फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   UNPO urges EU to designate Pakistan as violator of religious freedom

पाक की फजीहत: यूरोपीय संघ से लगाई धार्मिक स्वतंत्रता भंग करने वाले देश की सूची में डालने की गुहार

Fri, 13 Sep 2019 07:02 AM IST
देव कश्यप वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: देव कश्यप Updated Fri, 13 Sep 2019 07:02 AM IST
सार

  • यूरोपीय संघ की बैठक में यूएनपीओ (अनप्रजेंटेड नेशन एंड पीपल्स ऑर्गेनाइजेशन) के महासचिव ने उठाया मुद्दा
  • महासचिव राल्फ बुनचे ने पाकिस्तान में धार्मिक स्वतंत्रता का मुद्दा बहुत दिनों से उठता आ रहा है और यह अहम है
  • पिछले साल नबंवर में अमेरिका भी पाकिस्तान को धार्मिक स्वतंत्रता के मामलों में विशेष चिंता वाला देश नामित कर चुका है

विज्ञापन
UNPO urges EU to designate Pakistan as violator of religious freedom
Ralph Bunche - फोटो : ANI

विस्तार

यूएनपीओ (अनप्रजेंटेड नेशन एंड पीपल्स ऑर्गेनाइजेशन) के महासचिव राल्फ बुनचे ने यूरोपीय संघ से पाकिस्तान को धार्मिक स्वतंत्रता का हनन करने वाले देशों की सूची में डालने के लिए गुहार लगाई है। पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों की विकट परिस्थितियों को लेकर जेनेवा में गुरुवार को यूरोपीय संघ की बैठक में बुनचे ने यह आग्रह किया। बुनचे बैठक में पाकिस्तान और खासकर सिंध इलाके में धार्मिक स्वतंत्रता के मुद्दे पर जेनेवा में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में धार्मिक स्वतंत्रता का मुद्दा बहुत दिनों से उठता आ रहा है और यह बहुत ही महत्वपूर्ण है।

विज्ञापन


राल्फ ने अपने संबोधन में कहा कि पिछले साल नबंवर में अमेरिकी गृह विभाग ने पाकिस्तान को धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियमों के तहत विशेष चिंता वाले देश के रूप में नामित किया था। जो इसे धार्मिक स्वतंत्रता के लिहाज से भयानक देशों की श्रेणी में शामिल करता है। इसलिए पाकिस्तान में धार्मिक अतिवाद से पैदा होने वाले उत्पीड़न को नजरअंदाज नहीं कर सकते हैं।
विज्ञापन


पाकिस्तान को अपने देश में रहने वाले अल्पसंख्यकों पर नकेल कसने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निंदा की गई है। पाकिस्तान धार्मिक अल्पसंख्यकों के खिलाफ भी भेदभाव करता रहा है। यह अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा, सामूहिक हत्याओं, असाधारण हत्याओं, अपहरण, बलात्कार, इस्लाम में जबरन धर्म परिवर्तन आदि के रूप में सामने आता रहा है। पाकिस्तानी हिंदू, ईसाई, सिख, अहमदिया और शिया इस क्षेत्र में सबसे अधिक उत्पीड़ित अल्पसंख्यकों में से एक हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि यूएनपीओ को उम्मीद है कि यूरोपीय संघ इस मामले में अमेरिका से एक कदम आगे बढ़कर पाक को अंतरराष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता मानकों के भारी उल्लंघनकर्ता के रूप में मान्यता देगा। साथ ही कार्रवाई कर यह सुनिश्चित करेगा कि उसे सामान्य हालात में दी जाने वाली मदद पर अंकुश लगाया जा सके।

 

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed