{"_id":"602ad0092103fa4b966da070","slug":"tedros-adhanom-ghebreyesus-says-who-gave-emergency-use-listing-to-two-versions-of-the-oxford-and-astrazeneca-vaccine","type":"story","status":"publish","title_hn":"भारत में निर्मित कोरोना वैक्सीन को आपातकालीन उपयोग के लिए डब्ल्यूएचओ से मिली हरी झंडी","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
भारत में निर्मित कोरोना वैक्सीन को आपातकालीन उपयोग के लिए डब्ल्यूएचओ से मिली हरी झंडी
Tue, 16 Feb 2021 01:18 AM IST
देव कश्यप
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, जेनेवा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, जेनेवा
Published by: देव कश्यप
Updated Tue, 16 Feb 2021 01:18 AM IST
विज्ञापन
Tedros Adhanom Ghebreyesus
- फोटो : Twitter
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने सोमवार को ऑक्सफोर्ड और एस्ट्राजेनेका वैक्सीन के दो संस्करणों को आपातकालीन उपयोग के लिए हरी झंडी दी है। इसके साथ ही महामारी से निपटने के लिए डब्ल्यूएचओ की सहायता से दुनियाभर के देशों में लाखों खुराकें पहुंच सकेंगी।
विज्ञापन
डब्ल्यूएचओ के महानिदेशक टेड्रोस अधनोम घेब्रेसियस ने कहा कि 'आज डब्ल्यूएचओ ने ऑक्सफोर्ड और एस्ट्राजेनेका वैक्सीन के दो संस्करणों को आपातकालीन उपयोग की सूची में शामिल कर दिया है, डब्ल्यूएचओ से हरी झंडी मिलने के बाद इन टीकों को 'कोवाक्स' (COVAX) के माध्यम से विश्व स्तर पर आगे बढ़ाया जा सकेगा।'
विज्ञापन
टेड्रोस अधनोम घेब्रेसियस ने बताया कि इन टीकों में से एक कोरिया गणराज्य में एसके बायो द्वारा निर्मित है और दूसरा भारत के सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया संस्थान द्वारा निर्मित है। डब्ल्यूएचओ द्वारा एस्ट्राजेनेका और ऑक्सफोर्ड के कोविड-19 टीके को हरी झंडी मिलने के साथ ही गरीब देशों में भी इसकी खुराक पहुंचना सुनिश्चित हो पाएगा।
विज्ञापन
One of the vaccines is produced by SKBio in the Republic of Korea and the other is produced by the Serum Institute of India: Tedros Adhanom Ghebreyesus, Director-General, WHO
— ANI (@ANI) February 15, 2021