Exclusive News एक्सक्लूसिव खबरें
Free E-Paper फ्री में ई-पेपर पढ़ें
ऐप डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   US senate confirms indian origin jay bhattacharya as national institute of health director

NIH: भारतीय मूल के जय भट्टाचार्य बने एनआईएच के निदेशक, सीनेट ने नियुक्ति पर लगाई मुहर

Wed, 26 Mar 2025 09:41 AM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन Published by: नितिन गौतम Updated Wed, 26 Mar 2025 09:41 AM IST
सार

अमेरिकी सीनेट ने जय भट्टाचार्य को नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ का नया निदेशक बनाने की मंजूरी दे दी है। मंगलवार को इसे लेकर सीनेट में वोटिंग हुई, जिसमें जय भट्टाचार्य के नाम पर अंतिम मुहर लग गई। 

विज्ञापन
US senate confirms indian origin jay bhattacharya as national institute of health director
जय भट्टाचार्य - फोटो : एएनआई

विस्तार

अमेरिकी सीनेट ने जय भट्टाचार्य को नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ (एनआईएच) का निदेशक बनाने को अपनी मंजूरी दे दी है। मंगलवार को इसे लेकर सीनेट में मतदान हुआ और जय भट्टाचार्य 53-47 वोटों से जीत गए। इसके साथ ही डोनाल्ड ट्रंप ने जो उनकी एनआईएच पद पर नियुक्ति की थी, उस पर भी अंतिम मुहर लग गई। अमेरिका के स्वास्थ्य मंत्री रॉबर्ट एफ केनेडी ने भी जय भट्टाचार्य के नाम को मंजूरी मिलने पर खुशी जताई। 
विज्ञापन


स्वास्थ्य और रिसर्च क्षेत्र का बड़ा नाम
जय भट्टाचार्य स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी में हेल्थ पॉलिसी के प्रोफेसर हैं। साथ ही वे नेशनल ब्यूरो ऑफ इकोनॉमिक रिसर्च में रिसर्च एसोसिएट और स्टैनफोर्ड इंस्टीट्यूट ऑफ इकोनॉमिक पॉलिसी रिसर्च, स्टैनफोर्ड फ्रीमैन स्पोग्ली इंस्टीट्यूट और हूवर इंस्टीट्यूट में सीनियर फेलो के पद पर तैनात हैं। जय भट्टाचार्य स्टैनफोर्ड सेंटर फॉर डेमोग्राफी एंड इकोनॉमिक्स ऑफ हेल्थ एंड एजिंग का भी नेतृत्व करते हैं। जय भट्टाचार्य ग्रेट बेरिंगटन डिक्लेयरेशन के भी सह-लेखक हैं, इसमें जय भट्टाचार्य ने अक्तूबर 2020 में कोरोना महामारी के समय लगाए गए लॉकडाउन का विकल्प बताया था। जय भट्टाचार्य के अर्थव्यवस्था, कानूनी, मेडिकल, सार्वजनिक स्वास्थ्य और स्वास्थ्य नीतियों को लेकर जर्नल भी छप चुके हैं।  
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- USA: 35 साल से अमेरिका में रह रहे दंपति कोलंबिया निर्वासित, बच्चे हैरान-परेशान मांग रहे मदद
विज्ञापन
विज्ञापन


कोरोना महामारी में की थी लॉकडाउन की आलोचना
जय भट्टाचार्य का नाम उस समय चर्चा में आया था जब उन्होंने कोरोना महामारी के दौरान सरकार के लॉकडाउन लगाने, मास्क पहनने और कोरोना वैक्सीन का बूस्टर डोज लगाने का विरोध किया था। उनका कहना था कि लॉकडाउन का लोगों के  शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर असर पड़ेगा। इस वजह से भट्टाचार्य को आलोचनाओं का सामना भी करना पड़ा। उनके आलोचकों में डॉक्टर फ्रांसिस कॉलिंस भी शामिल हैं, डॉक्टर कॉलिंस उसी एनआईएच के पूर्व निदेशक हैं, जिसके लिए भट्टाचार्य को नियुक्त किया गया है। कोरोना से निपटने के तरीको को लेकर भट्टाचार्य जो बाइडन सरकार के मुखर आलोचक रहे। इसे लेकर उन्होंने कुछ लोगों के साथ मिलकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका भी दायर की थी। भट्टाचार्य की दलील थी कि बाइडन प्रसाशन सोशल मीडिया पर कोविड-19 को लेकर रूढ़िवादी विचारों को गलत तरीके से दबा रहा है।

ये भी पढ़ें- UK: अमेरिकी अधिकारियों की चैट लीक से डगमगाया यूरोपीय देशों का भरोसा, खुफिया जानकारी साझा करने पर उठ रहे सवाल

संबंधित वीडियो
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed