फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   US-Iran Peace Talks Trump Defends Cancelling Envoys Visit to Pakistan Says Iran Proposal Is Insufficient

Peace Talks: ट्रंप ने दूतों की पाकिस्तान यात्रा रद्द करने का किया बचाव, कहा- ईरान का प्रस्ताव काफी नहीं

Sun, 26 Apr 2026 06:38 AM IST
अमन तिवारी वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन Published by: अमन तिवारी Updated Sun, 26 Apr 2026 06:38 AM IST
सार

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ शांति वार्ता के लिए दूतों की पाकिस्तान दौरा रद्द करने का बचाव किया है। उन्होंने कहा कि ईरान का प्रस्ताव पर्याप्त नहीं था।

विज्ञापन
US-Iran Peace Talks Trump Defends Cancelling Envoys Visit to Pakistan Says Iran Proposal Is Insufficient
डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिकी राष्ट्रपति - फोटो : एक्स@WhiteHouse

विस्तार

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने दूतों की पाकिस्तान यात्रा रद्द करने के फैसले का बचाव किया है। ये दूत ईरान के साथ शांति वार्ता के लिए इस्लामाबाद जाने वाले थे। ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि ईरान ने जो प्रस्ताव दिया था, वह उम्मीदों के मुताबिक नहीं था। उन्होंने साफ किया कि ईरान ने बहुत कुछ देने की बात कही, लेकिन वह पर्याप्त नहीं था। उन्होंने यह बात तब कही जब उनसे पूछा गया कि क्या ईरान ने समृद्ध यूरेनियम पर कम से कम 20 साल के निलंबन के अमेरिकी प्रस्ताव पर बातचीत के बदले में कुछ पेशकश की थी।
विज्ञापन


ट्रंप ने पाम बीच इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर यात्रा रद्द करने की कई वजहें बताईं। उन्होंने कहा कि 18 घंटे की लंबी यात्रा बहुत थका देने वाली और महंगी है। वह खुद को एक 'किफायती व्यक्ति' मानते हैं और फिजूलखर्ची के खिलाफ हैं। ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान की तरफ से कोई बड़ा नेता बातचीत के लिए नहीं आ रहा था। वह अपने खास दूतों जेरेड कुशनर और स्टीव विटकॉफ को उन लोगों से मिलने नहीं भेज सकते जिन्हें कोई जानता तक नहीं है। उनके अनुसार, ईरान का नेतृत्व आपसी झगड़ों में फंसा हुआ है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: US-ईरान शांति वार्ता पर ग्रहण: अराघची फिर जा सकते हैं PAK, अमेरिकी दल का दौरा निरस्त; जानें ट्रंप ने क्या कहा
विज्ञापन
विज्ञापन


ट्रंप ने दावा किया कि उनके इस कड़े फैसले का तुरंत असर हुआ। जैसे ही उन्होंने यात्रा रद्द की, उसके 10 मिनट के भीतर ईरान ने एक नया और बेहतर प्रस्ताव भेज दिया। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि उनका एकमात्र मकसद यह है कि ईरान के पास परमाणु हथियार न हों। उन्होंने कहा कि यह मामला बहुत सीधा है और अमेरिका इस समय मजबूत स्थिति में है।


दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि उन्होंने युद्ध को हमेशा के लिए खत्म करने के लिए एक ठोस योजना साझा की है। उन्होंने अमेरिका की गंभीरता पर सवाल उठाए। अराघची ने इस्लामाबाद में पाकिस्तानी नेताओं के साथ बैठक की थी और अपनी मांगों की एक आधिकारिक सूची सौंपी थी। पाकिस्तान इस पूरे मामले में मुख्य मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है, लेकिन ट्रंप के इस फैसले से उसकी कोशिशों को बड़ा झटका लगा है।

युद्धविराम को आगे बढ़ाने के बारे में पूछे जाने पर ट्रंप ने कहा कि उन्होंने अभी इस पर विचार नहीं किया है। शांति समझौते के लिए 4 मई की समयसीमा तय है। ट्रंप ने अंत में कहा कि अगर ईरान बात करना चाहता है, तो उसे बस फोन करने की जरूरत है। अब आगे की बातचीत व्हाइट हाउस की शर्तों पर ही होगी।

अन्य वीडियो-
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed