कोस्ट में रची गई थी। इस महीने की शुरुआत में, अफ्रीका में अमेरिकी सेना के प्रमुख जनरल माइकल लैंगली ने कहा था कि ट्रोरे देश के सोने के भंडार का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे आम लोगों को नुकसान हो रहा है।
ब्रिटेन-अमेरिका का हूती विद्रोहियों पर हवाई हमला
ब्रिटेन-अमेरिका ने यमन के हूती विद्रोहियों को निशाना बनाकर हवाई हमले किए। अधिकारियों ने कहा, यह पहली बार है जब अमेरिका के नए अभियान ‘ऑपरेशन रफ राइडर’ में ब्रिटेन की सेना आई है। अभियान 15 मार्च से जारी है, जिसके तहत अब तक 800 से अधिक हमले किए जा चुके हैं। ब्रिटिश रक्षा मंत्रालय के अनुसार, यह हमला सना के दक्षिण में किया गया, जहां हूती विद्रोही ड्रोन तैयार करते थे। इनका इस्तेमाल समुद्री हवाई हमलों में होता था।
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मनीला पुलिस ने बताया कि उत्तरी फिलीपींस में गुरुवार को एक तेज रफ्तार यात्री बस ने हाईवे टोल बूथ पर खड़े वाहनों की कतार में टक्कर मार दी, जिसमें बच्चों समेत कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि मनीला के उत्तर में स्थित टारलैक शहर में मई दिवस की छुट्टी के दिन भारी यातायात के समय हुई कई वाहनों की टक्कर में दो दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए।
टारलैक पुलिस प्रमुख लेफ्टिनेंट कर्नल रोमेल सैंटोस ने संवाददाताओं को बताया कि घायलों में शामिल बस चालक को हिरासत में ले लिया गया है और उसने शुरू में जांचकर्ताओं को बताया कि दुर्घटना से कुछ समय पहले उसे नींद आ गई थी। बस ने एक वैन को टक्कर मार दी, जो टोल बूथ पर तीन अन्य वाहनों के साथ खड़ी थी। पुलिस ने बताया कि मृतकों में बच्चों समेत दस लोग वैन में सवार थे, जो पीछे से आ रही बस और सामने खड़ी एक अन्य कार के बीच फंस गई थी। पुलिस ने बताया कि भीषण गर्मी में दोपहर के समय हुई इन टक्करों में एक कार सवार दंपति की मौत हो गई। घायलों में कई बस यात्री भी शामिल हैं। सुरक्षा और यातायात नियमों के खराब क्रियान्वयन, खराब वाहनों और लापरवाही से वाहन चलाने के कारण फिलीपींस में वाहन दुर्घटनाएं आम बात हैं।
ब्रिटेन में भारतीय समुदाय के लोग बड़ी संख्या में एकत्रित हुए और उन्होंने लंदन में भारतीय उच्चायोग के बाहर खालिस्तानी और पाकिस्तानी प्रदर्शनकारियों के एक समूह द्वारा आयोजित विरोध प्रदर्शन का विरोध करते हुए भारत के प्रति एकजुटता और समर्थन दिखाया। भारतीय प्रवासियों ने आतंकवाद की निंदा करते हुए नारे लगाए और जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हाल ही में हुए आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की।
#WATCH लंदन: ब्रिटेन में भारतीय समुदाय के लोग बड़ी संख्या में एकत्रित हुए और उन्होंने लंदन में भारतीय उच्चायोग के बाहर खालिस्तानी और पाकिस्तानी प्रदर्शनकारियों के एक समूह द्वारा आयोजित विरोध प्रदर्शन का विरोध करते हुए भारत के प्रति एकजुटता और समर्थन दिखाया।
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 1, 2025
भारतीय प्रवासियों ने… pic.twitter.com/jSRU6BnDm0
बांग्लादेश की अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना के प्रवासी बेटे साजिब वाजेद जॉय ने बांग्लादेश में अपने करीबी परिवार के सदस्यों की संपत्ति जब्त करने की तीखी आलोचना करते हुए कहा कि यह भ्रष्टाचार के किसी सबूत के बिना किया गया। उनकी यह प्रतिक्रिया बुधवार को ढाका की एक अदालत द्वारा हसीना परिवार के पांच सदस्यों की और संपत्ति और जमीन जब्त करने के आदेश के बाद आई है।
पूर्व प्रधानमंत्री पिछले साल 5 अगस्त को छात्रों के नेतृत्व में हुए बड़े आंदोलन के बाद भारत भाग गई थीं, जिसके कारण उनकी 15 साल पुरानी सरकार गिर गई थी। तीन दिन बाद, मुहम्मद यूनुस ने अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार के रूप में कार्यभार संभाला। ढाका मेट्रोपॉलिटन सीनियर स्पेशल जज मोहम्मद जाकिर हुसैन द्वारा जब्ती के आदेश जारी करने के कुछ घंटे बाद जॉय ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "यूनुस की तानाशाही के तहत बांग्लादेश की अदालतों ने मेरे परिवार की विरासत में मिली संपत्तियों को जब्त करने का कदम उठाया है।'
साजिब वाजेद जॉय, जो संयुक्त राज्य अमेरिका में रहते हैं और पहले अपनी मां की सरकार में आईसीटी मामलों के सलाहकार के रूप में काम कर चुके हैं, ने विशेष रूप से सुधा सदन की जब्ती की निंदा की, "यह घर मेरे पिता ने दशकों पहले बनवाया था जिसे इस (यूनुस) शासन के तहत आतंकवादियों ने लूट लिया और जला दिया'।
पहलगाम आतंकी हमले को लेकर दोनों देशों के बीच तनाव के बाद पाकिस्तानी एफएम रेडियो स्टेशनों ने गुरुवार को भारतीय गानों का प्रसारण बंद कर दिया। इस हमले में 26 लोग मारे गए थे। पीबीए के महासचिव शकील मसूद ने कहा, "पाकिस्तान ब्रॉडकास्टर्स एसोसिएशन (पीबीए) ने तत्काल प्रभाव से देश भर के पाकिस्तानी एफएम रेडियो स्टेशनों पर भारतीय गानों का प्रसारण बंद कर दिया है।"
भारतीय गाने, खासकर लता मंगेशकर, मोहम्मद रफी, किशोर कुमार और मुकेश जैसे महान गायकों के गाने पाकिस्तानियों के बीच लोकप्रिय हैं और यहां के एफएम रेडियो स्टेशनों पर रोजाना बजाए जाते हैं। पाकिस्तान के सूचना मंत्री अत्ता तरार ने पीबीए के फैसले की सराहना की। ऐसी अटकलें लगाई जा रही थीं कि सरकार ने एसोसिएशन को दोनों देशों के बीच मौजूदा स्थिति को देखते हुए सभी एफएम रेडियो स्टेशनों पर भारतीय गानों का प्रसारण तुरंत बंद करने का निर्देश दिया है।